मीम मामला: भाजपा कार्यकर्ता प्रियंका शर्मा की रिहाई में देरी पर ममता सरकार को नोटिस
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सुप्रीम कोर्ट ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का मीम कथित रूप से पोस्ट करने के आरोप में गिरफ्तार भाजपा कार्यकर्ता की रिहाई में देरी को लेकर दायर अवमानना याचिका पर पश्चिम बंगाल सरकार को नोटिस जारी किया है। दरअसल मुख्यमंत्री बनर्जी की एक विवादित तस्वीर को लेकर भाजपा युवा मोर्चा की नेता प्रियंका शर्मा को गिरफ्तार किया गया था। सुप्रीम कोर्ट ने शर्मा की रिहाई का आदेश दे दिया था। लेकिन बावजूद इसके उनकी रिहाई तुरंत नहीं हुई। कोर्ट ने चार महीने में ममता सरकार से जवाब मांगा है।
Supreme Court issues notice to West Bengal Govt on a contempt plea filed by brother of BJP Youth Wing Convenor Priyanka Sharma who was arrested for sharing a meme of Mamata Banerjee, alleging despite SC’s orders for her immediate release, she wasn't released by police immediately pic.twitter.com/BPsQENPj5i
— ANI (@ANI) July 1, 2019विज्ञापन
याचिका में आरोप लगाया गया है कि शीर्ष अदालत से जमानत मिलने के बावजूद कार्यकर्ता प्रियंका शर्मा की रिहाई में देरी की गई। प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पीठ ने प्रियंका शर्मा के भाई राजीब शर्मा द्वारा दायर अवमानना याचिका पर राज्य सरकार और अन्यों को नोटिस जारी किया है।
भाजपा युवा मोर्चा की नेता प्रियंका शर्मा को पश्चिम बंगाल पुलिस ने 10 मई को गिरफ्तार किया था। उनके खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 500 (अवमानना) और सूचना एवं प्रौद्योगिकी कानून के प्रावधानों के आरोपों में मामला दर्ज किया गया था।
तृणमूल कांग्रेस के स्थानीय नेता की शिकायत पर यह गिरफ्तारी हुई थी। शीर्ष अदालत की अवकाश पीठ ने 14 मई को प्रियंका शर्मा को तत्काल जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया था। राजीब शर्मा ने न्यायालय में दायर याचिका में आरोप लगाया है कि 14 मई के आदेश के बावजूद उनकी बहन की जेल से रिहाई में 24 घंटे से ज्यादा की देरी की गई।