पश्चिम बंगाल: सीएम बनर्जी और पीएम मोदी की विदेश यात्राओं पर छिड़ी जुबानी जंग, TMC-BJP ने लगाए ये आरोप
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी स्पेन और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के 12 दिवसीय दौरे के बाद कोलकाता लौट आई हैं। लेकिन, एक दिन बाद रविवार को सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस और विपक्षी भाजपा के बीच इस यात्रा को लेकर जुबानी जंग छिड़ गई।
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पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी स्पेन और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के 12 दिवसीय दौरे के बाद कोलकाता लौट आई हैं। लेकिन, एक दिन बाद रविवार को सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस और विपक्षी भाजपा के बीच इस यात्रा को लेकर जुबानी जंग छिड़ गई। भगवा पार्टी ने जहां मुख्यमंत्री के दौरे का मजाक उड़ाया, वहीं तृणमूल कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश यात्रा पर सवाल उठाए।
भाजपा के वरिष्ठ नेता और विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी ने पीएम मोदी की विदेश यात्रा पर सवाल उठाने पर तृणमूल कांग्रेस पर भ्रष्टाचार के साथ मेलजोल बढ़ाने का आरोप लगाया। वहीं, तृणमूल कांग्रेस के प्रवक्ता कुणाल घोष ने पलटवार करते हुए कहा कि बनर्जी, मोदी से ज्यादा भरोसेमंद हैं।
घोष ने एक्स पर लिखा, 'प्रधानमंत्री मोदी विदेश यात्राओं पर निकले थे, जबकि मणिपुर जल रहा था। वह अमेरिका, फ्रांस और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के लिए रवाना हुए, लेकिन एक बार भी मणिपुर जाने की जहमत नहीं उठाई। हमें इस नौटंकी के लिए बख्श दो! हम सभी जानते हैं कि कौन सा नेता भरोसेमंद है और कौन नहीं!'
वह 'एक्स' पर अधिकारी की उस पोस्ट पर प्रतिक्रिया दे रहे थे, जिसमें कहा गया था- 'जिन लोगों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश यात्राओं और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की विदेश में छुट्टियां मनाने के बीच तुलना करने की कोशिश की है, मैं उनको अंतर बताता हूं कि उनकी रणनीतिक यात्राओं का मकसद दुनिया में 'देश का गौरव बढ़ाना' था, जबकि मुख्यमंत्री की यात्रा भ्रष्टाचार से भरी हुई थी।
अधिकारी ने कहा कि प्रधानमंत्री की रणनीतिक यात्राओं ने पहले हमारे देश को एक ऐसे देश के रूप में पहचाने जाने की नींव रखी, जिसे अब 'विश्व मित्र' के रूप में माना जा रहा है, जो गर्व से एक सफल जी 20 की मेजबानी कर सकता है। दूसरी ओर मौजूदा शासन और पश्चिम बंगाल में सत्तारूढ़ तोलामूल पार्टी के भ्रष्टाचार के साथ मेलजोल को देखते हुए मुख्यमंत्री की यात्रा/छुट्टी के बाद केवल एक चीज जो हासिल की जा सकती है, वह है जी 420 का सफल जमावड़ा।
अधिकारी ने रविवार को पत्रकारों से कहा, 'जब पश्चिम बंगाल में डेंगू की स्थिति चिंताजनक रूप ले रही थी, तब मुख्यमंत्री प्रकोप की परवाह किए बिना विदेश में छुट्टियां मनाने चली गईं। इस बीच वह एक निरर्थक यात्रा से लौटी हैं, डेंगू की स्थिति बदतर हो गई है।'
शनिवार शाम करीब सात बजे हवाईअड्डे पर उतरीं बनर्जी ने कहा कि वह खुश हैं क्योंकि वह पश्चिम बंगाल के लिए कुछ कर सकती हैं। उन्होंने कहा, यह एक बहुत अच्छी यात्रा थी। मैंने अपने जीवन में इतना सफल दौरा कभी नहीं देखा। मुझे खुशी है कि मैं बंगाल के लिए बहुत कुछ कर सकी। उन्होंने यह भी कहा, बैठकों का आयोजन फिक्की और इंडियन चैंबर ऑफ कॉमर्स द्वारा किया गया था। प्रमुख समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए गए।
ममता बनर्जी स्वास्थ्य जांच के लिए एसएसकेएम अस्पताल पहुंचीं
स्पेन और दुबई के 12 दिवसीय दौरे से लौटने के एक दिन बाद पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी रविवार शाम को स्वास्थ्य जांच के लिए यहां सरकारी एसएसकेएम अस्पताल गईं। एक अधिकारी ने बताया कि एसएसकेएम अस्पताल के वुडबर्न ब्लॉक में चिकित्सकों ने ममता बनर्जी की जांच की। वह नियमित जांच के लिए यहां आई थीं।
सूत्रों के मुताबिक, ममता बनर्जी के पैर में कुछ समस्या है। साल की शुरुआत में वे घायल हो गई थीं, जब वह खराब मौसम के कारण सेवोके हवाई पट्टी पर आपातकालीन लैंडिंग करने वाले हेलीकॉप्टर से उतर रही थीं। इस दौरान मुख्यमंत्री के बाएं घुटने में चोट लग गई थी और उनकी माइक्रोसर्जरी की गई थी।