News Updates: नितिन नबीन को कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने पर गोगोई का तंज; अरुणाचल दुर्घटना में तीन और शव बरामद
अरुणाचल प्रदेश के अंजॉ जिले में एक गहरी खाई से रविवार को तीन और शव बरामद किए गए। यह वही स्थान है जहां असम के 22 मजदूरों को ले जा रहा एक मिनी-ट्रक गिर गया था। राज्य आपदा प्रबंधन सचिव दानी सालू ने एक बयान में कहा कि शुक्रवार से अब तक दुर्घटना स्थल से 21 शव निकाले जा चुके हैं। उन्होंने बताया कि सभी शवों को परिवारों को सौंप दिया गया है।
यह हादसा 8 दिसंबर की रात जिले के हयूलियांग से लगभग 40 किमी दूर हुआ था। दो दिन बाद हादसे में जिंदा बचा एकमात्र मजदूर खाई से निकलकर 10 दिसंबर की शाम को सीमा सड़क टास्क फोर्स (बीआरटीएफ) शिविर तक पहुंचा था। उसी ने अधिकारियों को हादसे की जानकारी दी थी। इसके बाद सुरक्षा बलों से राहत व बचाव अभियान चलाया था। एनडीआरएफ और सेना की संयुक्त टीम ने रविवार को सुबह 6 बजे फिर से तलाशी अभियान शुरू किया।
वयोवृद्ध कांग्रेसी नेता शमनूर शिवशंकरप्पा का 94 साल की उम्र में निधन
वयोवृद्ध वरिष्ठ कांग्रेस नेता और देश के सबसे उम्रदराज विधायक शमनूर शिवशंकरप्पा की रविवार को बंगलूरू के एक निजी अस्पताल में मौत हो गई। आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, 94 साल के शिवशंकरप्पा लंबे वक्त से उम्र संबंधी बीमारियों से जूझ रहे थे और कुछ वक्त से इलाज करवा रहे थे। वह दावणगेरे दक्षिण विधानसभा क्षेत्र से विधायक थे। वह देश में राज्य विधान सभा के सबसे उम्रदराज सदस्य थे। शिवशंकरप्पा के परिवार में कर्नाटक के खान व भूविज्ञान और बागवानी मंत्री एस एस मल्लिकार्जुन सहित तीन बेटे और चार बेटियां हैं।
उनकी बहू प्रभा मल्लिकार्जुन दावणगेरे से संसद सदस्य हैं। पूर्व मंत्री शिवशंकरप्पा ने कई दशकों तक कर्नाटक प्रदेश कांग्रेस कमेटी (केपीसीसी) के कोषाध्यक्ष के तौर पर काम किया। वह प्रभावशाली वीरशैव-लिंगायत समुदाय के सर्वोच्च निकाय अखिल भारतीय वीरशैव महासभा के अध्यक्ष थे। एक उद्योगपति के होने के साथ वह एक जाने-माने शिक्षाविद भी थे। उन्होंने अपने जीवनकाल में कई शैक्षणिक संस्थानों की स्थापना की।
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान की सुरक्षा व्यवस्था अचानक बढ़ा दी गई है। सरकार ने यह कदम खुफिया इनपुट के आधार पर उठाया है। शुक्रवार देर रात भोपाल व दिल्ली दोनों जगह पर स्थित उनके सरकारी बंगले की सुरक्षा कड़ी कर दी गई। दरअसल, केंद्रीय गृह मंत्रालय को इनपुट मिला है कि पाकिस्तानी की खुफिया एजेंसी आईएसआई शिवराज के बारे में दिलचस्पी दिखा रही है, इसी वजह से केंद्रीय गृह मंत्रालय ने मध्य प्रदेश के डीजीपी और मुख्य सचिव को एक पत्र लिखते हुए उनकी सुरक्षा बढ़ाने के निर्देश दिए।
मणिपुर में सुरक्षा बलों ने छह मिलिटेंट को किया गिरफ्तार
मणिपुर में सुरक्षा बलों ने अलग-अलग प्रतिबंधित संगठनों से जुड़े छह मिलिटेंटों को गिरफ्तार किया है, जिन पर उगाही (खूंटा वसूली) में शामिल होने का आरोप है। गिरफ्तार किए गए लोगों में दो महिलाएं भी शामिल हैं। सभी गिरफ्तारियां शनिवार को की गईं। इम्फाल ईस्ट जिले के मोइरांगकम्पु साजेब मखा लेइकैई इलाके से यूनाइटेड नेशनल लिबरेशन फ्रंट (कोइरेंग) की दो सक्रिय महिला सदस्य तखेल्लम्बम सनथोई चानु (19) और कोंगब्रैलातपम रमेशोरी देवी (19) को गिरफ्तार किया गया।
इम्फाल वेस्ट जिले के कंचीपुर इलाके से प्रेपाक (PRO) के दो सक्रिय सदस्य क्षेत्रिमायुम अबिनाश सिंह (21) और राजकुमार डैनियल सिंह (31) को गिरफ्तार किया गया। इनके पास से 9mm की पिस्तौल 12 राउंड और दो .38 कार्ट्रिज बरामद हुए।इसके अलावा, इम्फाल वेस्ट के लम्फेल सुपर मार्केट से UNLF(P) का एक सक्रिय सदस्य और बिष्णुपुर जिले के कुम्बी से PREPAK (PRO) का एक अन्य सदस्य गिरफ्तार किया गया। सुरक्षा बलों ने बताया कि सभी आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
आम आदमी पार्टी के नेता सोमनाथ भारती की पत्नी लिपिका मित्रा द्वारा केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के खिलाफ दायर आपराधिक मानहानि मामले में शनिवार को राउज एवेन्यू कोर्ट में सुनवाई हुई। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पारस दलाल की अदालत ने सुनवाई के दौरान कोर्ट गवाह मंजू बंसल की प्री-समनिंग सबूत के तहत जांच की, जिसके बाद उन्हें छुट्टी दे दी गई। कोर्ट ने मामले की आगे की प्री-समनिंग सबूत के लिए अगली तारीख 24 दिसंबर तय की है।
असम के सोनितपुर जिले में पाकिस्तान के लिए जासूसी के आरोप में वायुसेना के एक सेवानिवृत्त जवान को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने बताया कि शुरुआती जांच में आरोपी की ओर से सोशल मीडिया पर पाकिस्तानी जासूस के साथ संवेदनशील दस्तावेज व जानकारी साझा करने का खुलासा हुआ है। पुलिस ने उसका लैपटॉप व मोबाइल फोन फोरेंसिक जांच के लिए भेजा है। इनसे कुछ डाटा डिलीट किए जाने का भी पता चला है। एएसपी हरिचरण भूमिज ने बताया कि आरोपी पूर्व जूनियर वारंट ऑफिसर है। कोर्ट ने उसे पांच दिन की पुलिस हिरासत में सौंपा है।
गोवा में छह दिसंबर को बर्च बाय रोमियो लेन नाइटक्लब में भीषण आग लगने से 25 लोगों की मौत की घटना के बाद राज्यव्यापी कार्रवाई के तहत प्रशासन ने कम से कम दो नाइट क्लब को सील कर दिया है।अधिकारियों ने बताया कि उत्तरी गोवा के वागातोर तट पर अरब सागर के किनारे स्थित मशहूर नाइट क्लब कैफे सीओ2 गोवा को शनिवार को सील कर दिया गया। उससे दो दिन पहले वागातोर में ही गोया क्लब को उल्लंघनों के आरोप में बंद करा दिया गया था।
गोवा के उत्तर गोवा जिले में स्थित एक नाइटक्लब में हुए भीषण अग्निकांड की जांच तेज हो गई है। इस हादसे में 25 लोगों की मौत हो गई थी। मामले की जांच कर रही मजिस्ट्रेट जांच समिति ने शनिवार को जमीन के मूल मालिक और स्थानीय सरपंच से लंबी पूछताछ की। पुलिस के अनुसार, ‘बर्च बाय रोमियो लेन’ नामक नाइटक्लब में लगी आग को लेकर जमीन मालिक प्रदीप घाड़ी अमोनकर को समिति के सामने पेश होने के लिए समन भेजा गया था। वे दोपहर 3.30 बजे पहुंचे और रात 10.30 बजे तक उनसे सवाल-जवाब किए गए। उनके वकील ने बताया कि यह पूछताछ काफी गहन और गंभीर रही।
इसके अलावा, अरपोरा-नागोआ पंचायत के सरपंच रोशन रेडकर से भी पूछताछ की गई। उन्होंने कहा कि उन्होंने समिति के सभी सवालों के जवाब दिए हैं। सरपंच को पहले ही इस मामले में अग्रिम जमानत मिल चुकी है। इस मामले में अब तक नाइटक्लब के पांच मैनेजर और कर्मचारियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि क्लब के सह-मालिक विदेश भाग गए थे, जिन्हें थाईलैंड में हिरासत में लिया गया है।
मशहूर यूट्यूबर और राजनीतिक टिप्पणीकार सावुक्कू शंकर को चेन्नई पुलिस ने शनिवार को उनके घर से गिरफ्तार किया। इसके साथ ही शंकर की टीम के पांच अन्य सदस्यों की भी गिरफ्तारी हुई। पुलिस के मुताबिक, यह कार्रवाई एक फिल्म निर्माता की दर्ज शिकायत के आधार पर की गई।
एक पुलिस अधिकारी के मुताबिक, शंकर ने दरवाजा खोलने से मना कर दिया और पुलिस से अंदर आने से पहले उनके वकीलों से बात करने की मांग की। गिरफ्तारी से पहले शंकर ने वीडियो जारी कर मामले को झूठा बताया था। उन्होंने फिल्म निर्माता के मारपीट, दो लाख रुपये छीनने और वीडियो हटाने के लिए दबाव के आरोपों से इन्कार करते हुए कहा कि उनके खिलाफ कार्रवाई वरिष्ठ अधिकारी के इशारे पर हुई। गिरफ्तारी के दौरान शंकर ने पत्रकारों से कहा, उन्होंने मेरे घर में तोड़फोड़ की। मेरी गिरफ्तारी के पीछे राज्य सरकार का हाथ है। वह नहीं चाहती कि आने वाले विधानसभा चुनाव के दौरान सावुक्कू मीडिया काम करे।
कर्नाटक के आलंद विधानसभा क्षेत्र में 2023 के चुनाव के दौरान हुई कथित वोट चोरी की जांच कर रही विशेष जांच टीम (एसआईटी) ने चार्जशीट दाखिल कर दी है। इसमें पूर्व भाजपा विधायक, उनके बेटे और उनके करीबी सहयोगी समेत कुल सात लोगों को आरोपी बनाया गया है। यह चार्जशीट बंगलूरू की प्रथम अतिरिक्त मुख्य महानगर दंडाधिकारी अदालत में दाखिल की गई है।
मामले की जांच कर रही एसआईटी के मुताबिक, आरोपियों ने साजिश के तहत 5,994 मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाने की कोशिश की। जांच से जुड़े सूत्रों ने बताया कि चार्जशीट 22,000 से ज्यादा पन्नों की है, जिसमें मतदाता सूची से नाम हटाने के तरीके और पूरी योजना का विस्तार से जिक्र किया गया है। चार्जशीट में जिन लोगों के नाम हैं, उनमें आलंद से चार बार विधायक रहे सुभाष गुट्टेदार, उनके बेटे हर्षानंद गुट्टेदार, निजी सचिव टिप्परुद्र, कलबुर्गी के तीन डाटा सेंटर संचालक अकरम पाशा, मुकर्रम पाशा और मोहम्मद अशफाक और पश्चिम बंगाल का बापी आद्या शामिल हैं। इस मामले में सबसे पहले बापी आद्या को गिरफ्तार किया गया था।
झारखंड के जमशेदपुर शहर में हुई एक युवक की हत्या के मामले में पुलिस ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह घटना शहर के बाराद्वारी इलाके में दिसंबर की शुरुआत में हुई थी। पुलिस अधिकारियों ने शनिवार को इसकी जानकारी दी। पुलिस के अनुसार, शेखर सांडिल नामक युवक की 2 और 3 दिसंबर की दरम्यानी रात गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। यह घटना सीतारामडेरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत हुई। इस मामले में मुख्य आरोपी ने हाल ही में स्थानीय अदालत में आत्मसमर्पण किया था। पूछताछ के दौरान उसने अपने दो साथियों के नाम बताए, जिन्हें पुलिस ने शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया।
जमशेदपुर के सिटी एसपी कुमार शिवाशीष ने बताया कि आरोपियों के पास से हत्या में इस्तेमाल किया गया हथियार और एक मोटरसाइकिल भी बरामद की गई है। पुलिस की जांच में सामने आया है कि मृतक और आरोपी देव नगर इलाके में पड़ोसी थे और उनके बीच पहले से दुश्मनी चली आ रही थी। फिलहाल पुलिस इस मामले की आगे की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हत्या की साजिश कब और कैसे रची गई थी।
झारखंड के देवघर जिले से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक पिता और बेटे ने मिलकर अपने ही परिवार के सदस्य की हत्या कर दी। पुलिस ने शनिवार को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक, मृतक की पहचान नितेश नंदी के रूप में हुई है। उसका आधा जला हुआ शव 6 दिसंबर को देविपुर थाना क्षेत्र के शंकरपुर जोरिया इलाके से बरामद हुआ था। घटना के बाद पुलिस अधीक्षक सौरभ ने एक विशेष जांच टीम का गठन किया था।
जांच के दौरान मिले सबूतों के आधार पर पुलिस ने मृतक के पिता दिलीप नंदी (60) और भाई गौतम नंदी (30) को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि नितेश शराब का आदी था और अक्सर पैसों को लेकर परिवार से झगड़ा करता था। घटना वाले दिन बहस इतनी बढ़ गई कि मारपीट हो गई और दोनों ने मिलकर नितेश को पीट-पीटकर मार डाला। इसके बाद सबूत मिटाने के लिए शव को ऑटो रिक्शा में ले जाकर पेट्रोल डालकर जला दिया गया। पुलिस ने ऑटो रिक्शा भी जब्त कर लिया है।
फेडरेशन ऑफ इंडियन एयरलाइंस (एफआईए) ने हवाई अड्डे के संचालकों के संबंध में विमानन शुल्क निर्धारण के सिद्धांतों को लेकर दूरसंचार विवाद निपटान और अपीलीय न्यायाधिकरण (टीडीसैट) के एक आदेश को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है।
एफआईए ने अपनी याचिका में कहा है कि टीडीसैट ने 1 जुलाई को आदेश पारित करते समय शीर्ष अदालत की ओर से निर्देशित सीमित दायरे से बहुत आगे जाकर गंभीर त्रुटि की है। याचिका में कहा गया है कि न्यायाधिकरण ने काल्पनिक नियामक परिसंपत्ति आधार (एचआरएबी) की गणना से संबंधित मुद्दों को फिर से खोला है और उन पर पुनर्विचार किया है, जो शीर्ष अदालत के 11 जुलाई, 2022 के फैसले से पहले ही अंतिम रूप ले चुके थे।
एफआईए ने लंबित मामलों में हस्तक्षेप के लिए एक आवेदन दायर किया है, जिसमें दिल्ली और मुंबई हवाई अड्डों के दो संचालकों, डीआईएल व एमआईएल ने न्यायाधिकरण के आदेश को चुनौती दी है। याचिका में कहा गया है कि विवादित निर्णय न केवल कानूनी त्रुटियों से ग्रस्त है, बल्कि इसके गंभीर वित्तीय परिणाम भी हैं।
एचआरएबी को बढ़ाकर 4,848 करोड़ रुपये करने से डीआईएएल को अनुचित लाभ प्राप्त होता है, जिससे उचित निवेश के बिना निरंतर वसूली संभव हो पाती है। इसका भार अंत में एयरलाइंस और यात्रियों पर पड़ेगा। एफआईए की याचिका पर 16 दिसंबर को जस्टिस अरविंद कुमार और जस्टिस एनवी अंजारी की पीठ सुनवाई करेगी, जो इस विवाद की सुनवाई कर रही है।
देश के पूर्वोत्तर राज्यों को दक्षिण-पूर्व एशिया के पर्यटन सर्किट में शामिल करने के उद्देश्य से महत्वपूर्ण पहल शुरू की गई है। आसियान-भारत पर्यटन पेशेवर विनिमय कार्यक्रम 2025 गुवाहाटी में शुरू हो गया है। इसमें आसियान के 10 सदस्य देशों के 41 प्रतिनिधि भाग ले रहे। विदेश मंत्रालय के तत्वावधान में असम पर्यटन विकास निगम (एटीडीसी) की ओर से आयोजित यह कार्यक्रम 17 दिसंबर तक गुवाहाटी, काजीरंगा और नई दिल्ली में चलेगा। इसका मुख्य लक्ष्य व्यापारिक बैठकों (बीटूबी), व्यापार सत्रों और संयुक्त नेटवर्क के जरिये पूर्वोत्तर भारत को आसियान यात्रा मार्गों से जोड़ना है। प्रतिनिधिमंडल ने पहले दो दिनों में ब्रह्मपुत्र नदी पर सूर्यास्त क्रूज का आनंद लिया, जिसने असम के नदी आधारित पर्यटन को प्रदर्शित किया।
इसके बाद उद्घाटन सत्र में पूर्वोत्तर और आसियान देशों के टूर ऑपरेटरों के बीच बीटूबी बैठकें हुईं, जिससे क्षेत्रीय पर्यटन को मजबूत करने पर बल दिया गया। विदेश राज्य मंत्री पाबित्र मार्गेरिटा ने कहा कि पर्यटन क्षेत्रीय सहयोग और लोगों के बीच संबंधों को मजबूत कर सकता है। असम के पर्यटन मंत्री रणजीत कुमार दास ने राज्य की पर्यटन क्षमता को वैश्विक स्तर पर स्थापित करने के लिए इस विनिमय को महत्वपूर्ण कदम बताया। यह पहल कनेक्टिविटी सुधारने, संयुक्त विपणन और क्षेत्रीय सहयोग को बढ़ावा देने पर केंद्रित है, जिससे पूर्वोत्तर में आसियान पर्यटकों की आवाजाही बढ़ेगी।
आध्यात्मिक नेता ने पीएम मोदी को नोबेल पुरस्कार के लिए नामित करने का रखा प्रस्ताव
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नामित करने का प्रस्ताव रखते हुए आध्यात्मिक नेता अधिपेन नंदाजी बोस ने कहा कि भारत के नेतृत्व में पीएम मोदी का काम असाधारण है और इसे शांति की दृष्टि से पहचाना जाना चाहिए उन्होंने कहा कि शांति की नींव चेतना पर टिकी होती है और पीएम मोदी का नेतृत्व इसी सोच को दर्शाता है। ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र करते हुए बोस ने कहा कि जब भारत की स्थिति पूरी तरह मजबूत थी, तब भी पीएम मोदी ने संघर्ष विराम का फैसला लिया।
उनके अनुसार, बाद में यह स्पष्ट हुआ कि यह केवल भारत-पाकिस्तान का मामला नहीं था, बल्कि इसमें चीन और अन्य देश भी शामिल थे, जो भारत को लंबे युद्ध में फंसाना चाहते थे। ऐसे समय में संघर्ष विराम का फैसला लेकर पीएम मोदी ने दोनों पक्षों के नागरिकों की जान बचाई और सबसे अहम बात यह कि तीसरे विश्व युद्ध की आशंका को टाल दिया। बोस ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर ने अपना उद्देश्य पूरा किया और इसका श्रेय प्रधानमंत्री मोदी को मिलना चाहिए। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे व्यक्तिगत रूप से पीएम मोदी के नामांकन फॉर्म भरें, ताकि न केवल पीएम मोदी को, बल्कि भारत की संस्कृति और दर्शन को भी वैश्विक स्तर पर पहचान मिल सके।
#WATCH | Chennai | Proposing nomination of PM Narendra Modi for the Nobel Peace Prize, Spiritual leader Adhipen Nandhiji Bose said, "When we look into the leadership of India, we see the exemplary work done by PM Modi, which needs to be recognised from the perspective of… pic.twitter.com/Q4dk9p8AEy
— ANI (@ANI) December 13, 2025
असम में 16 साल पुराना सामूहिक हत्या मामला, एनएचआरसी से न्याय की गुहार
असम के कामरूप मेट्रोपॉलिटन जिले के जोगदल गांव में एक ही परिवार के छह लोगों की हत्या के 16 साल बाद अब एक स्थानीय संगठन ने राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) से न्याय की मांग की है। संगठन ने आयोग से इस मामले में मानवाधिकार उल्लंघन का संज्ञान लेने और निष्पक्ष जांच कराने की अपील की है। 12 दिसंबर 2009 की रात अज्ञात हमलावरों ने हरकांत डोलोई, उनकी पत्नी स्वप्ना, उनके तीन बच्चों और एक भतीजे की उनके घर में बेरहमी से हत्या कर दी थी। बताया गया कि यह हत्या इलाके में जमीन कब्जाने और वहां लग्जरी होटल बनाने से जुड़ी हो सकती है।
स्थानीय संगठन डिमोरिया विकास मंच ने एनएचआरसी अध्यक्ष न्यायमूर्ति वी. आर. राम सुब्रमण्यम को याचिका सौंपी है। मंच के मुख्य सलाहकार दिव्यज्योति मेधी ने बताया कि आयोग के एक सदस्य ने मामले को देखने का भरोसा दिया है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि उस समय की जांच कमजोर की गई और एक पूर्व मंत्री की संलिप्तता के शक के कारण सबूतों को नष्ट किया गया। यहां तक कि घटना के बाद पीड़ित परिवार का घर जला दिया गया। बाद में जांच सीआईडी को सौंपी गई और 2017 में दो पुलिस अधिकारियों को सबूत मिटाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया। इसके बाद मामला सीबीआई को सौंपा गया, लेकिन अब तक दोषियों को सजा नहीं मिली है।
पीएम मोदी से मिले कर्नाटक के सांसद
कर्नाटक के भाजपा सांसदों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। इस दौरान प्रधानमंत्री ने शासन को सही मायने में जन-केंद्रित बनाने पर जोर दिया। भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या ने कहा कि सांसद अब केंद्र सरकार की पहलों के बारे में जागरूकता फैलाने की दिशा में काम करेंगे। सूर्या ने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, प्रधानमंत्री ने हमारा हालचाल पूछा, यह बहुत ही सराहनीय था। उनके मार्गदर्शन और नेतृत्व में, हम सब मिलकर केंद्र सरकार की पहलों के बारे में जागरूकता फैलाने, उनके उचित कार्यान्वयन को सुनिश्चित करने और सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास की भावना से प्रत्येक नागरिक को उनका अधिकतम लाभ पहुंचाने के लिए काम करेंगे।
जस्टिस मीनाक्षी मदन राय को सिक्किम हाईकोर्ट का कार्यवाहक चीफ जस्टिस नियुक्त किया गया है। कानून मंत्रालय की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार, यह नियुक्ति 14 दिसंबर को निवर्तमान चीफ जस्टिस बिस्वनाथ सोमाद्दर के सेवानिवृत्त होने के बाद प्रभावी होगी।
जस्टिस मीनाक्षी के पास लंबा अनुभव है, जिसमें कार्यवाहक चीफ जस्टिस के तौर पर पहले के कार्यकाल भी शामिल हैं। उन्होंने 2018, 2019 और 2020 में कई बार इस पद पर काम किया है। 12 जुलाई, 1964 को सिक्किम में जन्मीं जस्टिस मीनाक्षी ने 1990 में गंगटोक में ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट के तौर पर अपने न्यायिक करियर की शुरुआत की थी। अप्रैल, 2015 को उन्हें सिक्किम हाईकोर्ट का स्थायी जज नियुक्त किया गया और वह इस पद पर पहुंचने वाली पहली महिला बनीं।