राम मंदिर भूमिपूजन पर पाकिस्तान को भारत की खरी-खरी, आतंकी देश हमें न समझाए
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राम मंदिर के लिए भूमि पूजन के बाद भव्य राम मंदिर की आधारशिला रखी जा चुकी है। ऐसे में भारत में होने वाली हर गतिविधि पर बयानबाजी करने वाले पाकिस्तान ने एक बार फिर अपनी नापाक हरकत दोहराई है। पाकिस्तान ने राम मंदिर को लेकर टिप्पणी की। जिसके बाद गुरुवार को विदेश मंत्रालय ने उसे आईना दिखाया और उसकी टिप्पणियों को अफसोसजनक बताया।
विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तान की राम मंदिर निर्माण पर की गई टिप्पणी पर कहा, 'हमने भारत के आंतरिक मामले में इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ पाकिस्तान के बयान को देखा है। उसे भारत के मामलों में दखल देने और सांप्रदायिकता को शह देने से बचना चाहिए।'
While this is not a surprising stance from a nation that practices cross border terrorism and denies its own minorities their religious rights, such comments are nevertheless deeply regrettable: Ministry of External Affairs (MEA) https://t.co/kGQezrT0xE
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) August 6, 2020
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने कहा, सीमा-पार आतंकवाद में संलिप्त एक देश का यह रुख आश्चर्यजनक नहीं है। वो अपने ही अल्पसंख्यकों को उनके धार्मिक अधिकारों से वंचित करता है। उसकी इस तरह की टिप्पणियां बेहद अफसोसजनक हैं। पाकिस्तान को भारत के मामलों में हस्तक्षेप करने से दूर रहने को भी कहा ।
इमरान के मंत्री का बयान
गौरतलब है कि पाकिस्तान ने बुधवार को राम मंदिर के भूमिपूजन और शिलान्यास की आलोचना की थी। अपने बयानों से हमेशा से विवादों में रहने वाले इमरान खान सरकार में रेल मंत्री शेख रशीद ने मोदी सरकार की आलोचना करते हुए उसे सांप्रदायिक बताया था। रशीद ने कहा, भारत अब राम नगर हो गया है। वहां सेक्युलरिज्म नहीं रहा।
हालांकि यह पहली बार नहीं है जब रशीद ने बेतुका बयान दिया, इससे पहले भी अयोध्या मामले में सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद रशीद ने कहा था कि भारत में अब हिंदूवादी ताकतें हावी हो गई हैं।
मंगलवार को एक बयान में शेख रशीद ने भारत में धर्मनिरपेक्षता पर सवाल उठाए। इमरान के मंत्री ने कहा, 'भारत अब राम नगर में तब्दील हो चुका है। वहां सांप्रदायिकता बढ़ रही है और धर्मनिरपेक्षता यानी सेक्युलरिज्म खत्म हो रहा है। साफ तौर पर कहूं तो भारत अब सेक्युलर रहा ही नहीं। वहां अल्पसंख्यकों को दिक्कत हो रही है। भारत अब श्रीराम के हिंदुत्व में ढल चुका है।