मोदी के अच्छे दिन पर तंज कसना कपिल शर्मा को पड़ा महंगा, थाने पहुंची शिकायत
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मशहूर हास्य अभिनेता कपिल शर्मा अपने ही तानेबाने में उलझते नजर आ रहे हैं। मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) अधिकारियों पर घूसखोरी का आरोप लगाकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के अच्छे दिन पर तंज कसने वाले कपिल की शिकायत थाने तक पहुंच गई हैं।
असद पटेल नामक एक आरटीआई कार्यकर्ता ने उनके खिलाफ पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई है। वहीं, बीजेपी, शिवसेना ओर मनसे ने एकजुट होकर कपिल के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पुलिस को दी गई शिकायत में कपिल शर्मा पर मैंग्रोज को नष्ट करने का आरोप लगाया गया है।
आरटीआई कार्यकर्ता असद पटेल ने बताया कि शर्मा ने सरदार बल्लभ पटेल मार्ग स्थित अपने बंगले के पीछे करीब 20 फुट मैंग्रोज काटकर अवैध निर्माण किया है। इसके अलावा जागरूक मुंबईकर संस्था के निकितेश चाउबल ने भी कपिल शर्मा के अवैध निर्माण के खिलाफ बीएमसी के सहायक आयुक्त के यहां शिकायत की है।
किसी दूसरे की स्क्रिप्ट पढ़ रहे हैं कपिल
वहीं, बीजेपी विधायक राम कदम ने अल्टीमेटम दिया है कि 24 घंटे के अंदर कपिल घूसखोर का नाम बताए अन्यथा वे खुद उनके घर के सामने धरना देंगे। उन्होंने शनिवार सुबह ही कपिल शर्मा के मोबाईल पर यह संदेश भेजा है कि जिसने भी उनसे पांच लाख रूपए की मांग की है चाहे वह बीएमसी का कर्मचारी हो, मनसे का कार्यकर्ता हो या शिवसेना का। उसका नाम जाहिर करो।
दूसरी ओर, शिवसेना सांसद व प्रवक्ता संजय राऊत ने आरोप लगाया है कि वे घूसघोरी के मामले में किसी दूसरे का स्क्रिप्ट पढ़ रहे हैं। उन्होंने सवाल किया कि आखिरकार, वह किसकी स्क्रिप्ट बांच रहे हैं। कपिल शर्मा ने शुक्रवार को ट्वीटर पर प्रधानमंत्री मोदी को टैग करते हुए लिखा था कि मैं पिछले पांच सालों से 15 करोड़ रूपए टैक्स भर चुका हूं।
इसके बावजूद मुंबई में अपना आफिस बनाने के लिए बीएमसी अधिकारियों को पांच लाख रूपए घूस देना पड़ रहा है। इसके बाद उन्होंने अपने अगले ट्वीट में पीएम नरेन्द्र मोदी पर तंज कसा कि क्या ये हैं आपके अच्छे दिन।
ट्विटर पर कपिल ने अच्छे दिन की खिल्ली उड़ाई
बता दें कि बीएमसी ने कपिल शर्मा के अवैध निर्माण के खिलाफ बीते 16 जुलाई को नोटिस जारी कर काम रोकने को कहा था। लेकिन, काम नहीं रोका गया। उसके बाद 4 अगस्त को बीएमसी की टीम ने उसे गिरा दिया था।
शुक्रवार को उन्होंने ट्वीट कर पांच लाख रूपए घूस का आरोप लगाते हुए अच्छे दिन की खिल्ली उड़ाई थी। उसके बाद बीएमसी के अधिकारी ने अवैध निर्माण का खुलासा किया तो वे खुद ही आरोपो के घेरे में आ गए।
इसके बाद मनसे, शिवसेना और बीजेपी ने आरोप साबित करन ेकी धमकी दी तो उन्होंने ट्वीट कर सफाई दी कि किसी पार्टी पर भ्रष्टाचार का आरोप नहीं लगाया है बल्कि भ्रष्टाचार को लेकर अपनी चिंता जाहिर की है।