Biparjoy: तट से 40 किमी दूर फंसे तेल रिग कर्मियों के लिए संकटमोचक बना कोस्टगार्ड, 50 लोगों को सुरक्षित निकाला
Biparjoy Cyclone: भारतीय तटरक्षक ने मंगलवार को बताया कि उत्तर-पश्चिम टीम ने आईसीजी एएलएच हेलीकॉप्टर और जहाज की मदद से तेल रिग की सिंगापुर में काम कर रहे 50 कर्मियों को बाहर निकाला है। सोमवार की पूरी रात सात बार में सभी कर्मियों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया जा सका।
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गुजरात के पास अरब महासागर में चक्रवाती तूफान बिपरजॉय के कारण भारतीय तटरक्षक लोगों को पहले ही सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने के लिए लगातार काम कर रहा है। सोमवार रात भी कोस्ट गार्ड ने द्वारका तटरेखा से 40 किलोमीटर दूर स्थित तेल खदान से 50 कर्मियों को रेस्क्यू कर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया है।हाई अलर्ट पर हैं सभी टीमें
भारतीय तटरक्षक ने मंगलवार को बताया कि उत्तर-पश्चिम टीम ने आईसीजी एएलएच हेलीकॉप्टर और जहाज की मदद से तेल रिग की सिंगापुर में काम कर रहे 50 कर्मियों को बाहर निकाला है। सोमवार की पूरी रात सात बार में सभी कर्मियों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया जा सका। हेलीकॉप्टर और जहाज ने समुद्र की खराब स्थिति और खराब मौसम का मुकाबला किया और सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया जा सका। गार्ड्स ने बचाव कार्यों के लिए एमके-तीन और एएलएच हेलीकॉप्टर की मदद ली थी। इसके अलावा अन्य टीमें भी हाई अलर्ट पर थी। द्वारका में तैनात एनडीआरएफ टीम के कमांडर वेद प्रकाश ने कहा कि गुजरात में चक्रवात बिपरजॉय के कारण एहतियातन एनडीआरएफ की एक टीम को यहां तैनात किया गया है। गांधीनगर से भी एक टीम को द्वारका भेजा गया है। चक्रवात के कारण अलग-अलग प्रकार की आपातकालीन स्थिति पैदा होती हैं। हम हर प्रकार की परिस्थिति से निपटने के लिए मुस्तैद हैं।
125-135 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) की ताजा बुलेटिन के मुताबिक, बिपरजॉय उत्तर-उत्तर पूर्व की तरफ तेजी से बढ़ रहा है। उम्मीद है कि 15 जून तक बिपरजॉय गुजरात के सौराष्ट्र, कच्छ, मांडवी और पाकिस्तान के कराची तक पहुंच जाएगा। उस वक्त हवाएं 125-135 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी, जो 150 किलोमीटर प्रति घंटे तक भी पहुंच सकती हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि बिपरजॉय के कारण 15 जून को कच्छ जिले के जखाऊ बंदरगाह के पास लैंड फॉल भी हो सकता है।
कच्छ पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने कच्छ पहुंचकर मंगलवार को चक्रवात बिपरजॉय से निपटने की तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने कहा, "भारत सरकार, राज्य सरकार, वायु सेना, नौसेना, तटरक्षक, आपदा प्रबंधन की टीम सभी आपस में समन्वय बना रही है। इस चक्रवात का प्रभाव कम से कम हो, जनहानि कम हो, उसको ध्यान में रखते हुए कई सारे कदम उठाए गए हैं। 0-10 किमी तक के तटीय रेखा क्षेत्र से लोगों को बाहर निकाला जा रहा है।"