ब्राह्मण विरोधी पोस्टर पर ट्विटर की सफाई, कहा- उपहार में मिला था पोस्टर
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ट्विटर के सीईओ जैक डोर्से के हाथ में ब्राह्मण विरोधी पोस्टर वाली तस्वीर वायरल होने के बाद मचे बवाल के बीच माइक्रो ब्लॉगिंग वेबसाइट ने मंगलवार को सफाई पेश की। कंपनी ने कहा, पोस्टर ट्विटर या उसके सीईओ के विचारों को प्रतिबिंबित नहीं करता।
ट्विटर ने सफाई पेश करते हुए कहा, जैक ने कुछ महिला पत्रकारों के साथ एक कार्यक्रम के तहत चर्चा की। इस दौरान उन में से एक महिला पत्रकार ने अपने दलित होने का अनुभव साझा किया और चर्चा खत्म होने के बाद जैक को यह पोस्टर उपहार में दिया।
ट्विटर ने कहा कि हम साफ करते हैं कि पोस्टर पर व्यक्त भावनाएं ट्विटर या जैक के विचारों को नहीं दर्शाती। दरअसल जिस पोस्टर को थामे हुए जैक नजर आ रहे थे उसमें लिखा था - ‘ब्राह्मण पितृसत्ता का नाश हो’। यह तस्वीर जैक के भारत दौरे के समय की है।
मोहनदास पाई ने जताई नाराजगी
इस तस्वीर को लेकर इंफोसिस के पूर्व मुख्य वित्त अधिकारी टीवी मोहनदास पाई ने नाराजगी जताई। पाई ने ट्वीट कर कहा, क्या राठौर (सूचना प्रसारण मंत्री राज्यवर्द्धन राठौर) कृपया भारतीय समुदाय के खिलाफ इस तरह घृणा फैलाने के खिलाफ कोई कार्रवाई करेंगे। उन्होंने इस ट्वीट में प्रधानमंत्री कार्यालय और कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद को भी टैग किया।