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Maharashtra: 1200 करोड़ की धोखाधड़ी मामले में फंसी IPS भाग्यश्री नवटके, CBI ने दर्ज किया मुकदमा
Thu, 17 Oct 2024 12:41 PM IST
बशु जैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
Published by: बशु जैन
Updated Thu, 17 Oct 2024 12:41 PM IST
सार
नवटके ने पुणे की भाईचंद हीराचंद्र रईसनी सहकारी ऋण समिति से जुड़े 1200 करोड़ रुपये के कथित धोखाधड़ी मामले की जांच की थी। जांच में उन पर नियमों की अनदेखी करने का आरोप लगा था।
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सीबीआई
- फोटो : पीटीआई
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विस्तार
पुणे की एक सहकारी ऋण समिति के जरिये हुई 1200 करोड़ की धोखाधड़ी के मामले में आईपीएस अधिकारी भाग्यश्री नवटके फंस गईं हैं। सीबीआई ने उनके खिलाफ जालसाजी, आपराधिक साजिश के आरोप में मुकदमा दर्ज किया है। उन पर धोखाधड़ी मामले की जांच में नियमों का दुरुपयोग करने का आरोप है।
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दरअसल 2015 में जलगांव की भाईचंद हीराचंद रईसनी सहकारी ऋण समिति ने लोगों से बेहतर रिटर्न दावा करके करोड़ों रुपये निवेश कराए। जब तय समय पूरा होने पर निवेशकों को रिटर्न नहीं मिला तो लोगों ने धोखाधड़ी की शिकायत की। मामले की जांच हुई तो 1200 करोड़ का घोटाला सामने आया। बताया जाता है कि मामले में महाराष्ट्र में 80 से अधिक मुकदमे दर्ज कराए गए थे।
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इस मामले जांच 2020-22 तक आर्थिक अपराध शाखा की एसआईटी की आईपीएस अधिकारी भाग्यश्री नवटके कर रही थीं। इस दौरान आईपीएस नवटके पर जांच के दौरान नियमों की अनदेखी करने आरोप लगे। मामले में सीआईडी से जांच कराई गई तो सामने आया कि आईपीएस भाग्यश्री ने जांच में नियमों की अनदेखी की और शुरुआती जांच किए बिना तीन-तीन मामले दर्ज कराए। इसे लेकर पुणे पुलिस ने भी आईपीएस के खिलाफ आपराधिक साजिश, झूठे रिकॉर्ड बनाने और जालसाजी के आरोप में मुकदमा दर्ज किया था।
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मामले को अगस्त 2024 में महाराष्ट्र सरकार ने सीबीआई को सौंप दिया। अब मामले की जांच कर रही सीबीआई ने भी आईपीएस अधिकारी के खिलाफ जालसाजी और आपराधिक साजिश रचने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया है। सीबीआई ने पाया कि उन्होंने संबंधित संपत्तियों के मूल्यांकन में खामियां की थी। बताया जा रहा है कि अब सीबीआई उनसे पूछताछ करेगी। उनके बयान भी रिकॉर्ड किए जाएंगे।