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Indian Railways: आम आदमी को जनरल कोच में नहीं करना होगा सफर, रेलवे के इस कदम से सभी को मिलेगी सीट!
Mon, 24 Jun 2024 04:03 PM IST
कीर्तिवर्धन मिश्र
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला
Published by: कीर्तिवर्धन मिश्र
Updated Mon, 24 Jun 2024 04:03 PM IST
सार
रेलवे ने अपने कोच प्रोडक्शन की क्षमता को बढ़ाया हैं। वित्त वर्ष 2014-15 में जहां सालाना 555 एलएचबी कोच बनाने की क्षमता थी, वहीं 2023-24 में यह 7,151 कोच पहुंच गई। चालू वित्त वर्ष में इसे 8,692 कोच तक पहुंचा दिया जाएगा।
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भारतीय रेलवे।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
ट्रेन में बगैर रिजर्वेशन यात्रा करने वाले करोड़ों यात्रियों के लिए एक अच्छी खबर है। अब उन्हें जनरल कोच की भीड़ में धक्का-मुक्की करते हुए हुए सफर नहीं करना पड़ेगा। दरअसल, रेलवे ने ऐसे यात्रियों की सुविधा के लिए ट्रेनों में जनरल कोच बढ़ाने का फैसला लिया है। आने वाले दिनों में सभी मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों में जनरल कोच की संख्या बढ़ाई जाएंगी।
दरअसल, पिछले दिनों सोशल मीडिया पर कई ऐसी पोस्ट और वीडियो सामने आए थे। जिसमें भीषण गर्मी में बड़ी संख्या में यात्री जनरल कोच में सफर कर रहे थे। इससे रेलवे पर सवाल उठ रहे थे। ऐसे में रेलवे ने जनरल कोच में भी सफर करने वाले यात्रियों के सफर को आरामदायक बनाने की मंशा से रेलवे ट्रेनों में जनरल कोच की संख्या बढ़ाने का फैसला लिया है। एक अनुमान के मुताबिक, जनरल कोच में सालाना करीब 18 करोड़ लोग सफर करते हैं।
जानकारी के अनुसार, रेलवे बोर्ड की हालिया मीटिंग में तय हुआ कि जनरल कोच के निर्माण का जो सालाना कोटा में बढ़ोतरी की जाएगी। देश की मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों में 2,500 जनरल कोच लगाए जाएंगे। बोर्ड इस फैसले से देश की सभी मेल-एक्सप्रेस ट्रेनों की क्षमता भी बढ़ जाएगी।
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रेलवे से जुड़े सूत्रों का कहना है कि अभी ट्रेनों में दो जनरल कोच ही लगाए जाते हैं। अब इस संख्या को दोगुना किया जाएगा। जिन एक्सप्रेस या मेल ट्रेन में अभी एक भी कोच नहीं है। उनमे कम से दो कोच लगाए जाएंगे। हर कोच को इस तरह से डिजाइन किया गया है कि इसमें 150 से 200 लोग आराम से बैठ सके।
2025 तक बनकर तैयार होंगे कोच
रेलवे ने अपने कोच प्रोडक्शन की क्षमता को बढ़ाया हैं। वित्त वर्ष 2014-15 में जहां सालाना 555 एलएचबी कोच बनाने की क्षमता थी, वहीं 2023-24 में यह 7,151 कोच पहुंच गई। चालू वित्त वर्ष में इसे 8,692 कोच तक पहुंचा दिया जाएगा। इसमें अमृत भारत और वंदे भारत कोच भी शामिल हैं। जानकारी के अनुसार, रेलवे बोर्ड की बैठक में फैसला हुआ है कि 2,500 ट्रेनों में कोच बढ़ाने का काम इसी वित्त वर्ष मार्च, 2025 तक पूरा हो जाएगा। इसके साथ ही 1,377 स्लीपर कोच भी बनाए जाएंगे।
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दरअसल, पिछले दिनों सोशल मीडिया पर कई ऐसी पोस्ट और वीडियो सामने आए थे। जिसमें भीषण गर्मी में बड़ी संख्या में यात्री जनरल कोच में सफर कर रहे थे। इससे रेलवे पर सवाल उठ रहे थे। ऐसे में रेलवे ने जनरल कोच में भी सफर करने वाले यात्रियों के सफर को आरामदायक बनाने की मंशा से रेलवे ट्रेनों में जनरल कोच की संख्या बढ़ाने का फैसला लिया है। एक अनुमान के मुताबिक, जनरल कोच में सालाना करीब 18 करोड़ लोग सफर करते हैं।
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जानकारी के अनुसार, रेलवे बोर्ड की हालिया मीटिंग में तय हुआ कि जनरल कोच के निर्माण का जो सालाना कोटा में बढ़ोतरी की जाएगी। देश की मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों में 2,500 जनरल कोच लगाए जाएंगे। बोर्ड इस फैसले से देश की सभी मेल-एक्सप्रेस ट्रेनों की क्षमता भी बढ़ जाएगी।
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रेलवे से जुड़े सूत्रों का कहना है कि अभी ट्रेनों में दो जनरल कोच ही लगाए जाते हैं। अब इस संख्या को दोगुना किया जाएगा। जिन एक्सप्रेस या मेल ट्रेन में अभी एक भी कोच नहीं है। उनमे कम से दो कोच लगाए जाएंगे। हर कोच को इस तरह से डिजाइन किया गया है कि इसमें 150 से 200 लोग आराम से बैठ सके।
2025 तक बनकर तैयार होंगे कोच
रेलवे ने अपने कोच प्रोडक्शन की क्षमता को बढ़ाया हैं। वित्त वर्ष 2014-15 में जहां सालाना 555 एलएचबी कोच बनाने की क्षमता थी, वहीं 2023-24 में यह 7,151 कोच पहुंच गई। चालू वित्त वर्ष में इसे 8,692 कोच तक पहुंचा दिया जाएगा। इसमें अमृत भारत और वंदे भारत कोच भी शामिल हैं। जानकारी के अनुसार, रेलवे बोर्ड की बैठक में फैसला हुआ है कि 2,500 ट्रेनों में कोच बढ़ाने का काम इसी वित्त वर्ष मार्च, 2025 तक पूरा हो जाएगा। इसके साथ ही 1,377 स्लीपर कोच भी बनाए जाएंगे।