{"_id":"5e5d7c2d8ebc3ec748303418","slug":"more-than-two-thousand-prisoners-in-jails-of-maharashtra-are-suffering-with-skin-disease","type":"story","status":"publish","title_hn":"महाराष्ट्र : त्वचा रोग से पीड़ित हैं राज्य की जेलों में बंद दो हजार से ज्यादा कैदी","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
महाराष्ट्र : त्वचा रोग से पीड़ित हैं राज्य की जेलों में बंद दो हजार से ज्यादा कैदी
Tue, 03 Mar 2020 03:05 AM IST
गौरव पाण्डेय
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, मुंबई
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, मुंबई
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Tue, 03 Mar 2020 03:05 AM IST
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
महाराष्ट्र की जेलों में बंद दो हजार से अधिक कैदी त्वचा रोग से पीड़ित हैं। राज्य के गृहमंत्री अनिल देशमुख ने सोमवार को विधानसभा में यह जानकारी दी। उन्होंने प्रश्नोत्तर काल में इस संबंध में पूछे गए सवालों के जवाब में स्वीकार किया कि राज्य की सेंट्रल और जिला कारागृह में कैदियों को सोने की पर्याप्त जगह उपलब्ध नहीं है।
विज्ञापन
गृहमंत्री ने कहा कि जेलों में जगह की कमी के चलते कैदी एक दूसरे से संपर्क में आते हैं। इसके चलते 2193 कैदियों को त्वचा रोग हो गया है। उन्होंने कहा कि पुणे की येरवडा सेंट्रल जेल की क्षमता 2449 कैदियों की है, लेकिन वहां 5800 कैदी बंद हैं।
विज्ञापन
देशमुख ने कहा कि पुणे की येरवडा जेल में कैदियों की भारी भीड़ कम करने के लिए आठ और बैरक बनाई जा रही हैं। इनमें से तीन बैरक बनाई जा चुकी हैं, जबकि पांच को बनाने का काम जारी है। येरवडा जेल के पास 320 एकड़ जगह है, इसलिए यहां जगह की कोई समस्या नहीं है। लेकिन अन्य जेलों में भी क्षमता से अधिक कैदी हैं।
विज्ञापन