Terrorism: पन्नू ने करतारपुर और राजस्थान सीमा पर जुटाया हथियारों का जखीरा! किसान आंदोलन को भड़काने की साजिश
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विस्तार
किसान आंदोलन को भड़काने के लिए खालिस्तानी आतंकी पन्नू ने बड़ा प्लान तैयार किया है। गुरपतवंत सिंह पन्नू ने टेक्स्ट मैसेज के माध्यम से अपने समर्थकों को न सिर्फ हथियार उठाने के लिए उकसाया है, बल्कि पाकिस्तान से लगते हुए पंजाब और राजस्थान के बॉर्डर पर हथियारों के उपलब्ध कराने का पूरा प्लान भी बताया है। केंद्रीय खुफिया एजेंसियों को मिली जानकारी के मुताबिक शांतिपूर्वक आंदोलन करने वाले किसानों के बीच कुछ ऐसे तत्वों के प्रवेश करने का पूरा खाता तैयार किया गया है, जिससे माहौल बिगड़े। फिलहाल केंद्रीय खुफिया एजेंसी की नजर इस पूरे मामले में लगी हुई है।
केंद्रीय खुफिया एजेंसियों से जुड़े सूत्रों के मुताबिक गुरपतवंत सिंह पन्नू ने अपनी विचारधारा से प्रभावित लोगों को मोबाइल पर टेक्स्ट मैसेज भेजना शुरू किया है। सूत्रों के मुताबिक इन संदेशों में भारतीय सुरक्षा बलों से मुकाबला करने के लिए हथियारों को उठाने के लिए उकसाया गया है। केंद्रीय खुफिया एजेंसी को मिली जानकारी के मुताबिक पन्नू ने खालिस्तानी समर्थकों से करतारपुर से हथियार एकत्र कर आगे बढ़ाने की खतरनाक साजिश का खुलासा किया है। इसके अलावा राजस्थान के बॉर्डर से भी हथियारों के जखीरे को माहौल खराब करने वालों को उपलब्ध कराने की खतरनाक साजिश का पता चला है। इस मामले पर नजर रखने वाले अधिकारियों का कहना है कि पन्नू ने इस खतरनाक साजिश को तब आगे बढ़ाया है, जब देश में किसान आंदोलनरत हैं।
इस पूरे मामले की जानकारी मिलते ही न सिर्फ केंद्रीय खुफिया एजेंसियां सतर्क हो गईं, बल्कि बॉर्डर इलाके से लेकर खालिस्तान समर्थकों की गतिविधियों पर नजर बढ़ा दी गई है। इस पूरे मामले में नजर रखने वाली एजेंसी से जुड़े सूत्रों का कहना है कि पन्नू ने माहौल बिगाड़ने के लिए पाकिस्तान बॉर्डर से हथियारों के उपलब्ध कराए जाने का पूरा रोड मैप भी तैयार किया था। केंद्रीय खुफिया एजेंसियों को मिली जानकारी के मुताबिक पन्नू ने किसान आंदोलन के दौरान ऐसी साजिश रची, जिससे माहौल बिगड़े। खुफिया एजेंसियों से जुड़े सूत्रों की मानें तो पाकिस्तान की ओर से जिस तरह किसान आंदोलन में प्रतिक्रियाएं दी जा रही हैं, उससे खालिस्तानी आतंकी पन्नू की साजिश को बॉर्डर से मदद मिलने की संभावनाएं दिखती हैं। हालांकि सुरक्षा एजेंसियों के चाक चौबंद व्यवस्था से उसके मंसूबे कामयाब नहीं होंगे। फिर भी पूरी सावधानी बरती जा रही है।
केंद्रीय खुफिया एजेंसी से जुड़े सूत्रों का कहना है कि दुनिया के अलग-अलग हिस्सों से खालिस्तान समर्थकों ने किसान आंदोलन में जबरदस्ती अपना एजेंडा आगे बढ़ाने का पूरा प्लान बनाया है। इसके लिए बाकायदा पन्नू ने अमेरिका, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया और पाकिस्तान के सोशल मीडिया अकाउंट्स से एक नैरेटिव बनाने का प्लान शुरू किया था। केंद्रीय खुफिया एजेंसियों को ऐसे सैकड़ों सोशल मीडिया अकाउंट्स की जानकारी मिली, जो दुनिया के अलग-अलग देशो से शांतिपूर्वक चल रहे किसान आंदोलन के बीच में माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रहे थे। इस पूरे मामले पर नजर रखने वाली एजेंसी से जुड़े सूत्रों के मुताबिक पन्नू ने जिस तरह से हथियारों का जिक्र कर खतरनाक मंसूबे को आगे बढ़ाया है, उस पर पहले से ही नजर तो रखी ही जा रही है, बल्कि उन लोगों पर भी खास नजर रखी जा रही है, जो आंदोलन को शांतिपूर्वक नहीं चलने देना चाह रहे हैं।