ECI: 'स्वतंत्र, निष्पक्ष, भय और प्रलोभन मुक्त चुनाव सुनिश्चित करें', सीईसी का अपने पर्यवेक्षकों को निर्देश
ECI: चुनाव आयोग ने कहा कि चुनाव भय और प्रलोभन से मुक्त होने चाहिए। सीईसी ने अधिकारियों को याद दिलाया कि वे एक पर्यवेक्षक के रूप में आयोग का प्रतिनिधित्व करते हैं और उनसे पेशवर आचरण करने और उम्मीदवारों सहित सभी हितधारकों के लिए सुलभ होने की उम्मीद की जाती है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
चुनाव आयोग (ईसीआई) ने सोमवार को अपने पर्यवेक्षकों से जोर-जबरदस्ती और भय से मुक्त चुनाव सुनिश्चित करने को कहा। आयोग ने केंद्रीय और राज्य बलों के विवेकपूर्ण इस्तेमाल पर जोर दिया और कहा कि उनकी तैनाती किसी खास दल को फायदा नहीं पहुंचाएगी।
लोकसभा और कुछ राज्यों में विधानसभा चुनावों के एलान से पहले मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) राजीव कुमार ने अधिकारियों की एक बैठक को संबोधित किया। बैठक में 2,100 से ज्यादा पुलिस अधिकारी और व्यय पर्यवेक्षक मौजूद थे। कुमार ने उन्हें स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराने के लिए निर्देश दिया।
'आयोग का प्रतिनिधित्व करते हैं पर्यवेक्षक'
उन्होंने कहा कि चुनाव भय और प्रलोभन से मुक्त होने चाहिए। सीईसी ने उन्हें याद दिलाया कि वे एक पर्यवेक्षक के रूप में आयोग का प्रतिनिधित्व करते हैं और उनसे पेशवर आचरण करने और उम्मीदवारों सहित सभी हितधारकों के लिए सुलभ होने की उम्मीद की जाती है।
वाहनों में जीपीएस ट्रैकर लगाने का प्रस्ताव
आयोग ने एक बयान में कहा कि पर्यवेक्षकों को अपने काम के प्रति आचरण में सख्त लेकिन लोगों के साथ विनम्र रहने का निर्देश दिया गया। पर्यवेक्षकों को पूरी चुनावी प्रक्रिया के दौरान आवंटित संसदीय निर्वाचन क्षेत्र की सीमाओं के भीतर सीमित रहने के लिए भी कहा गया। इसमें कहा गया है कि उनके वाहनों में जीपीएस ट्रैकर लगाने का प्रस्ताव दिया गया।
शिकायतों को गंभीरता से लेगा आयोग
उनसे कहा गया कि वे अपने फोन और ईमेल पर हमेशा उपलब्ध रहें और उम्मीदवारों, दलों, मतदाताओं और मतदान कर्मियों की कॉल का जवाब दें। इसमें कहा गया है कि इस संबंध में किसी भी शिकायत को आयोग द्वारा गंभीरता से लिया जाएगा। बयान में कहा गया कि चुनाव प्रक्रिया के दौरान पर्यवेक्षकों को अपनी आरामदायक स्थिति (कंफर्ट जोन) से बाहर आने की जरूरत है।
'स्वतंत्र-निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया सुनिश्चित करें'
बैठक के दौरान अधिकारियों, वरिष्ठ उप चुनाव आयुक्त, उप चुनाव आयुक्तों और अन्य लोगों को चुनाव प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। पर्यवेक्षकों को एक स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया सुनिश्चित करने का काम सौंपा गया है। उन्हें चुनाव की घोषणा से पहले चुनावी क्षेत्रों में तैनात किया जाता है और वे राज्यों में चुनाव प्राधिकरण की आंख और कान के रूप में काम करते हैं।