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जयललिता की बीमारी बनी रहस्य, तमिलनाडु को मिल सकता है नया सीएम?
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Sat, 08 Oct 2016 02:10 PM IST
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जे जयललिता ने निभाया वादा
- फोटो : PTI
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तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जयललिता की सेहत में सुधार की खबरों के बीच राज्य में अंतरिम मुख्यमंत्री की चर्चा तेज हो गई है। राज्य के मुख्य सचिव और दो मंत्रियों ने राज्यपाल से मुलाकात की है।
राजभवन की ओर से जारी किए गए बयान के मुताबिक वित्तमंत्री ओ. पनीरसेल्वम, पीडब्ल्यूडी मंत्री ई. पलानीस्वामी और मुख्य सचिव पी राममोहन राव ने राज्यपाल विद्यासागर राव से मुलाकात की है। राज्यपाल से मुलाकात के दौरान कावेरी मुद्दे पर केंद्र सरकार की कमेटी के दौरे को लेकर भी बात हुई। दोनों मंत्रियों ने राज्यपाल को सरकार के कामकाज को लेकर जानकारी दी।
इस बीच, भाजपा नेता सुब्रह्मणयम स्वामी ने जयललिता के अस्पताल में भर्ती होने की वजह से प्रदेश में प्रशासनिक अव्यवस्था पैदा होने का आरोप लगाते हुए राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की है। उन्होंने दावा किया कि राज्य का सारा कामकाज एक सेवानिवृत मुख्य सचिव देख रहे हैं।
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उधर, अन्नाद्रमुक की ओर से कहा गया है कि सीएम के स्वास्थ्य में सुधार है और उन्हें जल्द ही अस्पताल से छुट्टी मिल जाएगी। राजभवन की ओर जारी विज्ञप्ति के अनुसार मुख्य सचिव ने राज्यपाल को दिन-प्रतिदिन के प्रशासनिक कामकाज की जानकारी दी।
मुख्यमंत्री जयललिता के भरोसेमंद और प्रदेश के वित्त मंत्री ओ पन्नीरसेल्वम और कैबिनेट मंत्री इदाप्पादी के पलानीस्वामी ने भी राजभवन में राज्यपाल से मुलाकात की। राज्यपाल ने उनसे मुख्यमंत्री के स्वास्थ्य के बारे में जानकारी हासिल की।
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राजभवन की ओर से जारी किए गए बयान के मुताबिक वित्तमंत्री ओ. पनीरसेल्वम, पीडब्ल्यूडी मंत्री ई. पलानीस्वामी और मुख्य सचिव पी राममोहन राव ने राज्यपाल विद्यासागर राव से मुलाकात की है। राज्यपाल से मुलाकात के दौरान कावेरी मुद्दे पर केंद्र सरकार की कमेटी के दौरे को लेकर भी बात हुई। दोनों मंत्रियों ने राज्यपाल को सरकार के कामकाज को लेकर जानकारी दी।
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इस बीच, भाजपा नेता सुब्रह्मणयम स्वामी ने जयललिता के अस्पताल में भर्ती होने की वजह से प्रदेश में प्रशासनिक अव्यवस्था पैदा होने का आरोप लगाते हुए राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की है। उन्होंने दावा किया कि राज्य का सारा कामकाज एक सेवानिवृत मुख्य सचिव देख रहे हैं।
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उधर, अन्नाद्रमुक की ओर से कहा गया है कि सीएम के स्वास्थ्य में सुधार है और उन्हें जल्द ही अस्पताल से छुट्टी मिल जाएगी। राजभवन की ओर जारी विज्ञप्ति के अनुसार मुख्य सचिव ने राज्यपाल को दिन-प्रतिदिन के प्रशासनिक कामकाज की जानकारी दी।
मुख्यमंत्री जयललिता के भरोसेमंद और प्रदेश के वित्त मंत्री ओ पन्नीरसेल्वम और कैबिनेट मंत्री इदाप्पादी के पलानीस्वामी ने भी राजभवन में राज्यपाल से मुलाकात की। राज्यपाल ने उनसे मुख्यमंत्री के स्वास्थ्य के बारे में जानकारी हासिल की।
कौन बनेगा अंतरिम मुख्यमंत्री
खबरों के मुताबिक जब तक जयललिता अस्पताल से बाहर नहीं आती हैं, तब तक सरकार का कामकाज देखने के लिए राज्य में उपमुख्यमंत्री की नियुक्ति की जा सकती है। अन्नाद्रमुक में ऐसे पांच नामों पर विचार मंथन चल रहा है, जिनको अंतरिम मुख्यमंत्री बनाया जा सकता है।
ओ. पनीरसेल्वम
65 साल के पनीरसेल्वम पहले भी दो बार मुख्यमंत्री रह चुके हैं। पनीरसेल्वम की पहचान जयललिता के भक्त के रूप में हैं। उनके जेल जाने पर पनीरसेल्वम अपने आंसू नहीं रोक पाए थे। पनीरसेल्वम का नाम सबसे ऊपर है।
पानरूति रामचंद्रन
78 साल के रामचंद्रन ने 2013 में सक्रिय राजनीति से संन्यास ले लिया था। इन्हें जयललिता का बेहद करीबी माना जाता है। अपोलो अस्पताल में रामचंद्रन को सबसे ज्यादा देखा जा रहा है।
एम. थम्बीदुरई
लोकसभा के उपसभापति का नाम भी चर्चा में है। जयललिता की प्रत्येक चुनावी रैली में मौजूद रहने वाले थम्बीदुरई को राजनीति का लंबा अनुभव है।
इडापड्डी पलानीस्वामी
पेशे से इंजीनियर पलानीस्वामी सरकार के शक्तिशाली मंत्रियों में से एक हैं। 57 साल के पलानीस्वामी ताकतवर गौंडार समुदाय से ताल्लुक रखते हैं।
मा फोई पांडियाराजन
अन्नाद्रमुक के उभरते सितारे पांडियाराजन मैनेजमेंट सलाहकार रह चुके हैं। 57 साल के पांडियाराजन सदन में अंग्रेजी बोलने वाले चुनिंदा विधायकों में से एक हैं।
ओ. पनीरसेल्वम
65 साल के पनीरसेल्वम पहले भी दो बार मुख्यमंत्री रह चुके हैं। पनीरसेल्वम की पहचान जयललिता के भक्त के रूप में हैं। उनके जेल जाने पर पनीरसेल्वम अपने आंसू नहीं रोक पाए थे। पनीरसेल्वम का नाम सबसे ऊपर है।
पानरूति रामचंद्रन
78 साल के रामचंद्रन ने 2013 में सक्रिय राजनीति से संन्यास ले लिया था। इन्हें जयललिता का बेहद करीबी माना जाता है। अपोलो अस्पताल में रामचंद्रन को सबसे ज्यादा देखा जा रहा है।
एम. थम्बीदुरई
लोकसभा के उपसभापति का नाम भी चर्चा में है। जयललिता की प्रत्येक चुनावी रैली में मौजूद रहने वाले थम्बीदुरई को राजनीति का लंबा अनुभव है।
इडापड्डी पलानीस्वामी
पेशे से इंजीनियर पलानीस्वामी सरकार के शक्तिशाली मंत्रियों में से एक हैं। 57 साल के पलानीस्वामी ताकतवर गौंडार समुदाय से ताल्लुक रखते हैं।
मा फोई पांडियाराजन
अन्नाद्रमुक के उभरते सितारे पांडियाराजन मैनेजमेंट सलाहकार रह चुके हैं। 57 साल के पांडियाराजन सदन में अंग्रेजी बोलने वाले चुनिंदा विधायकों में से एक हैं।
सीएम को बुखार और डीहाइड्रेशन की शिकायत
`27 अन्य मंत्रियों ने भी साथ में लिया शपथ
- फोटो : PTI
सीएम को बुखार और डीहाइड्रेशन की शिकायत के बाद 22 सितंबर को अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इसके बाद एक अक्तूबर को राज्यपाल उनका हालचाल जानने के लिए अस्पताल पहुंचे थे, लेकिन यह पहला मौका है जब राज्यपाल ने प्रदेश के दो वरिष्ठ मंत्रियों और मुख्य सचिव के साथ विचार-विमर्श किया है।
विज्ञप्ति के अनुसार मंत्रियों और मुख्य सचिव को राज्यपाल ने मिलने के लिए बुलाया था। बैठक में राज्यपाल ने कावेरी मुद्दे पर तमिलनाडु के किसानों के हितों की रक्षा के लिए केंद्र द्वारा गठित उच्चस्तरीय तकनीकी समिति के दौरे के लिए की गई व्यवस्था और समिति को दी जाने वाली सूचनाओं के बारे में भी जानकारी हासिल की। पलानीस्वामी ने इस मुद्दे पर राज्यपाल को विस्तृत जानकारी दी।
विज्ञप्ति के अनुसार मंत्रियों और मुख्य सचिव को राज्यपाल ने मिलने के लिए बुलाया था। बैठक में राज्यपाल ने कावेरी मुद्दे पर तमिलनाडु के किसानों के हितों की रक्षा के लिए केंद्र द्वारा गठित उच्चस्तरीय तकनीकी समिति के दौरे के लिए की गई व्यवस्था और समिति को दी जाने वाली सूचनाओं के बारे में भी जानकारी हासिल की। पलानीस्वामी ने इस मुद्दे पर राज्यपाल को विस्तृत जानकारी दी।