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Railway: राजधानी के खाने में बड़ी लापरवाही, बेस किचन में मिला एक्सपायर्ड खाना; 10 लाख का लगा जुर्माना
Wed, 26 Aug 2026 03:50 PM IST
राहुल संपाल
अमर उजाला ब्यूरो, कोलकाता
अमर उजाला ब्यूरो, कोलकाता
Published by: राहुल संपाल
Updated Wed, 26 Aug 2026 03:50 PM IST
सार
रेलवे प्रशासन ने कहा कि यात्रियों को परोसे जाने वाले भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता और हाइजीन से किसी भी तरह का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। बेस किचन और खाद्य आपूर्ति व्यवस्था की नियमित निगरानी की जा रही है।
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भारतीय रेलवे
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
अगर आप राजधानी जैसी प्रीमियम ट्रेन में सफर करते हैं और वहां मिलने वाले खाने को लेकर निश्चिंत रहते हैं, तो अहमदाबाद से आई यह खबर आपको हैरान कर देगी। अहमदाबाद मंडल रेलवे की विशेष टीम ने राजधानी एक्सप्रेस के लिए खाना सप्लाई करने वाले बेस किचन में अचानक छापा मारा। जांच में बड़ी मात्रा में एक्सपायर्ड यानी तारीख निकल चुकी खाद्य सामग्री मिली। यात्रियों को एक्सपायर्ड खाना परोसे जाने की इस लापरवाही पर रेलवे ने सख्त कार्रवाई की है। संबंधित खाद्य सेवा प्रदाता पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
विशेष टीम ने मारा छापा
अहमदाबाद मंडल के डीआरएम की ओर से गठित स्पेशल टीम ‘रेलवे फूड विजिलेंस फोर्स’ ने स्वर्ण जयंती राजधानी एक्सप्रेस के बेस किचन में औचक जांच की। रेलवे की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत की गई इस कार्रवाई का मकसद यात्रियों को परोसे जाने वाले खाने की गुणवत्ता और स्वच्छता की जांच करना था। लेकिन जांच के दौरान टीम को जो मिला, वह चौंकाने वाला था। बेस किचन में बड़ी मात्रा में एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री यात्रियों को परोसने के लिए रखी हुई थी।
इस दौरान 369 पैकेट एक्सपायर्ड हल्दीराम पोहा और 984 पैकेट हल्दीराम उपमा के एक्सपायर्ड मिले। इसके अलावा टीम को 24 पैकेट एक्सपायर्ड हल्दीराम छोले मसाला और 6 पैकेट एक्सपायर्ड फॉर्च्यून सूजी भी मिली। रेलवे के मुताबिक, इन सभी खाद्य पदार्थों को यात्रियों को परोसे जाने के लिए रखा गया था। एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री मिलने को गंभीर लापरवाही मानते हुए संबंधित सेवा प्रदाता के खिलाफ कार्रवाई की गई।
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रेलवे ने क्या कहा?
रेलवे प्रशासन ने कहा कि यात्रियों को परोसे जाने वाले भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता और हाइजीन से किसी भी तरह का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। बेस किचन और खाद्य आपूर्ति व्यवस्था की नियमित निगरानी की जा रही है। खाद्य सुरक्षा और निर्धारित मानकों का उल्लंघन मिलने पर संबंधित एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। रेलवे ने साफ किया है कि यात्रियों के भोजन की गुणवत्ता से जुड़े मामलों में जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। ऐसे मामलों में आगे भी औचक जांच और कार्रवाई जारी रहेगी।
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विशेष टीम ने मारा छापा
अहमदाबाद मंडल के डीआरएम की ओर से गठित स्पेशल टीम ‘रेलवे फूड विजिलेंस फोर्स’ ने स्वर्ण जयंती राजधानी एक्सप्रेस के बेस किचन में औचक जांच की। रेलवे की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत की गई इस कार्रवाई का मकसद यात्रियों को परोसे जाने वाले खाने की गुणवत्ता और स्वच्छता की जांच करना था। लेकिन जांच के दौरान टीम को जो मिला, वह चौंकाने वाला था। बेस किचन में बड़ी मात्रा में एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री यात्रियों को परोसने के लिए रखी हुई थी।
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इस दौरान 369 पैकेट एक्सपायर्ड हल्दीराम पोहा और 984 पैकेट हल्दीराम उपमा के एक्सपायर्ड मिले। इसके अलावा टीम को 24 पैकेट एक्सपायर्ड हल्दीराम छोले मसाला और 6 पैकेट एक्सपायर्ड फॉर्च्यून सूजी भी मिली। रेलवे के मुताबिक, इन सभी खाद्य पदार्थों को यात्रियों को परोसे जाने के लिए रखा गया था। एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री मिलने को गंभीर लापरवाही मानते हुए संबंधित सेवा प्रदाता के खिलाफ कार्रवाई की गई।
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रेलवे ने क्या कहा?
रेलवे प्रशासन ने कहा कि यात्रियों को परोसे जाने वाले भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता और हाइजीन से किसी भी तरह का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। बेस किचन और खाद्य आपूर्ति व्यवस्था की नियमित निगरानी की जा रही है। खाद्य सुरक्षा और निर्धारित मानकों का उल्लंघन मिलने पर संबंधित एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। रेलवे ने साफ किया है कि यात्रियों के भोजन की गुणवत्ता से जुड़े मामलों में जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। ऐसे मामलों में आगे भी औचक जांच और कार्रवाई जारी रहेगी।