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SC: समलैंगिक शादी को कानूनी मान्यता न देने के फैसले की होगी समीक्षा, सुप्रीम कोर्ट में 10 को सुनवाई

Fri, 05 Jul 2024 03:20 PM IST
काव्या मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: काव्या मिश्रा Updated Fri, 05 Jul 2024 03:20 PM IST
सार

सुप्रीम कोर्ट ने 17 अक्तूबर को समलैंगिक विवाह को कानूनी तौर पर वैधता देने से इनकार कर दिया था। इसी फैसले की समीक्षा के लिए याचिका दायर की गई थी।
 

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Supreme Court will hear on July 10 review petition seeking marriage equality same gender couple
सुप्रीम कोर्ट (फाइल) - फोटो : एएनआई

विस्तार

सुप्रीम कोर्ट 10 जुलाई को समलैंगिक विवाह को कानूनी मान्यता देने से इनकार करने वाले फैसले की समीक्षा की मांग वाली याचिका पर सुनवाई करेगा। प्रधान न्यायाधीश डी वाई चंद्रचूड़, न्यायमूर्ति संजीव खन्ना, न्यायमूर्ति हिमा कोहली, न्यायमूर्ति बी वी नागरत्ना और न्यायमूर्ति पी एस नरसिम्हा की पांच सदस्यीय संविधान पीठ पुनर्विचार याचिकाओं की सुनवाई करेगी।
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समलैंगिक विवाह को कानूनी तौर पर वैधता देने से किया था इनकार
सुप्रीम कोर्ट में पिछले साल समलैंगिक विवाह को कानूनी तौर पर वैधता देने के मामले में समीक्षा याचिका दायर की गई थी। इससे पहले कोर्ट ने 17 अक्तूबर को समलैंगिक विवाह को कानूनी तौर पर वैधता देने से इनकार कर दिया था।
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सुप्रीम कोर्ट की सीजेआई जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने 3-2 के बहुमत के फैसले से कहा था कि इस तरह की अनुमति सिर्फ कानून के जरिए ही दी जा सकती है और कोर्ट विधायी मामलों में हस्तक्षेप नहीं कर सकता। गौरतलब है कि कोर्ट ने 10 दिनों की सुनवाई के बाद 11 मई को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था।
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याचिकाकर्ताओं में से एक उदित सूद की ओर से दायर समीक्षा याचिका शीर्ष अदालत की रजिस्ट्री में दायर की गई है। समलैंगिक विवाह को कानूनी मान्यता दिए जाने का अनुरोध करने संबंधी 21 याचिकाओं पर संविधान पीठ ने सुनवाई की थी। हालांकि, प्रधान न्यायाधीश ने केंद्र, राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि समलैंगिक समुदाय के साथ भेदभाव नहीं किया जाए। 

 
 
 

 
 
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