फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Tamil Nadu Assembly Political Clash: TVK and DMK Face Off Over Airport Project, Who Targeted Whom?

तमिलनाडु विधानसभा में सियासी घमासान: एयरपोर्ट प्रोजेक्ट को लेकर टीवीके और द्रमुक आमने-सामने, किसने किसे घेरा?

Tue, 25 Aug 2026 07:07 PM IST
हिमांशु सिंह चंदेल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चेन्नई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चेन्नई Published by: हिमांशु सिंह चंदेल Updated Tue, 25 Aug 2026 07:07 PM IST
सार

तमिलनाडु विधानसभा में मंगलवार को प्रस्तावित परंदूर एयरपोर्ट परियोजना को लेकर सत्तारूढ़ तमिलगा वेत्री कझगम (टीवीके) और विपक्षी द्रमुक के बीच तीखी जुबानी जंग देखने को मिली। बहस के दौरान दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर गंभीर राजनीतिक आरोप लगाए और व्यक्तिगत तंज भी कसे। मामला इतना बढ़ा कि चर्चा की मांग खारिज होने के बाद द्रमुक ने सदन से वॉकआउट कर दिया। आइए, विस्तार से जानते हैं कि तमिलनाडु की सियासत क्यों घमासान मचा हुआ है?

विज्ञापन
Tamil Nadu Assembly Political Clash: TVK and DMK Face Off Over Airport Project, Who Targeted Whom?
द्रमुक ने लॉटरी दामाद कहकर क्या पलटवार किया? - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

परंदूर एयरपोर्ट परियोजना पर चर्चा के दौरान तमिलनाडु के कानून मंत्री निर्मल कुमार ने कथित तौर पर लाभ उठाने वालों का जिक्र करते हुए जी स्क्वायर दामाद शब्द का इस्तेमाल किया। वहीं लोक निर्माण मंत्री आधव अर्जुन ने आरोप लगाया कि एक खास राजनीतिक दल से जुड़े रियल एस्टेट कारोबारियों ने एयरपोर्ट की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट यानी डीपीआर सामने आने से पहले ही परंदूर के आसपास बड़े पैमाने पर जमीन खरीद ली थी। उन्होंने दावा किया कि एक कंपनी ने भी इलाके में जमीन खरीदकर रियल एस्टेट गतिविधियां की थीं।

विज्ञापन

द्रमुक ने लॉटरी दामाद कहकर क्या पलटवार किया?

टीवीके सरकार की ओर से परंदूर के बजाय किसी दूसरे स्थान पर नया अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट बनाने की योजना सामने आने के बाद द्रमुक ने भी पलटवार किया। द्रमुक विधायक थंगम तेनारासु ने सवाल उठाया कि नया एयरपोर्ट किस ‘लॉटरी दामाद’ के लिए बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी भी उसी भाषा में जवाब दे सकती है। इस तरह एयरपोर्ट का मुद्दा सीधे राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप में बदल गया।

विज्ञापन

परंदूर एयरपोर्ट परियोजना क्यों रद्द की गई?

  • मुख्यमंत्री विजय ने परंदूर परियोजना को रद्द करने के पीछे किसानों और स्थानीय लोगों पर पड़ने वाले असर को प्रमुख कारण बताया है। 
  • उन्होंने कहा कि वह एयरपोर्ट के खिलाफ किसानों और प्रभावित लोगों के साथ मजबूती से खड़े रहे। टीवीके ने सत्ता में आने पर परियोजना रद्द करने का वादा भी किया था।
  • विज्ञापन
    विज्ञापन
  • अब सरकार ऐसा नया स्थान तलाश रही है, जहां कृषि भूमि और घरों को कम से कम नुकसान हो। इसके लिए विशेषज्ञों की मदद से कई संभावित जगहों की पहचान की गई है।

 

द्रमुक ने सरकार के फैसले का विरोध क्यों किया?

द्रमुक प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने नियम 110 के तहत परंदूर परियोजना रद्द करने की घोषणा को गंभीर चिंता का विषय बताया। चर्चा की उनकी पार्टी की मांग विधानसभा अध्यक्ष ने स्वीकार नहीं की, जिसके बाद द्रमुक विधायकों ने सदन से वॉकआउट किया। विपक्ष का कहना है कि एयरपोर्ट परियोजना को लेकर सरकार को सदन में विस्तार से चर्चा करनी चाहिए थी।

नए एयरपोर्ट को लेकर कांग्रेस ने क्या कहा?

तमिलनाडु कांग्रेस ने टीवीके सरकार के परंदूर एयरपोर्ट को रद्द करने के फैसले का समर्थन किया। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बी माणिकम टैगोर ने 2022 की भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण की व्यवहार्यता रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि परंदूर के आसपास बड़ी संख्या में जलाशय थे। उनके अनुसार, परियोजना क्षेत्र का एक बड़ा हिस्सा सिंचाई टैंकों से घिरा था और करीब 201 हेक्टेयर की मानव निर्मित झील परियोजना की सीमा से केवल 1.4 किलोमीटर दूर थी। उन्होंने कहा कि जमीन के निचले और जलभराव वाले होने जैसी वजहें भी परियोजना रद्द करने के फैसले से जुड़ी हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed