Budget 2025: शिवसेना उद्धव गुट की सांसद को पसंद आया बजट, कहा- यह मध्यम वर्ग की जीत
शिवसेना (यूबीटी) की सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि यह मध्यम वर्ग की जीत है। मुख्य रूप से इसलिए क्योंकि लोकसभा चुनाव में भाजपा 240 सीटों पर सिमट गई थी। पिछले 10 सालों में मध्यम वर्ग की यही मांग थी। आज उनकी बात सुनी गई है और मैं इसका स्वागत करती हूं।
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केंद्रीय बजट को लेकर प्रतिक्रियाओं का दौर जारी है। विपक्ष जहां बजट की आलोचना कर रहा है। वहीं विपक्षी राजनीतिक दल शिवसेना उद्धव गुट की सांसद को बजट पसंद आया है। शिवसेना (यूबीटी) की सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि यह मध्यम वर्ग की जीत है। मुख्य रूप से इसलिए क्योंकि लोकसभा चुनाव में भाजपा 240 सीटों पर सिमट गई थी। पिछले 10 सालों में मध्यम वर्ग की यही मांग थी। आज उनकी बात सुनी गई है और मैं इसका स्वागत करती हूं। 12 लाख रुपये तक की आय पर कोई आयकर नहीं लगेगा। दूसरी बात यह कि बिहार सोच रहा होगा कि क्या हर साल चुनाव हो सकते हैं।
कितने रुपये तक की कर योग्य आय पर अब नहीं देना होगा टैक्स?
वित्त मंत्री ने कहा कि 12 लाख रुपये तक की आमदनी पर अब कोई आयकर नहीं लगेगा। इसमें जब स्टैंडर्ड डिडक्शन भी जोड़ देंगे तो वेतनभोगी लोगों के लिए 12.75 लाख रुपये की करयोग्य आय पर कोई टैक्स नहीं लगेगा। वित्त मंत्री ने कहा है कि इस फैसले से मध्यम वर्ग पर करों को काफी हद तक कम करने में मदद मिलेगी। उनके पास अधिक पैसा छोड़ने, घरेलू खपत, बचत और निवेश बढ़ाने का मौका होगा।
अगले सप्ताह संसद में नया आयकर विधेयक पेश करेगी सरकार
सरकार ‘पहले विश्वास करो, बाद में जांच करो’ की अवधारणा को आगे बढ़ाने के लिए अगले सप्ताह संसद में नया आयकर विधेयक पेश करेगी। उम्मीद है कि इस विधेयक से वर्तमान आयकर (आई-टी) कानून सरल हो जाएगा तथा इसे समझना आसान हो जाएगा। आयकर अधिनियम, 1961 की व्यापक समीक्षा के लिए सीतारमण द्वारा बजट घोषणा के अनुसरण में केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने समीक्षा की देखरेख करने और अधिनियम को संक्षिप्त, स्पष्ट व समझने में आसान बनाने के लिए एक आंतरिक समिति का गठन किया था। इससे विवाद, मुकदमेबाजी कम होगी और करदाताओं को अधिक कर निश्चितता मिलेगी। इसके अलावा, आयकर अधिनियम के विभिन्न पहलुओं की समीक्षा के लिए 22 विशेष उप-समितियां स्थापित की गई हैं।