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Telangana: केटीआर का संकेत, 2024 के लोकसभा चुनावों में तीसरे मोर्चे का नेतृत्व करेंगे केसीआर
Sat, 27 Jan 2024 06:51 AM IST
यशोधन शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद
Published by: यशोधन शर्मा
Updated Sat, 27 Jan 2024 06:51 AM IST
सार
एक इंटरव्यू में केटीआर ने कहा, 'अगर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) को रोकना है तो लोगों को केसीआर, ममता या केजरीवाल (दिल्ली के मुख्यमंत्री) जैसे क्षेत्रीय नेताओं का समर्थन करना चाहिए क्योंकि कांग्रेस बीजेपी को नहीं रोक सकती।
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केटी रामाराव
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के लोकसभा चुनाव अकेले लड़ने के बाद से इंडिया गठबंधन में दरार पड़ चुकी है। इसी बीच भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के केटीआर के नाम से मशहूर नेता केटी रामा राव ने तीसरे मोर्चे की संभावना का संकेत दिया है, जिसका नेतृत्व पार्टी प्रमुख और तेलंगाना के पूर्व सीएम के.चंद्रशेखर राव (केसीआर) करेंगे।
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एक इंटरव्यू में केटीआर ने कहा, 'अगर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) को रोकना है तो लोगों को केसीआर, ममता या केजरीवाल (दिल्ली के मुख्यमंत्री) जैसे क्षेत्रीय नेताओं का समर्थन करना चाहिए क्योंकि कांग्रेस बीजेपी को नहीं रोक सकती। एक तरफ राहुल गांधी भारत जोड़ो कर रहे हैं लेकिन दूसरी तरफ भारतीय गठबंधन में मतभेद पैदा हो रहे हैं।
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क्षेत्रीय ताकतों को मजबूत करना है जरूरी
केवल क्षेत्रीय दल और मजबूत क्षेत्रीय नेता ही भाजपा को रोक सकते हैं। इसलिए हमें क्षेत्रीय ताकतों को मजबूत करना चाहिए।' सिर्फ कांग्रेस और राहुल गांधी ही बीजेपी को नहीं हरा सकते। केसीआर को पता था कि कांग्रेस किसी भी पार्टी को कोई सम्मान नहीं देगी, इसीलिए हम गैर-कांग्रेस और गैर-भाजपा गठबंधन की बात कर रहे हैं, साथ ही तीसरा मोर्चा या संघीय मोर्चा बनना चाहिए।' हालांकि, हमें उम्मीद है कि इस पर चर्चा होगी। हमने करीब दो साल पहले इस दिशा में प्रयास किए थे। दुर्भाग्य से यह सफल नहीं हो सका।'
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तेलंगाना पर ध्यान केंद्रित करना है जरूरी
इसके साथ ही हम अभी तेलंगाना पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। अगर हमें लोकसभा चुनाव में तेलंगाना में अच्छी संख्या में सीटें मिलती हैं, तो शायद हम अखिलेश (समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव), ममता, केजरीवाल और अन्य जैसी क्षेत्रीय ताकतों के साथ बातचीत में सफल हो सकते हैं।'
बीआरएस नेता ने आगे कहा कि इंडिया ब्लॉक की बैठक महज 'चाय-बिस्किट' बैठक थी। उन्होंने कहा, 'कांग्रेस के अहंकार को सहन करके कोई भी उसके साथ गठबंधन नहीं कर सकता।हमने पहले भी कहा था कि इंडी एलायंस की बैठक सिर्फ चाय-बिस्किट की बैठक है। ये सच साबित हुआ है। टीएमसी और आप ने यह साबित कर दिया है।' बाकी लोग भी उनके (कांग्रेस) साथ नहीं होंगे।' पार्टी घमंडी है और वे किसी को साथ लेकर चलने में विश्वास नहीं करते।