फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   supreme court flags district judges pension related grievances ask center to find ways

SC: सुप्रीम कोर्ट में उठा जिला न्यायाधीशों की पेंशन का मुद्दा, केंद्र से कहा- जल्द समाधान निकालें

Thu, 08 Aug 2024 02:30 PM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: नितिन गौतम Updated Thu, 08 Aug 2024 02:30 PM IST
सार

मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि पेंशन के कई मामले काफी गंभीर हैं। कैंसर से जूझ रहे एक जिला जज का उदाहरण देते हुए मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि कई जिला न्यायाधीशों ने याचिका दायर कर पेंशन संबंधी शिकायतों को उठाया है।

विज्ञापन
supreme court flags district judges pension related grievances ask center to find ways
सुप्रीम कोर्ट - फोटो : ANI

विस्तार

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को जिला न्यायाधीशों की पेंशन संबंधी शिकायतों की याचिका पर सुनवाई की। इस दौरान मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पीठ ने केंद्र से इस मामले को जल्द सुलझाने को कहा। सुनवाई के दौरान मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ ने कहा कि हम जिला न्यायपालिका के बतौर संरक्षक होने के नाते आपसे (अटॉर्नी जनरल और सॉलिसिटर जनरल) अपील करते हैं कि इस मामले में न्यायमित्र के साथ बैठकर मुद्दे का हल निकालें। 
विज्ञापन


मुख्य न्यायाधीश ने जल्द समाधान निकालने को कहा
मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि पेंशन के कई मामले काफी गंभीर हैं। कैंसर से जूझ रहे एक जिला जज का उदाहरण देते हुए मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि कई जिला न्यायाधीशों ने याचिका दायर कर पेंशन संबंधी शिकायतों को उठाया है। मामले पर सुनवाई कर रही पीठ में मुख्य न्यायाधीश के अलावा न्यायमूर्ति जेबी पारदीवाला और न्यायमूर्ति मनोज मिश्रा भी शामिल हैं। पीठ ने कहा कि 'जिला जज को सिर्फ 15 हजार रुपये की पेंशन मिल रही है। जिला जज से आमतौर पर जज पदोन्नत होकर उच्च न्यायालय आते हैं, लेकिन वो भी 56-57 साल की उम्र में आते हैं और तब उन्हें 30 हजार रुपये महीने की पेंशन मिलती है।'
विज्ञापन


27 अगस्त को होगी अगली सुनवाई
मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि उच्च न्यायालयों के बहुत कम न्यायाधीशों को ही मध्यस्थता के मामले मिलते हैं और इसके अलावा, 60 वर्ष की आयु में वे कानूनी प्रैक्टिस भी नहीं कर सकते। केंद्र की ओर से पेश अटॉर्नी जनरल आर वेंकटरमणि और सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने जिला न्यायालय के न्यायाधीशों के पेंशन पहलुओं से संबंधित मामले पर बहस करने के लिए कुछ समय मांगा। जिसके बाद पीठ ने सुनवाई 27 अगस्त तक टाल दी। बता दें कि अखिल भारतीय न्यायाधीश संघ ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर न्यायाधीशों की पेंशन का मुद्दा उठाया। शीर्ष अदालत की न्यायालय मित्र के रूप में अदालत की सहायता कर रहे वकील के परमेश्वर ने बताया कि कई राज्यों ने न्यायिक अधिकारियों को पेंशन और अन्य सेवानिवृत्ति लाभों के बकाया भुगतान पर दूसरे राष्ट्रीय न्यायिक वेतन आयोग (एसएनजेपीसी) की सिफारिशों का अनुपालन किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed