Nagpur Violence: 'यहां कभी सांप्रदायिक दंगे नहीं हुए, लोग उकसावे में न आएं', नागपुर हिंसा पर बोले अबू आजमी
सपा विधायक अबू आजमी ने कहा कि मुझे बहुत दुख है कि नागपुर में सभी लोग सद्भावना के साथ रह रहे थे। यहां पहले कभी सांप्रदायिक दंगे नहीं हुए, वहां इस बार इतनी बड़ी घटना हुई है। कई लोग घायल हुए हैं। मैं बस इतना कहना चाहता हूं कि लोग किसी के उकसावे में न आएं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
नागपुर हिंसा को लेकर लगातार सियासी बयानबाजी जारी है। वहीं सपा विधायक अबू आजमी ने लोगों से शांति की अपील की है। अबू आजमी ने कहा कि मुझे बहुत दुख है कि नागपुर में सभी लोग सद्भावना के साथ रह रहे थे। यहां पहले कभी सांप्रदायिक दंगे नहीं हुए, वहां इस बार इतनी बड़ी घटना हुई है। कई लोग घायल हुए हैं। मैं बस इतना कहना चाहता हूं कि किसी के उकसावे में न आएं। मैं सभी से शांति बनाए रखने और देश की प्रगति के लिए काम करने की अपील करता हूं।
#WATCH | Mumbai, Maharashtra | On the Nagpur incident, Samajwadi Party MLA Abu Azmi says, "I am regretful and deeply saddened that Nagpur, where everyone was living with harmony, communal riots never occurred earlier, has witnessed such a major incident this time. Several people… pic.twitter.com/ShdikDabGz
— ANI (@ANI) March 18, 2025विज्ञापन
औरंगजेब की कब्र को लेकर महाराष्ट्र में शुरू हुआ विवाद सोमवार को हिंसक हो गया था। मध्य नागपुर में एक समुदाय की पवित्र पुस्तक जलाने की अफवाह फैलने के बाद लोगों ने पुलिस पर पथराव कर दिया था। इसके बाद दंगाइयों ने चार गाड़ियों में आग लगा दी और दो दर्जन से अधिक गाड़ियों में तोड़फोड़ की। दो पोकलेन मशीनों में भी आग लगा दी गई। स्थानीय निवासियों के घरों पर पथराव किया गया।
ये भी पढ़ें: Nagpur Violence: सीएम फडणवीस ने घायल पुलिसकर्मी से की बात; उद्धव बोले- डबल इंजन सरकार विफल, इस्तीफा दें
सीएम से पूछा जाए कि हिंसा के पीछे कौन: उद्धव
नागपुर हिंसा पर शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने कहा कि मैं मुख्यमंत्री नहीं हूं, न ही मैं गृह मंत्री हूं, मुख्यमंत्री से पूछिये कि इस हिंसा के पीछे कौन है? क्योंकि वहां आरएसएस का मुख्यालय है। यहां डबल इंजन की सरकार है, अगर डबल इंजन की सरकार विफल हो गई है, तो उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए। आप चाहें तो औरंगजेब की कब्र हटा सकते हैं, लेकिन इस दौरान चंद्रबाबू नायडू और नीतीश कुमार को बुलाएं।
आजमी ने औरंगजेब को बताया था 'महान प्रशासक'
इससे पहले सपा विधायक अबू आजमी ने कहा था कि सारा गलत इतिहास दिखाया जा रहा है। औरंगजेब ने कई मंदिर बनवाए...औरंगजेब क्रूर नहीं था।' एक समाचार चैनल के साथ इंटरव्यू में सपा नेता ने कहा था, 'मैंने औरंगजेब के बारे में जितना पढ़ा है, उसने कभी भी जनता का पैसा अपने लिए नहीं लिया, उसका शासन बर्मा (वर्तमान म्यांमार) तक फैला हुआ था, उस समय देश को सोने की चिड़िया कहा जाता था। उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि वह एक महान प्रशासक थे, उसकी सेना में कई हिंदू कमांडर थे।'
ये भी पढ़ें: औरंगजेब कब्र विवाद पर विधान परिषद में हंगामा, डिप्टी सीएम शिंदे बोले- यह हमारे इतिहास पर धब्बा
कहां से शुरू हुआ था विवाद
औरंगजेब की कब्र को लेकर ताजा विवाद मराठा साम्राज्य के संस्थापक छत्रपति शिवाजी महाराज के सबसे बड़े बेटे छत्रपति संभाजी महाराज पर केंद्रित एक बॉलीवुड फिल्म छावा से पैदा हुआ है। इस फिल्म का निर्देशन लक्ष्मण उतेरकर ने किया है। इसमें संभाजी के जीवन, राज्याभिषेक और मुगल साम्राज्य, खासकर औरंगजेब के खिलाफ संघर्ष को दिखाया गया है। विकी कौशल ने फिल्म में संभाजी की भूमिका निभाई है, जबकि रश्मि मंदाना ने उनकी पत्नी येसुबाई भोंसले की भूमिका निभाई है। फिल्म में अक्षय खन्ना ने औरंगजेब की भूमिका निभाई है।
संबंधित वीडियो
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.