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पाकिस्तान: शिव मंदिर में हिंदुओं को 20 साल बाद मिली पूजा की अनुमति
एजेंसी/ पेशावर
Updated Tue, 25 Apr 2017 03:46 AM IST
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पाकिस्तान की एक अदालत ने 20 साल बाद एबटाबाद जिले स्थित एक शिव मंदिर में पाक हिंदुओं को पूजा की अनुमति दे दी है। जस्टिस अतीक हुसैन शान की अध्यक्षता में पेशावर हाईकोर्ट की पीठ ने संविधान की धारा 20 के तहत हिंदुओं को खैबर पख्तुनख्वा शिव मंदिर में पूजा अर्चना की इजाजत दी। संपत्ति विवाद के कारण मंदिर में किसी भी धार्मिक गतिविधियों पर रोक लगा दी थी।
2013 में हिंदु गैर सरकारी संगठन (एनजीओ) ने पीएचसी एबटाबाद पीठ में एक अर्जी दायर की थी कि संगठन ने लीज के जरिये संपत्ति की खरीददारी की थी। मुद्दई और एनजीओ बालमाइक सभा के प्रमुख शाम लाल ने कहा कि मंदिर 175 साल पुरानी है। ब्रिटिश शासन के दौरान इस मंदिर को गोरखा राइफल्स को सौंपा गया था ताकि हिंदु सैनिक पूजा अर्चना कर सके।
1947 में विभाजन के बाद इस मंदिर और अन्य संपत्तियों का जिम्मा बालमाइक सभा को दे दिया गया और इस पर 1960 तक बालमाइक सभा का कब्जा रहा। लेकिन इसके बाद एबटाबाद बोर्ड ने यह मंदिर समेत सभी हिंदु संपत्तियों को जब्त कर लिया।
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2013 में हिंदु गैर सरकारी संगठन (एनजीओ) ने पीएचसी एबटाबाद पीठ में एक अर्जी दायर की थी कि संगठन ने लीज के जरिये संपत्ति की खरीददारी की थी। मुद्दई और एनजीओ बालमाइक सभा के प्रमुख शाम लाल ने कहा कि मंदिर 175 साल पुरानी है। ब्रिटिश शासन के दौरान इस मंदिर को गोरखा राइफल्स को सौंपा गया था ताकि हिंदु सैनिक पूजा अर्चना कर सके।
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1947 में विभाजन के बाद इस मंदिर और अन्य संपत्तियों का जिम्मा बालमाइक सभा को दे दिया गया और इस पर 1960 तक बालमाइक सभा का कब्जा रहा। लेकिन इसके बाद एबटाबाद बोर्ड ने यह मंदिर समेत सभी हिंदु संपत्तियों को जब्त कर लिया।
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