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शौविक चक्रवर्ती की जमानत मंजूर, अदालत ने कहा - नशीले पदार्थों के लिए धन मुहैया कराने का आरोप लागू नहीं होता
Wed, 09 Dec 2020 02:50 PM IST
Tanuja Yadav
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
Published by: Tanuja Yadav
Updated Wed, 09 Dec 2020 02:50 PM IST
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रिया और शौविक चक्रवर्ती
- फोटो : PTI
मुंबई में एनडीपीएस की एक विशेष अदालत ने अभिनेत्री रिया चक्रवर्ती के भाई शौविक चक्रवर्ती की जमानत मंजूर करते हुए कहा कि नशीले पदार्थों के लिए अवैध रूप से धन मुहैया कराने का आरोप इस मामले में लागू नहीं होता है। यह आदेश दो दिसंबर को पारित किया गया था।
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शौविक को अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत से जुड़े मादक पदार्थ मामले में गिरफ्तार किया गया था। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) ने शौविक को धारा 27-ए समेत स्वापक औषधि और मन: प्रभावी पदार्थ अधिनियम (एनडीपीएस) के कड़े प्रावधानों के तहत इस साल सितंबर में गिरफ्तार किया था।
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विशेष एनडीपीएस अदालत के न्यायाधीश जी बी गुराव ने शौविक की जमानत मंजूर करते हुए कहा था कि एनडीपीएस कानून की धारा 27-ए के आरोप शौविक के मामले में लागू नहीं होते। एनडीपीएस कानून की धारा 27-ए नशीले पदाथों की तस्करी के लिए वित्तीय मदद देने और अपराधियों को पनाह देने से जुड़ी है और इसके तहत 10 से 20 साल के कड़े कारावास की सजा का प्रावधान है।
न्यायाधीश ने कहा कि एनडीपीएस कानून की धारा 37 के तहत उस आरोपी की जमानत पर रिहाई के लिए कड़े प्रावधान बनाए गए हैं, जिसके खिलाफ धारा 19 या धारा 24 या धारा 27-ए के तहत मामला दर्ज किया गया हो।
अदालत ने कहा कि इसके अलावा, अदालत को यह भी देखना होगा कि यह मानने के लिए पर्याप्त आधार हैं कि आरोपी दोषी नहीं है। जैसा पहले कहा गया है कि याचिकाकर्ता (शौविक) के मामले में धारा 27 के घटक मौजूद नहीं हैं। इससे पहले शौविक की जमानत याचिका दो बार खारिज की जा चुकी है।
बाद में, शौविक ने अपनी जमानत याचिका में उच्चतम न्यायालय के एक हालिया फैसले का जिक्र किया, जिसमें शीर्ष न्यायालय ने कहा था कि एनसीबी अधिकारियों के समक्ष दिए गए इकबालिया बयान पर साक्ष्य के तौर पर विचार नहीं किया जा सकता।
एनडीपीएस की विशेष अदालत ने कहा कि न्यायालय का आदेश शौविक के मामले पर लागू होता है। न्यायाधीश ने कहा कि उच्चतम न्यायालय के आदेश और तथ्यों और परिस्थितियों के अनुसार, मुझे लगता है कि हालात में बदलाव हुआ है।