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Exit poll result: भाजपा को मिली भारी जीत के क्या होंगे मायने
amarujala.com- Presented by: विक्रान्त सिंह
Updated Fri, 10 Mar 2017 10:46 AM IST
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पांच राज्यों में हुए विधानसभा चुनावों के परिणाम आने से पहले आए ज्यादातर एग्जिट पोल ने उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर में भाजपा की जीत की भविष्यवाणी की है। इन राज्यों में पार्टी की जीत के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने धुआंधर रैलियां और सभाएं की थी, खासकर उत्तर प्रदेश में। अगर इन राज्यों में भाजपा के पक्ष में सकरात्मक परिणाम आए तो न सिर्फ इससे पीएम मोदी की छवि और मजबूत होगी बल्कि आगामी लोकसभा चुनावों में पार्टी के लिए भी यह काफी फायदेमंद साबित होगा।
उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर में भाजपा की जीत से पीएम मोदी को तीन महत्वपूर्ण फायदे होंगे-
1. पीएम मोदी के लोकप्रियता पर मुहर
भाजपा ने ज्यादतर राज्यों में किसी को भी मुख्यमंत्री पद के चेहरे के रुप में आगे करने की जगह पीएम मोदी के चेहरे पर चुनाव लड़ा है। चुनाव प्रचार की कमान भी पीएम मोदी के ही हाथ में थी ऐसे में भाजपा को इन राज्यों में मिला जीत से पीएम मोदी के लोकप्रियता और मोदी लहर मुहर लग जाएगी। इस जीत से पीएम मोदी के उन आलोचकों को भी करारा जवाब मिलेगा जो 2014 लोकसभा चुनाव के बाद मोदी लहर को नकारते रहे हैं।
पीएम मोदी को भले अपनी छवि मजबूत होने से कोई तात्कालिक फायदा न हो लेकिन आगामी लोकसभा चुनाव में जरूर इन परिणामों का असर देखने को मिलेगा।
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उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर में भाजपा की जीत से पीएम मोदी को तीन महत्वपूर्ण फायदे होंगे-
1. पीएम मोदी के लोकप्रियता पर मुहर
भाजपा ने ज्यादतर राज्यों में किसी को भी मुख्यमंत्री पद के चेहरे के रुप में आगे करने की जगह पीएम मोदी के चेहरे पर चुनाव लड़ा है। चुनाव प्रचार की कमान भी पीएम मोदी के ही हाथ में थी ऐसे में भाजपा को इन राज्यों में मिला जीत से पीएम मोदी के लोकप्रियता और मोदी लहर मुहर लग जाएगी। इस जीत से पीएम मोदी के उन आलोचकों को भी करारा जवाब मिलेगा जो 2014 लोकसभा चुनाव के बाद मोदी लहर को नकारते रहे हैं।
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पीएम मोदी को भले अपनी छवि मजबूत होने से कोई तात्कालिक फायदा न हो लेकिन आगामी लोकसभा चुनाव में जरूर इन परिणामों का असर देखने को मिलेगा।
राज्य सभा में बढ़ेगी भाजपा की सीटें
2. राज्य सभा में बढ़ेगी भाजपा की सीटें
इन राज्यों में मिली जीत से आने वाले दिनों में भाजपा की राज्यसभा में सीटों की संख्या में इजाफा होगा। बता दें कि राज्यसभा में भाजपा के पास बहुमत न होने की वजह से पीएम मोदी को बीते दो सालों में कई विधेयकों को वापस लेना पड़ा है।ॉ
राज्यसभा में भाजपा की सीटें बढ़ने से पीएम मोदी अपने सुधार के एजेंडे पर तेजी से आगे बढ़ सकते हैं जिसका उन्होंने लोकसभा चुनावों के दौरान वादा किया था।
3. सोशल इंजीनियरिंग की जीत
भाजपा ने यूपी चुनाव के लिए अपनी रणनीति में बदलाव करते हुए यादव के अलावा अन्य ओबीसी जातियों और गैर जाटव दलित जाटियों को साधने की कोशिश की। केशव प्रसाद मौर्य को यूपी भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बनाना भी इसी रणनीति का हिस्सा थी। इससे पहले भाजपा को सवर्ण जातियों के पार्टियों के रुप में देखा जाता था।
भाजपा को अगर जीत मिलती है तो वह पीएम मोदी की इस नई रणनीति की भी जीत होगी। इस जीत के बाद पीएम मोदी अन्य राज्यों में भी इस तरह की सोशल इंजीनियरिंग का प्रयास करेंगे। साथ ही भाजपा को सवर्ण जातियों से अलग अन्य जातियों में आधार बढ़ेगा, जिसका अर्थ यह होगा कि भाजपा को हराना आने वाले दिनों में नामुमकिन हो जाएगा।
इन राज्यों में मिली जीत से आने वाले दिनों में भाजपा की राज्यसभा में सीटों की संख्या में इजाफा होगा। बता दें कि राज्यसभा में भाजपा के पास बहुमत न होने की वजह से पीएम मोदी को बीते दो सालों में कई विधेयकों को वापस लेना पड़ा है।ॉ
राज्यसभा में भाजपा की सीटें बढ़ने से पीएम मोदी अपने सुधार के एजेंडे पर तेजी से आगे बढ़ सकते हैं जिसका उन्होंने लोकसभा चुनावों के दौरान वादा किया था।
3. सोशल इंजीनियरिंग की जीत
भाजपा ने यूपी चुनाव के लिए अपनी रणनीति में बदलाव करते हुए यादव के अलावा अन्य ओबीसी जातियों और गैर जाटव दलित जाटियों को साधने की कोशिश की। केशव प्रसाद मौर्य को यूपी भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बनाना भी इसी रणनीति का हिस्सा थी। इससे पहले भाजपा को सवर्ण जातियों के पार्टियों के रुप में देखा जाता था।
भाजपा को अगर जीत मिलती है तो वह पीएम मोदी की इस नई रणनीति की भी जीत होगी। इस जीत के बाद पीएम मोदी अन्य राज्यों में भी इस तरह की सोशल इंजीनियरिंग का प्रयास करेंगे। साथ ही भाजपा को सवर्ण जातियों से अलग अन्य जातियों में आधार बढ़ेगा, जिसका अर्थ यह होगा कि भाजपा को हराना आने वाले दिनों में नामुमकिन हो जाएगा।