'हम डरने वाले नहीं': राहुल पर केस को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष का भाजपा पर हमला; बोले- जितनी FIR करनी है कर लें
राहुल गांधी के खिलाफ हल्द्वानी शुद्धिकरण विवाद में एफआईआर दर्ज होने पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस डरने वाली नहीं है। वहीं भाजपा ने आरोपों को खारिज किया।
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कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज एफआईआर को लेकर भाजपा पर निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि दलितों और अन्य वंचित वर्गों से जुड़े मुद्दे उठाने वाले राहुल गांधी को डराने और उनका मनोबल गिराने की कोशिश की जा रही है। खरगे ने साफ कहा कि कांग्रेस ऐसे मामलों से पीछे हटने वाली नहीं है। भाजपा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस के आरोपों को खारिज किया। उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले में कोई जातिगत पहलू नहीं है। साथ ही उन्होंने कांग्रेस पर हिंदू समाज में विभाजन पैदा करने की कोशिश करने का आरोप लगाया।
राहुल गांधी पर FIR को लेकर क्या बोले खरगे?
मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि राहुल गांधी लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष हैं और संसद के भीतर तथा बाहर लगातार जनहित के मुद्दे उठाते रहे हैं। उन्होंने महंगाई, बेरोजगारी, छात्रों और महिलाओं से जुड़े सवालों के साथ दलितों की आवाज भी उठाई है। खरगे ने आरोप लगाया कि ऐसे नेता को एफआईआर के जरिए डराने या बदनाम करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस तरह की कार्रवाई से भयभीत नहीं होगी।
खरगे ने दो टूक कहा कि राहुल गांधी के खिलाफ जितनी FIR दर्ज करनी है, कर लें, कांग्रेस उनका सामना करेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि अगर दलितों के हित में काम करने के कारण राहुल गांधी को निशाना बनाया जा रहा है तो ऐसी कोशिश सफल नहीं होगी।
हल्द्वानी के ‘शुद्धिकरण’ विवाद से कैसे जुड़ा मामला?
विवाद की शुरुआत आठ अगस्त को उत्तराखंड के हल्द्वानी के रामलीला मैदान में कांग्रेस की रैली के बाद हुई। यह रैली 2027 के उत्तराखंड विधानसभा चुनाव से पहले आयोजित की गई थी। रैली के बाद दक्षिणपंथी समूह के सदस्यों ने कार्यक्रम स्थल पर ‘शुद्धिकरण’ अनुष्ठान किया था। इस घटना को लेकर कांग्रेस नेताओं ने आपत्ति जताई। खरगे ने राज्यसभा में भी यह मुद्दा उठाया और सवाल किया कि लोकतंत्र में इस तरह की प्रथा को कैसे स्वीकार किया जा सकता है। खरगे ने खुद को दलित समुदाय से बताते हुए कहा कि यह केवल उनके बारे में नहीं, बल्कि देश के दलित समुदाय से जुड़े सम्मान और अधिकार का सवाल है।
राहुल गांधी के खिलाफ FIR क्यों दर्ज हुई?
30 अगस्त को राहुल गांधी के खिलाफ उनके बयानों को लेकर एफआईआर दर्ज की गई। यह कार्रवाई वाल्मीकि समुदाय से जुड़े अमित कुमार की शिकायत के बाद हुई। शिकायत में आरोप लगाया गया कि राहुल गांधी की टिप्पणियों से अनुसूचित जाति समुदाय की भावनाएं आहत हुईं। पुलिस ने मामले में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धाराओं 3(1)(r) और 3(1)(u) के साथ भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 196 के तहत प्रावधान लगाए।
राहुल गांधी ने शुद्धिकरण अनुष्ठान पर क्या कहा था?
राहुल गांधी ने हल्द्वानी में कांग्रेस की रैली के बाद हुए शुद्धिकरण अनुष्ठान को लेकर सवाल उठाए थे। उन्होंने इसे ‘छुआछूत का दूसरा नाम’ बताया था और इसमें शामिल लोगों के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग की थी। राहुल गांधी का कहना था कि इस तरह की कार्रवाई संवैधानिक मूल्यों के खिलाफ है।
खरगे ने नड्डा को पत्र लिखकर क्या पूछा?
खरगे ने बताया कि उन्होंने बुधवार को राज्यसभा में सदन के नेता जगत प्रकाश नड्डा को पत्र लिखा है। इसमें उन्होंने सरकार की ओर से सदन में दिए गए आश्वासन पर 30 दिन से ज्यादा समय बीतने के बावजूद कार्रवाई नहीं होने का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि पत्र के जरिए उन्होंने राज्यसभा में सामने आए पूरे घटनाक्रम की जानकारी नड्डा के संज्ञान में लाई है। अब वह उनके जवाब का इंतजार कर रहे हैं।