Parliament: प्रह्लाद जोशी ने विपक्षी सांसदों पर लगाया PM का अपमान करने का आरोप, कहा- चुनाव में हार से हैं हताश
Parliament: केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा कि विपक्ष को हाल ही में हुए चुनावों में जनता ने सबक सिखाया है। जनता ने पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व को स्वीकारा है। इसकी मायूसी इनके चेहरे पर साफ दिख रही है, इसलिए ही ये सदन में ऐसा व्यवहार कर रहे हैं।
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संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने मंगलवार को लोकसभा में हंगामा करने के लिए विपक्षी सदस्यों पर निशाना साधा है। उन्होंने दावा किया कि वे हालिया विधानसभा चुनावों के परिणामों से मायूस हैं। केंद्रीय मंत्री ने विपक्षी नेताओं पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का अपमान करने का भी आरोप लगाया।
'विधानसभा चुनावों में जनता सिखाया सबक'
एक दिन पहले 33 विपक्षी सदस्यों को लोकसभा के शीतकालीन सत्र की शेष अवधि के लिए निलंबित कर दिया गया है। इसके बाद आज विपक्षी सदस्यों के जोरदार विरोध के बीच जोशी ने कहा कि लोगों ने हाल के विधानसभा चुनावों में विपक्ष को सबक सिखाया है।
चेहरे पर दिख रही हार की मायूसी: प्रह्लाद जोशी
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लोकसभा में अपनी टिप्पणी का एक वीडियो पोस्ट करते हुए उन्होंने कहा, 'विपक्ष को हाल ही में हुए चुनावों में जनता ने सबक सिखाया है। जनता ने पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व को स्वीकारा है। इसकी मायूसी इनके चेहरे पर साफ दिख रही है, इसलिए ही ये सदन में ऐसा व्यवहार कर रहे हैं। इस तरह मास्क पहन कर प्रधानमंत्री का अपमान करना निराशाजनक है। पूरा सदन इसका खंडन करता है। मेरा निवेदन है इन पर कारवाई होनी चाहिए।'
'पीएम की विरूपित तस्वीर लेकर आए विपक्षी सदस्य'
इस साल नवंबर में पांच राज्यों में हुए विधानसभा चुनावों में भाजपा ने तीन में जीत हासिल की है। जोशी ने सदन में अपनी टिप्पणी में आरोप लगाया कि विपक्षी सदस्य पीएम मोदी की विरूपित तस्वीर लेकर आए थे। उन्होंने कहा, 'मैं इसकी कड़ी निंदा करता हूं।' बाद में फारूक अब्दुल्ला, सुप्रिया सुले, डिंपल यादव और शशि थरूर सहित 49 विपक्षी सांसदों को शीतकालीन सत्र की शेष अवधि के लिए लोकसभा से निलंबित कर दिया गया। एक दिन पहले विपक्ष के 33 सांसदों को निलंबित किया गया था।
इन सांसदों को किया गया निलंबित
निलंबित किए गए सांसदों में कांग्रेस के वी वैथीलिंगम, गुरजीत सिंह औजला, सप्तगिरि शंकर उलाका, अडूर प्रकाश, मनीष तिवारी, प्रद्युत बोरदोलोई, गीता कोड़ा, फ्रांसिस्को सरदिन्हा, ज्योत्सना महंत, शशि थरूर, कार्ति चिदंबरम, रवनीत सिंह बिट्टू, के सुधाकरण, मोहम्मद सादिक, एमके विष्णु प्रसाद और प्रतिभा सिंह, जदयू के गिरिधारी यादव, राजीव रंजन सिंह, संतोष कुमार, दुलाल चंद्र गोस्वामी, चंदेश्वर प्रसाद, आलोक कुमार सुमन, दिलेश्वर कामत; नेशनल कॉन्फ्रेंस के फारूक अब्दुल्ला, हसनैन मसूदी; द्रमुक के एस जगतरक्षकन, एसआर पार्थीबन, ए गणेशमूर्ति, पी वेलुसामी, सेंथिल कुमार, एम धनुष कुमार; एनसीपी की सुप्रिया सुले, अमोल कोल्हे और पीपी मोहम्मद फैजल; आप के सुशील कुमार रिंकू; सपा की डिंपल यादव और एसटी हसन, वीसीके के टी थिरुमावलवन और बसपा के निलंबित सांसद दानिश अली शामिल हैं।
निलंबित विपक्षी सांसदों की संख्या 141 हुई
सदन की कार्यवाही स्थगित होने के बाद यह कार्रवाई की गई। विपक्षी सदस्यों ने अपनी मांगों को लेकर नारेबाजी की और तख्तियां दिखाईं। विपक्षी सदस्य 13 दिसंबर को संसद की सुरक्षा में चूक को लेकर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के बयान की मांग कर रहे हैं। लोकसभा के 49 सांसदों को निलंबित किए जाने के साथ ही दोनों सदनों से निलंबित विपक्षी सांसदों की संख्या 141 हो गई है। शीतकालीन सत्र 22 दिसंबर तक चलेगा।