RG Kar Case: संदीप घोष के करीबी डॉक्टर से आज भी CBI करेगी पूछताछ; ताला के एक सब-इंस्पेक्टर को भी किया तलब
डॉ. बिरुपाक्ष बिस्वास और अविक डे आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष के करीबी बताए जाते हैं। इन दोनों से ही एक दिन पहले भी सीबीआई ने पूछताछ की थी।
विस्तार
पश्चिम बंगाल में प्रशिक्षु महिला डॉक्टर की दुष्कर्म के बाद हत्या के मामले को एक महीना से अधिक समय बीत चुका है। देशभर में अभी भी नाराजगी है। डॉक्टर लगातार विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। वहीं, इस मामले में सीबीआई लगातार सख्ती बरत रही है। वह सच्चाई सामने लाने की पुरजोर कोशिश कर रही है। इस मामले में दो और डॉक्टर सीबीआई की जांच के घेरे में आ गए हैं। आज लगातार दूसरे दिन डॉ. बिरुपाक्ष बिस्वास से पूछताछ की जाएगी। बिस्वास सीबीआई की विशेष अपराध शाखा के कार्यालय पहुंच चुके हैं। वहीं, सीबीआई ने ताला पुलिस स्टेशन के एक सब-इंस्पेक्टर को भी तलब किया है।
#WATCH | RG Kar rape and murder case | West Bengal: Dr Birupaksha Biswas arrives at CBI Special Crime Branch office in Kolkata for the second consecutive day today. CBI special crime branch has also summoned one sub-inspector of Tala police station today. pic.twitter.com/NxdsC51dRz
— ANI (@ANI) September 22, 2024विज्ञापन
घोष के करीबी माने जा रहे दोनों डॉक्टर
बता दें, डॉ. बिरुपाक्ष बिस्वास और अविक डे आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष के करीबी बताए जाते हैं। इन दोनों से ही एक दिन पहले भी सीबीआई ने पूछताछ की थी। दोनों शनिवार को सॉल्ट लेक इलाके के सीजीओ कॉम्प्लेक्स ऑफिस में सीबीआई के सामने पेश हुए थे।
घटनास्थल पर थे मौजूद
दरअसल, ये दोनों ही डॉक्टर नौ अगस्त को आरजी कर के आपातकालीन भवन की तीसरी मंजिल पर स्थित सेमिनार कक्ष में कथित रूप से देखे गए थे, जब जूनियर डॉक्टर का शव वहां पर मौजूद था। जबकि इन लोगों का वहां जाने का कोई आधिकारिक कार्यक्रम नहीं था। ऐसे में इनसे वहां जाने की वजह के बारे में पूछा गया।
ये दोनों ही डॉक्टर बर्दवान मेडिकल कॉलेज में तैनात थे। ऐसे में सीबीआई यह जानना चाहती थी कि ये दोनों वारदात वाले दिन आरजी कर अस्पताल में क्या कर रहे थे? वारदात के बाद संदीप घोष उनसे क्या बात कर रहे थे? इसके साथ ही सीबीआई ने पूछा कि कोलकाता पुलिस ने डॉ. अविक को फॉरेंसिक एक्सपर्ट के तौर पर क्यों पेश किया?
अलग-अलग हुई थी पूछताछ
अधिकारी ने शनिवार को बताया था, 'आज सुबह पूछताछ शुरू हुई। आरजी कर अस्पताल मामले के संबंध में प्रत्येक डॉक्टर से अलग-अलग पूछताछ की गई। दोनों से नौ अगस्त को अस्पताल में उनकी उपस्थिति के बारे में भी पूछताछ की गई, जबकि उनका कोई आधिकारिक कार्यक्रम नहीं था, साथ ही अन्य सवाल भी पूछे गए।'
कथित तौर पर छात्रों को धमकाया
बिस्वास को हाल ही में पश्चिम बंगाल स्वास्थ्य विभाग ने बर्दवान मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल से दक्षिण 24 परगना जिले के सुदूर काकद्वीप अस्पताल में स्थानांतरित किया था। सीबीआई अधिकारी ने बताया था कि बिस्वास कथित तौर पर मेडिकल कॉलेजों में सक्रिय ‘उत्तर बंगाल लॉबी’ का हिस्सा हैं और उन्हें नौ अगस्त को आरजी कर अस्पताल में देखा गया था। उसी दिन महिला प्रशिक्षु चिकित्सक का शव अस्पताल के सेमिनार हॉल में मिला था। बता दें, पश्चिम बंगाल के चिकित्सक सरकारी चिकित्सा प्रतिष्ठानों में तैनात चिकित्सकों और अधिकारियों के एक समूह को ‘उत्तर बंगाल लॉबी’ कह रहे हैं जिन्होंने कथित तौर पर छात्रों को धमकाया था।
बिस्वास और दो अन्य चिकित्सकों अविक डे एवं रंजीत साहा के खिलाफ पश्चिम बंगाल के विभिन्न मेडिकल कॉलेज एवं अस्पतालों में छात्रों को कथित रूप से धमकाने के आरोप में बहुबाजार पुलिस थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
क्या है मामला?
गौरतलब है, आरजी कर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के सेमिनार कक्ष में नौ अगस्त को प्रशिक्षु डॉक्टर का शव मिला था। घटना के विरोध में देशव्यापी प्रदर्शन हो रहे हैं। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर इस सिलसिले में कोलकाता पुलिस के नागरिक स्वयंसेवक संजय रॉय को गिरफ्तार किया था। फुटेज में रॉय तड़के सुबह चार बजकर तीन मिनट पर सेमिनार कक्ष की ओर जाता दिखा था। तनाव बढ़ता देख कलकत्ता हाईकोर्ट ने 13 अगस्त को जांच सीबीआई को सौंप दी थी। उसके बाद सीबीआई ने मेडिकल कॉलेज के पूर्व प्रधानाचार्य संदीप घोष और उनके कथित तीन सहयोगियों को भी गिरफ्तार कर लिया था।