Odisha: डिप्थीरिया संक्रमितों के नमूनों का जीनोम अनुक्रमण कराएगी सरकार, तीन जिलों में फैली बीमारी; पांच की मौत
Odisha: पिछले एक सप्ताह में रायगड़ा जिले में डिप्थीरिया के कारण कम से कम पांच लोगों की मौत हुई है। सरकार ने फैसला किया है कि वह जीवाणु के स्वरूप का पता लगाने के लिए मरीजों के नमूनों का जीनोम अनुक्रमण कराएगी।
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ओडिशा के तीन जिलों में डिप्थीरिया के मामले सामने आने के बाद सरकार ने फैसला किया है कि वह जीवाणु के स्वरूप का पता लगाने के लिए मरीजों के नमूनों का जीनोम अनुक्रमण (Genome Sequencing) कराएगी। स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने बुधवार को कहा, पिछले एक सप्ताह में रायगड़ा जिले में डिप्थीरिया के कारण कम से कम पांच लोगों की मौत हुई है।
तीन जिलों में डिप्थीरिया के मामले
स्वास्थ्य निदेशक नीलकंठ मिश्रा ने कहा, रायगड़ा जिले में डिप्थीरिया के लगभग 15 मामले, कोरापुट में एक और कालाहांडी में पांच संदिग्ध मामले सामने आए हैं। जीवाणु के स्वरूप के बारे में जानने के लिए संक्रमितों के नमूने जीनोम अनुक्रमण के लिए भेजे जाएंगे।
क्या है डिप्थीरिया?
डिप्थीरिया एक संक्रामक रोग है, जो कोरिनेबैक्टीरियम डिप्थीरिया नामक जीवाणु के कारण होता है। इससे प्रभावित होने वाले लोगों को सांस लेने और निगलने में गंभीर समस्या होती है और उनकी त्वचा पर घाव हो सकते हैं।
मिश्रा ने कहा कि रायगड़ा जिले के सभी संक्रमित मरीजों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है और फिलहाल कोई नया मामला सामने नहीं आया है। जबकि कोरापुट के मरीज का बरहामपुर के एमकेसीजी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में इलाज चल रहा है।