फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Rose to occasion as Parliament was 'sacrileged': Dhankhar on suspension of MPs

Politics: सांसदों के निलंबन पर धनखड़ ने खरगे और पवार को लिखा पत्र, कहा- सदन को निष्क्रिय करना दुर्भाग्यपूर्ण

Fri, 22 Dec 2023 09:01 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: निर्मल कांत Updated Fri, 22 Dec 2023 09:01 PM IST
सार

Politics: संसद की सुरक्षा में चूक के बाद सांसदों के निलंबन पर राज्यसभा के सभापति जगदीप धनखड़ ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राकांपा प्रमुख शरद पवार को पत्र लिखा है। पत्र में उन्होंने कहा कि सदन को निष्क्रिय करना दुर्भाग्यपूर्ण और सार्वजनिक हित के खिलाफ है।

विज्ञापन
Rose to occasion as Parliament was 'sacrileged': Dhankhar on suspension of MPs
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

राज्यसभा के सभापति जगदीप धनखड़ ने विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे को एक पत्र लिखा है, जिसमें उन्होंने कहा है कि सदन को निष्क्रिय करना दुर्भाग्यपूर्ण और सार्वजनिक हित के खिलाफ है। संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान कांग्रेस नेता का उनसे मिलने से इनकार करना संसदीय प्रथाओं के अनुरूप नहीं है। पत्र में उन्होंने यह भी कहा कि वह स्वस्थ भविष्य के लिए विपक्ष के नेता के साथ बातचीत करना चाहते हैं। यह पत्र लिखे जाने की बात तब सामने आई है, जब गुरुवार को उच्च सदन को अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दिया गया है। 

विज्ञापन

कदाचार के कारण निलंबन को टाला नहीं जा सकता
धनखड़ ने राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के प्रमुख शरद पवार को भी पत्र लिखा है। पत्र में उन्होंने राज्यसभा के सभापति ने उच्च सदन से सदस्यों के निलंबन को उचित ठहराते हुए कहा कि उनके कदाचार के चरम स्तर के कारण इसे टाला नहीं जा सकता था और वह उस अवसर पर खड़े हुए थे, जब लोकतंत्र के मंदिर को अपवित्र किया गया था।

विज्ञापन
विज्ञापन

धनखड़ ने मुद्दे के राजनीतिकरण पर जताई चिंता
पत्र में धनखड़ ने संसद में सुरक्षा उल्लंघन के घटना के मुद्दे पर 'सामूहिक चिंता' दिखाने के बजाय 'राजनीतिकरण' की व्यापक धारणा पर भी अपनी पीड़ा व्यक्त की है। उन्होंने कहा, 'जब लोकतंत्र के मंदिर को अपवित्र किया गया तो निश्चित रूप से आप चिंतित वरिष्ठ सांसद के रूप में सहमत होंगे कि सभापति इस मौके पर आगे आए हैं।'

विज्ञापन

पवार ने धनखड़ को लिखा था पत्र
शरद पवार ने राज्यसभा के सभापति को पत्र लिखकर संसद में सुरक्षा में चूक पर गृह मंत्री अमित शाह के बयान की मांग करते हुए तख्तियां दिखाने और नारे लगाने वाले सदस्यों को सदन से निलंबित करने के मुद्दे पर उनके हस्तक्षेप की मांग की थी। पवार को लिखे पत्र में आगे कहा गया है कि आपके और अन्य नेताओं में इस मुद्दे के राजनीतिकरण की व्यापक धारणा है और सामूहिक चिंता से निपटने के लिए सामूहिक संकल्प को प्रतिबिंबित करने की जरूरत से पूरी तरह से दूर है। 

 

राकांपा प्रमखु शरद पवार ने 19 दिसंबर को राज्यसभा के सभापति को पत्र लिखा था और उसी दिन पत्र का जवाब दिया गया था। धनखड़ ने कहा,'अत्यधिक कदाचार और सभापति के निर्देशों की लगातार अवहेलना के कारण सदस्यों को निलंबित किया जा सकता है।' 


वहीं, राज्यसभा में विपक्ष के नेता खरगे ने भी धनखड़ को पत्र खरगे ने भी धनखड़ को पत्र लिखालिखा है। पत्र में उन्होंने लिखा, 'मैं आपका ध्यान इस ओर दिलाना चाहता हूं कि संसद की सुरक्षा में सेंध के मुद्दे के समाधान के लिए राज्यसभा के नियमों और प्रक्रिया के प्रासंगिक नियमों के तहत कई नोटिस दिए गए थे। विपक्षी दल इस मामले पर सार्थक चर्चा के लिए तैयार थे। मैं खुली चर्चा और बातचीत के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराना चाहता हूं। मैं इन चिंताओं को रचनात्मक रूप से संबोधित करने के लिए निकट भविष्य में पारस्परिक रूप से सुविधाजनक तारीख और समय पर आपके साथ एक बैठक में शामिल होने के लिए तैयार हूं।'

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed