फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Number of smartphone users will cross 97 crore in five years cyber crime will increase rapidly

पांच साल में 97 करोड़ के पार होगी स्मार्टफोन यूजर्स की संख्या, तेजी से बढ़ेंगे साइबर अपराध!

Sun, 08 Nov 2020 06:15 PM IST
दीप्ति मिश्रा अमित शर्मा, नई दिल्ली
अमित शर्मा, नई दिल्ली Published by: दीप्ति मिश्रा Updated Sun, 08 Nov 2020 06:15 PM IST
सार

  • देश में अभी स्मार्टफोन धारकों की संख्या करीब 70 करोड़
  • करीब 38 फीसदी इंटरनेट सेवाओं का उपयोग स्मार्टफोन से हो रहा
  • स्मार्टफोन के उपयोग बढ़ने से साइबर अपराध बढ़ने की आशंका
  • साइबर अपराध पर लगाम लगाना बनेगी बड़ी चुनौती

विज्ञापन
Number of smartphone users will cross 97 crore in five years cyber crime will increase rapidly
सांकेतिक - फोटो : Unsplash

विस्तार

देश में स्मार्टफोन यूजर्स की संख्या तेजी से बढ़ रही है। वर्ष 2020 में यह बढ़कर 70 करोड़ तक पहुंच गई है और अगले पांच साल के अंदर यह संख्या 97 करोड़ को पार कर जाएगी। इंटरनेट सेवाओं के बढ़ने और स्मार्टफोन पर इंटरनेट का उपभोग बढ़ने से साइबर अपराध की घटनाओं में भी अप्रत्याशित वृद्धि हुई है। अनुमान है कि इस समय प्रति 39 सेकंड पर एक साइबर हमले को अंजाम दिया जा रहा है। आने वाले समय में साइबर अपराध किसी भी सरकार के लिए सबसे बड़ी चुनौती साबित हो सकते हैं। विशेषज्ञ साइबर हमलों से बचने के लिए अभी से तकनीकी और कानूनी बदलावों की जरूरत पर जोर दे रहे हैं।

विज्ञापन


तेजी से बढ़ रहे स्मार्टफोन यूजर्स 
स्टैटिस्टा की एक रिपोर्ट के अनुसार, देश में स्मार्टफोन ग्राहकों की संख्या लगभग 70 करोड़ (69.607 करोड़) पहुंच चुकी है। केवल एक वर्ष के अंदर यह संख्या बढ़कर 76 करोड़ के पार चले जाने का अनुमान है। वर्ष 2023 तक देश में स्मार्टफोन धारकों की संख्या 87.538 करोड़ और वर्ष 2025 तक 97.389 करोड़ हो जाने का अनुमान है।

विज्ञापन

गांवों ने शहरों को पछाड़ा 

स्मार्टफोन उपभोग के मामले में ग्रामीण क्षेत्रों ने शहरों को भी पछाड़ दिया है। सेलुलर इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, इंटरनेट और स्मार्टफोन के उपभोग के मामले मेें 2018 तक ग्रामीण क्षेत्रों में 35 प्रतिशत तक की वृद्धि दर्ज की गई है, जबकि शहरी क्षेत्रों में यह वृद्धि केवल सात फीसदी के करीब ही रही है। ग्रामीण लोग भी मोबाइल सेवाओं पर अपने बजट का लगभग 25 प्रतिशत धन खर्च कर रहे हैं, जबकि शहरी क्षेत्रों में भी यह आंकड़ा 26 प्रतिशत के आसपास ही है।

भारतीय ग्राहक इंटरनेट सेवाओं का उपयोग सबसे ज्यादा स्मार्टफोन के जरिए ही कर रहे हैं। कुल इंटरनेट सेवाओं के उपभोक्ताओं में स्मार्टफोन से इंटरनेट का इस्तेमाल करने वालों की संख्या 38 प्रतिशत से ज्यादा है। अनुमान है कि स्मार्टफोन धारकों की संख्या में वृद्धि के साथ-साथ इंटरनेट आधारित सेवाओं के ग्राहकों की संख्या भी बढ़ेगी और इसके साथ ही साइबर अपराध की घटनाओं में भी वृद्धि होगी।

ऐसे बढ़ रहे हैं अपराध 
एनसीआरबी 2019 की रिपोर्ट से संकेत मिलते हैं कि स्मार्टफोन के उपभोग के साथ-साथ साइबर अपराधों के मामलों में भी वृद्धि दर्ज की जा रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, 2018 की तुलना में 2019 में शहरी क्षेत्रों में साइबर अपराध की घटनाओं में 82 प्रतिशत तक की वृद्धि दर्ज की गई है। 2018 में साइबर अपराध की कुल 18,732 घटनाएं ही दर्ज की गई थीं, जो 2019 में बढ़कर 44546 हो गईंं। सबसे ज्यादा चिंताजनक बात यह है कि साइबर अपराध की कुल घटनाओं में 60 प्रतिशत तक का उद्देश्य फ्रॉड करना पाया गया है।


 

बड़े कानूनी बदलाव जरूरी 

साइबर कानून विशेषज्ञ एडवोकेट दर्शन कहते हैं कि अन्य अपराधों की तुलना में साइबर फ्रॉड के अपराधियों को पकड़ना इस अर्थ में बेहद मुश्किल है क्योंकि ये अपराध सुदूर क्षेत्रों से लेकर देश की सीमाओं से परे रहकर भी अंजाम दिए जाते हैं। इन जगहों पर तकनीकी-कानूनी अड़चनों की वजह से सुरक्षा एजेंसियों और सरकारों की भी पहुंच आसान नहीं होती।

वहीं, देश के अंदर होने वाले साइबर अपराधों को रोकना बहुत मुश्किल नहीं है। इंटरनेट आधारित सभी सेवाओं को लेने के लिए आधार जैसी आईडी का उपयोग अनिवार्य करके और किसी भी प्लेटफॉर्म पर फर्जी एकाउंट बनाने पर रोक लगाकर साइबर अपराधियों पर लगाम लगाई जा सकती है। इसके लिए हर बड़ी सेवाओं के लिए उनको भारत में स्टेशन बनाना अनिवार्य किया जाना चाहिए।

साइबर कानून की धाराओं को भी सख्त बनाया जाना चाहिए। अमेरिकी-यूरोपीय देश पहले ही अपने कानूनों को सख्त बना चुके हैं। यहां कई साइबर अपराध के मामलों में उम्रकैद तक की सजा दी जा सकती है जबकि भारत में अभी ऐसे कठोर कानूनों का अभाव है।   

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed