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आदिवासियों के जीवन की कीमत पर न हो संसाधनों का दोहन : पीएम
एजेंसी/नई दिल्ली
Updated Wed, 26 Oct 2016 06:59 AM IST
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pm modi
- फोटो : ANI
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को कहा कि जंगल में प्राकृतिक संसाधनों का दोहन आदिवासियों के जीवन की कीमत पर नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि जो लोग उनके अधिकारों को छीनते हैं उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
पहले राष्ट्रीय आदिवासी उत्सव का उद्घाटन करते हुए मोदी ने कहा कि अधिकतर प्राकृतिक संसाधन जंगल वाले इलाकों में हैं, जहां आदिवासी लोग रहते हैं। ऐसे में विकास के लिए खनिजों का दोहन इस तरह नहीं किया जाना चाहिए जिससे कि उनका हित प्रभावित हो।
पीएम ने कहा कि लौह अयस्क, कोयला आदि की जरूरत है लेकिन इनका खनन आदिवासियों की कीमत पर नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा किसी को भी आदिवासियों के हित को छीनने की अनुमति नहीं मिलनी चाहिए।
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उन्होंने कहा कि पहले खनिज पदार्थों के खनन से वहां रहने वाले आदिवासी लोगों को कोई लाभ नहीं मिलता था लेकिन अब सेस लगाने की नीति से इकट्ठा धन इलाके में आधारभूत संरचना और सुविधाओं के विकास पर खर्च होता है जिससे आदिवासी लोगों को लाभ होता है।
उन्होंने कहा कि सरकार अब खनन में उच्च तकनीक को बढ़ावा देने की योजना पर काम कर रही है जिससे कि पर्यावरण को ज्यादा नुकसान न हो।
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पहले राष्ट्रीय आदिवासी उत्सव का उद्घाटन करते हुए मोदी ने कहा कि अधिकतर प्राकृतिक संसाधन जंगल वाले इलाकों में हैं, जहां आदिवासी लोग रहते हैं। ऐसे में विकास के लिए खनिजों का दोहन इस तरह नहीं किया जाना चाहिए जिससे कि उनका हित प्रभावित हो।
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पीएम ने कहा कि लौह अयस्क, कोयला आदि की जरूरत है लेकिन इनका खनन आदिवासियों की कीमत पर नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा किसी को भी आदिवासियों के हित को छीनने की अनुमति नहीं मिलनी चाहिए।
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उन्होंने कहा कि पहले खनिज पदार्थों के खनन से वहां रहने वाले आदिवासी लोगों को कोई लाभ नहीं मिलता था लेकिन अब सेस लगाने की नीति से इकट्ठा धन इलाके में आधारभूत संरचना और सुविधाओं के विकास पर खर्च होता है जिससे आदिवासी लोगों को लाभ होता है।
उन्होंने कहा कि सरकार अब खनन में उच्च तकनीक को बढ़ावा देने की योजना पर काम कर रही है जिससे कि पर्यावरण को ज्यादा नुकसान न हो।