'इटली के नौसैनिकों को छोड़ने के बदले हुआ सोनिया को बदनाम करने का समझौता'
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अगस्ता वेस्टलैंड घोटाला मामले में भाजपा की तरफ से कांग्रेस को घेरे जाने के बाद अब कांग्रेस ने भाजपा पर निशाना साधना शुरू किया है। संसद में इस मुद्दे पर भारी बहस के बाद दिग्विजय सिंह ने इस मामले के बिचौलिए जेम्स क्रिस्चियन मिशेल के बयान का हवाला देते हुए कहा है कि इटली के प्रधानमंत्री से पीएम मोदी ने समझौता किया था।
उन्होंने कहा कि इटली के प्रधानमंत्री से पीएम मोदी ने कहा था कि अगस्ता वेस्टलैंड घोटाले में सोनिया गांधी का नाम ले आओ, तो हम इटली के उन सभी नौसैनिकों को छोड़ देंगे, जिन्हें गिरफ्तार किया गया है।
वहीं दूसरी ओर, सोनिया गांधी ने भी भाजपा के आरोपों के नकारते हुए कहा है कि जल्द से जल्द बिना भेदभाव के जांच की जाए, सच सामने आ जाएगा। वह बोलीं कि यह सब आरोप आधारहीन हैं, जिनका भाजपा के पास कोई भी सबूत नहीं है।
Inquiry jaldi se jaldi bina bhedbaav ke complete kar do, sachhai saamne aayegi: Sonia Gandhi on #AugustaWestland pic.twitter.com/vE8vEAsJIV
— ANI (@ANI_news) April 27, 2016
क्या कहा था बिचौलिए मिशेल ने
बिचौलिए क्रिस्चियन मिशेल ने कहा था कि पीएम मोदी ने यूनाइटेड नेशन्स की एक मीटिंग के दौरान न्यूयॉर्क में इटली के पीएम से मुलाकात की थी। इस मीटिंग में पीएम मोदी ने इटली के प्रधानमंत्री को ऑफर दिया था कि अगर वह गांधी परिवार के अगस्ता मामले में शामिल होने के सबूत दे दें तो इटली के मछुआरों को छोड़ दिया जाएगा।
मिशेल ने यह बात द हिंदू को दिए इंटरव्यू में भी कही है। हालांकि, मिशेल से इस मीटिंग का सबूत मांगे जाने पर उन्होंने बताया कि यह एक ब्रश-बाय मीटिंग थी। आपको बता दें कि ब्रश-बाय मीटिंग वह मीटिंग होती है, जिसमें दो लोग आप में बिना पहले से निर्धारित किए ही मिलते हैं। यूनाइटेड नेशन्स की मीटिंग में भी मोदी और इटली के प्रधानमंत्री ऐसे ही आपस में मिले थे और काफी देर तक बात की थी।