11:40 AM, 26-Jul-2020
अलग परिस्थितियों में होगा इस बार 15 अगस्त
इस बार 15 अगस्त भी अलग परिस्थितियों में होगा। कोरोना महामारी की आपदा के बीच होगा। हमारा देश आज जिस ऊंचाई पर है, वो कई ऐसी महान विभूतियों की तपस्या की वजह से है, जिन्होंने राष्ट्र निर्माण के लिए अपना जीवन समर्पित कर दिया, उन्हीं महान विभूतियों में से एक हैं ‘लोकमान्य तिलक’। अगली बार जब हम मिलेंगें तो, फिर ढ़ेर सारी बातें करेंगे, मिलकर कुछ नया सीखेंगे और सबके साथ साझा करेंगें।
11:38 AM, 26-Jul-2020
130 करोड़ भारतीयों की ओर से चंद्रिका प्रसाद को शुभकामनाएं
मेरे प्यारे देशवासियो सात समुद्र पार भारत से हजारों मील दूर एक छोटा सा देश है जिसका नाम है ‘सूरीनाम’। हाल ही में श्री चंद्रिका प्रसाद संतोखी, ‘सूरीनाम’ के नए राष्ट्रपति बने हैं, उन्होंने 2018 में आयोजित पीआईओ, पार्लियामेंट्री कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लिया थाI संतोखी जी ने शपथ की शुरुआत वेद मंत्रों के साथ की। अपने हाथ में वेद लेकर वे बोले- मैं चंद्रिका प्रसाद संतोखी और आगे मंत्रोच्चारण किया, 'ॐ अग्ने व्रतपते व्रतं चरिष्यामि तच्छकेयं तन्मे राध्यताम्। इदमहमनृतात् सत्यमुपैमि।' मैं श्री चंद्रिका प्रसाद संतोखी को बधाई देता हूं और अपने राष्ट्र की सेवा करने के लिए 130 करोड़ भारतीयों की ओर से उन्हें शुभकामनाएं देता हूं।
11:36 AM, 26-Jul-2020
देश का एक बड़ा हिस्सा बाढ़ से जूझ रहा है
इस समय बारिश का मौसम भी है। पिछली बार भी मैंने आप से कहा था कि बरसात में गंदगी और उनसे होने वाली बीमारी का खतरा बढ़ जाता है, अस्पतालों में भीड़ भी बढ़ जाती है। इसलिए सभी साफ-सफाई पर बहुत ज्यादा ध्यान दें। इस समय देश का एक बड़ा हिस्सा बाढ़ से जूझ रहा है। बिहार, असम जैसे राज्यों के कई क्षेत्रों में तो बाढ़ ने काफी मुश्किलें पैदा की हुई हैं, ऐसे में हर तरह से, राहत और बचाव के काम किए जा रहे हैं।
11:32 AM, 26-Jul-2020
कई युवाओं की सफलता करती है प्रेरित
साथियों ऐसे और कई युवा दोस्त हैं कठिन परिस्थितियों में भी जिनके हौसलें और सफलता की कहानियां हमें प्रेरित करती हैं।
11:26 AM, 26-Jul-2020
हमारा देश बदल रहा है
साथियों विशेषकर मेरे युवा साथियों, हमारा देश बदल रहा है। कैसे बदल रहा है? कितनी तेजी से बदल रहा है? कैसे-कैसे क्षेत्रों में बदल रहा है? एक सकारात्मक सोच के साथ अगर निगाह डालें तो हम खुद अचंभित रह जाएंगे। कुछ ऐसा ही हाल ही में आए बोर्ड एग्जाम के रिजल्ट में भी दिखता है। आज ‘मन की बात’ में हम कुछ ऐसे ही प्रतिभाशाली बेटे-बेटियों से बात करते हैं। ऐसी ही हरियाणा, पानीपत की एक प्रतिभाशाली बेटी है कृतिका नांदल।
11:22 AM, 26-Jul-2020
गौरवमयी इतिहास समेटे है भारत का हैंडलूम
साथियों जब हम कुछ नया करने का सोचते हैं, इनोवेटिव सोचते हैं तो ऐसे काम भी संभव हो जाते हैं, जिनकी आम-तौर पर कोई कल्पना नहीं करता, जैसे कि बिहार के कुछ युवाओं को ही लीजिए। कुछ दिन बाद रक्षाबंधन का पावन पर्व आ रहा है। 7 अगस्त को नेशनल हैंडलूम डे है। भारत का हैंडलूम, हमारा हैंडीक्राफ्ट अपने आप में सैकड़ो वर्षों का गौरवमयी इतिहास समेटे हुए है।
11:20 AM, 26-Jul-2020
भारत को आत्मनिर्भर बनाने के लिए कर रहे हैं हटकर काम
छोटे-छोटे स्थानीय उत्पादों से कैसे बड़ी सफलता मिलती है, इसका एक उदहारण झारखंड से भी मिलता है। मैं देश के दो इलाकों के बारे में भी बात करना चाहता हूं, दोनों एक-दूसरे से सैकड़ों किलोमीटर दूर हैं और अपने-अपने तरीके से भारत को आत्मनिर्भर बनाने के लिए कुछ हटकर के काम कर रहे हैं। एक है लद्दाख और दूसरा है कच्छ। लद्दाख में एक विशिष्ट फल होता है जिसका नाम चूली या एप्रिकोट यानी खुबानी। दूसरी ओर कच्छ में किसान ड्रैगन फ्रूट्स की खेती के लिए सराहनीय प्रयास कर रहे हैं। आज कई किसान इस कार्य में जुटे हैं। फल की गुणवत्ता और कम जमीन में ज्यादा उत्पाद को लेकर काफी इनोवेशन किए जा रहे हैं।
11:18 AM, 26-Jul-2020
देश के युवा टैलेंट और स्किल के दम पर कर रहे हैं नए प्रयोग
सकारात्मक अप्रोच से हमेशा आपदा को अवसर में विपत्ति को विकास में बदलने में मदद मिलती है। हम कोरोना के समय भी देख रहे हैं कि कैसे देश के युवाओं-महिलाओं ने टैलेंट और स्किल के दम पर कुछ नए प्रयोग शुरू किए हैं। बंबू से आप अगर इनकी क्वालिटी देखेंगे तो भरोसा नहीं होगा कि बांस की बोतलें भी इतनी शानदार हो सकती हैं और फिर ये बोतलें इको-फ्रेंडली भी हैं।
11:16 AM, 26-Jul-2020
कोरोना काल में ग्रामीणों ने दिखाई दिशा
एक तरफ हमें कोरोना के खिलाफ लड़ाई को पूरी सजगता और सतर्कता के साथ लड़ना है तो दूसरी ओर कठोर मेहनत से व्यवसाय, नौकरी, पढ़ाई जो भी कर्तव्य हम निभाते हैं, उसमें गति लानी है, उसको नई ऊंचाई पर ले जाना है। साथियों कोरोना काल में तो हमारे ग्रामीण क्षेत्रों ने पूरे देश को दिशा दिखाई है। गांवो से स्थानीय नागरिकों और ग्राम पंचायतों के अनेक अच्छे प्रयास लगातार सामने आ रहे हैं। कोरोना अभी भी उतना ही घातक है जितना पहले था।
11:15 AM, 26-Jul-2020
किसी भी व्यक्ति को खोना दुखद है
निश्चित रूप से एक भी व्यक्ति को खोना दुखद है, लेकिन भारत अपने लाखों देशवासियों का जीवन बचाने में सफल भी रहा है। कभी-कभी हमें मास्क से तकलीफ होती है और मन करता है कि चेहरे पर से मास्क हटा दें। बातचीत करना शुरू करते हैं। जब मास्क की ज्यादा जरूरत होती है, उसी समय मास्क हटा देते हैं।