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Politics: सावरकर पर तनाव के बीच वेणुगोपाल ने ठाकरे से मांगा समय, पवार बोले- MVA को मिलकर काम करना चाहिए
Wed, 12 Apr 2023 05:27 PM IST
शिव शरण शुक्ला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
Published by: शिव शरण शुक्ला
Updated Wed, 12 Apr 2023 05:27 PM IST
सार
मंगलवार देर रात शिवसेना नेता उद्धव ठाकरे राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) प्रमुख शरद पवार से मिलने उनके आवास पहुंचे थे। दक्षिण मुंबई के सिल्वर ओक में शरद पवार के आवास पर हुई मुलाकात के दौरान ठाकरे गुट के सांसद संजय राउत भी मौजूद रहे।
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शरद पवार और उद्धव ठाकरे
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के प्रमुख शरद पवार ने महाविकास अघाड़ी की पार्टियों से एक जुट होकर काम करने की अपील की है। उन्होंने बुधवार को कहा कि एमवीए सहयोगियों में मतभेद के बावजूद सभी को मिलजुलकर काम करना चाहिए। उनका यह बयान शिवसेना (यूबीटी) के प्रमुख और राज्य के पूर्व सीएम उद्धव ठाकरे से मुलाकात के बाद आया है। वहीं दोनों नेताओं के बीच मुलाकात और बैठक को संजय राउत ने महाराष्ट्र में बदले राजनीतिक समीकरणों के संदर्भ में सकारात्मक करार दिया। राउत ने कहा कि सभी की प्राथमिकता विपक्षी एकता को बनाए रखना है।
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मंगलवार देर रात पवार से मिलने पहुंचे थे महाराष्ट्र के पूर्व सीएम ठाकरे
गौरतलब है कि मंगलवार देर रात शिवसेना नेता उद्धव ठाकरे राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) प्रमुख शरद पवार से मिलने उनके आवास पहुंचे थे। दक्षिण मुंबई के सिल्वर ओक में शरद पवार के आवास पर हुई मुलाकात के दौरान ठाकरे गुट के सांसद संजय राउत भी मौजूद रहे।
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MVA गठबंधन के सहयोगियों के बीच एकता का मुद्दा मुख्य
कल की मुलाकात के विषय में बात करते हुए शरद पवार ने कहा कि शिवसेना (यूबीटी) नेता और महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के साथ बैठक के दौरान सहयोगियों के बीच एकता के मुद्दे पर चर्चा हुई। उन्होंने खुलासा किया कि गठबंधन की एकता के लिए कुछ कार्यक्रम तय किए गए हैं। सभी को इन कार्यक्रमों में भाग लेना चाहिए। यह वह नीति है जिस पर हम कल सहमत हुए थे।
बिना MVA सहयोगियों से चर्चा के ठाकरे ने छोड़ दिया था सीएम पद
पवार का यह ताजा बयान उनके पूर्व के एक बयान के संदर्भ में महत्वपूर्ण हो जाता है, जिसमें पवार ने कहा कि ठाकरे ने एमवीए घटकों से परामर्श किए बिना (जून 2022 में) मुख्यमंत्री पद छोड़ दिया था।
इसे भी पढ़ें- Maharashtra Politics: CM एकनाथ शिंदे का उद्धव ठाकरे पर पलटवार, पूछा- जब विवादित ढांचा गिराया गया, तब कहां थे?
केसी वेणुगोपाल ने मुलाकात के लिए ठाकरे से मांगा समय
उल्लेखनीय है कि शरद पवार और उद्धव ठाकरे के बीच मंगलवार को हुई बैठक के दौरान उद्धव गुट के सांसद संजय राउत भी मौजूद थे। उन्होंने इस मुलाकात को सकारात्मक बताया। इस दौरान राउत ने यह भी खुलासा किया कि कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने राज्य के पूर्व सीएम से मुलाकात के लिए समय मांगा है। वेणुगोपाल, कांग्रेस अध्यक्ष खरगे के प्रतिनिधि के रूप में मुलाकात करेंगे। उनकी इस मुलाकात का उद्देश्य विपक्षी एकता को बरकरार रखना है। हिंदुत्व के दिवंगत विचारक वी डी सावरकर पर राहुल गांधी की टिप्पणी के बाद कांग्रेस और शिवसेना (यूबीटी) के बीच तनावपूर्ण संबंधों के बीच ठाकरे और वेणुगोपाल के बीच संभावित बैठक होगी, जिस पर ठाकरे ने आपत्ति जताई थी।
पाटिल के बयान पर भी राउत ने किया पलटवार
इस दौरान भाजपा नेता और मंत्री चंद्रकांत पाटिल की टिप्पणी कि जब अयोध्या में विवादित ढांचा गिराया गया तब शिवसेना का एक भी कार्यकर्ता वहां नहीं था, पर पलटवार करते हुए राउत ने कहा कि ऐसा करके उन्होंने बाल ठाकरे का अपमान किया है। ऐसा करने वालों को राज्य मंत्रिमंडल में कोई जगह नहीं मिलनी चाहिए।
जेपीसी की मांग पर पवार के नरम रुख के बीच हुई बैठक
उद्धव ठाकरे और शरद पवार की मुलाकात ऐसे समय में हुई जब हाल ही में शरद पवार ने अडाणी समूह के खिलाफ लगे आरोपों की जांच संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) से कराने की जगह उच्चतम न्यायालय की एक समिति द्वारा जांच कराए जाने का समर्थन किया था। मुलाकात से पहले पवार ने कहा, राकांपा संयुक्त संसदीय समिति की जांच के लिए भाजपा विरोधी दलों की मांग से सहमत नहीं है, लेकिन विपक्षी एकता के लिए यह उनके रुख के खिलाफ नहीं जाएगी। पवार ने कहा था कि अगर जेपीसी का गठन होता है तो लोकसभा और राज्यसभा में भाजपा की संख्या को देखते हुए, सत्ता पक्ष के पैनल में 14-15 सदस्य होंगे, जबकि विपक्ष के पास पांच से छह सांसद होंगे।
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