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22 साल पहले लिए थे 200 रुपये उधार, चुकाने के लिए सात समंदर पार पहुंचा सांसद
Fri, 12 Jul 2019 11:41 AM IST
Sneha Baluni
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, औरंगाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, औरंगाबाद
Published by: Sneha Baluni
Updated Fri, 12 Jul 2019 11:41 AM IST
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रिचर्ड न्यागाका टोंगी-काशीनाथ गवली
- फोटो : Facebook
आप में से बहुत से लोगों ने जिंदगी में कभी न कभी उधार तो लिया ही होगा। जहां बहुत से लोग उधार को चुका देते हैं वहीं बहुत से मुकर जाते हैं या लौटाना भूल जाते हैं। लेकिन क्या आपने कभी किसी को 22 साल पहले लिए कर्ज को लौटाते हुए सुना है। शायद नहीं। मगर केन्या के एक सांसद आजकल इसी कारण सुर्खियां बटोर रहे हैं।
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केन्या की न्यारीबारी चाचे लोकसभा सीट से सांसद रिचर्ड न्यागाका टोंगी 22 साल पहले लिए कर्ज को चुकाने के लिए महाराष्ट्र के औरंगाबाद पहुंचे। उन्होंने काशीनाथ गवली नामक किरानेवाले से 200 रुपये उधार लिए थे। टोंगी ने 1985-89 में मौलना आजाद कॉलेज से प्रबंधन की पढ़ाई की थी। उन्हें गवली रोजाना खाना दिया करते थे।
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जब टोंगी केन्या लौटे तो उनके ऊपर गवली के 200 रुपये उधार थे। गवली उस समय वानखेड़ेनगर में किराने की दुकान चलाते थे। यह वह जगह थी जहां टोंगी रहा करते थे। उन्होंने पत्रकारों से कहा, 'मेरे ऊपर 22 साल पहले का उधार था जिसे मैंने नहीं चुकाया था। उन्होंने मुझे खाना दिया लेकिन मैंने उसके पैसे नहीं दिए। इसलिए जब मेरी शादी हुई तो मैंने भारत वापस आकर पैसे चुकाने की प्रतिज्ञा ली। अब मेरे दिल को चैन मिल गया है।'
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टोंगी अपनी पत्नी मिशेल के साथ औरंगाबाद पहुंचे। उनकी पत्नी ने कहा यह एक भावनात्मक यात्रा थी। केन्या के सांसद ने कहा, 'औरंगाबाद मे एक छात्र के रूप में मैं निम्नतम बिंदु पर था। तब इन लोगों (गवली) ने मेरी मदद की। उस समय मैंने सोचा था कि एक दिन मैं वापस आउंगा और उधार चुकाउंगा। मैं धन्यवाद कहना चाहता हूं। यह मेरे लिए बहुत भावनात्मक है।'
मुस्कुराते हुए टोंगी ने कहा, 'भगवान इस वृद्ध (गवली) और इसके बच्चों पर अपना आशीर्वाद बनाए रखें। यह बहुत अच्छे हैं। वह मुझे खाने के लिए होटल ले जाना चाहते थे लेकिन मैंने घर का खाना खाने की इच्छा जताई।' उन्होंने उस कॉलेज के छात्रों से भी बातचीत की जहां वह पढ़ाई करते थे। औरंगाबाद से रवाना होने से पहले टोंगी ने गवली को अपने देश की यात्रा करने का आमंत्रण दिया है।