लोकसभा : भाजपा सांसद जायसवाल लाए राहुल गांधी के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का प्रस्ताव
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भाजपा सांसद संजय जायसवाल ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के खिलाफ लोकसभा में विशेषाधिकार हनन का प्रस्ताव पेश किया है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने 11 फरवरी 2021 को विशेषाधिकार का गंभीर उल्लंघन किया और सदन की अवमानना की। जायसवाल ने लेकसभा में कहा, पहली बार हमने एक सांसद को देखा जिसने सभी को उठने और शांत रहने के आदेश दिए। कुछ सांसदों ने यह किया भी। लोकसभा को कार्रवाई करनी चाहिए। यह विशेषाधिकार हनन नोटिस राहुल गांधी जिन्होंने आदेश दिए और उन सांसदों के खिलाफ है जो खड़े हुए। इन्होंनें सदन का अपमान किया है।
इससे पहले जायसवाल ने गुरुवार को बजट पर चर्चा में भाग लेते हुए गुरुवार को कहा था कि इस बजट से स्पष्ट है कि हम आपदा को अवसर के रूप में ले रहे हैं। बजट में आधारभूत संरचनाओं के विकास के लिए बहुत अधिक धन उपलब्ध कराया गया है। इससे लोगों को रोजगार मिलेगा। जायसवाल ने कहा कि बिहार चुनाव में कोरोना वायरस के मुफ्त टीके का वादा किया गया तो लोग कहते थे कि कहां से यह वादा पूरा होगा। उन्होंने कहा कि हम इस वादे को पूरा कर रहे हैं। जायसवाल ने कहा कि बजट में एमएसपी को लेकर प्रावधान किया गया है, इस पर तो किसान आंदोलन खत्म हो जाना चाहिए था।
BJP Lok Sabha MP Sanjay Jaiswal has moved Privilege Motion Notice against Congress MP Rahul Gandhi, citing 'serious breach of privilege and contempt of the House on 11th February 2021'.
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) February 12, 2021
वहीं, लोकसभा में भाजपा के प्रमुख व्हिप राकेश सिंह ने कहा कि कल (गुरुवार) राहुल गांधी ने लोकसभा में असंसदीय आचरण का प्रदर्शन किया था, इससे इस देश के लोकतंत्र के मंदिर की गरिमा को ठेस पहुंचती है। दो मिनट का मौन धारण करने का आदेश देना! यह हैरान करने वाला है और इसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है। यह सदन को कलंकित करने वाली घटना है। सिंह ने कहा, राहुल गांधी को अनुमति लेनी चाहिए थी। उन्हें अनुरोध करना चाहिए था। दुर्भाग्य से कांग्रेस के 'युवराज' ने नियमों और प्रक्रियाओं का पालन करना उचित नहीं समझा। लेकिन यह सदन कांग्रेस पार्टी का कार्यालय नहीं है... मैं उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई किए जाने की मांग करता हूं।