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Hindi News ›   India News ›   Indian Mountaineer Narendra Kumar And Team Scale Mexico Highest Peak Pico de Orizaba

Mountaineer: बर्फ, ऊंचाई और साहस... भारतीय पर्वतारोही नरेंद्र और उनकी टीम ने फतह की मेक्सिको की सबसे ऊंची चोटी

Fri, 26 Dec 2025 10:13 PM IST
हिमांशु चंदेल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: हिमांशु चंदेल Updated Fri, 26 Dec 2025 10:13 PM IST
सार

Indian Mountaineer Narendra Kumar: भारतीय पर्वतारोही नरेंद्र कुमार के नेतृत्व में टीम ने दिसंबर 2025 में मेक्सिको की सबसे ऊंची चोटी पिको डी ओरिज़ाबा को फतह किया। टीम ने जमापा ग्लेशियर जैसे कठिन मार्ग से चढ़ाई पूरी की। यह उपलब्धि भारतीय पर्वतारोहण के लिए गर्व का विषय है।

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Indian Mountaineer Narendra Kumar And Team Scale Mexico Highest Peak Pico de Orizaba
भारतीय पर्वतारोही नरेंद्र की टीम ने फतह की मेक्सिको की सबसे ऊंची चोटी - फोटो : Instagram- @narendermountaineer.

विस्तार

भारतीय पर्वतारोहण के लिए एक और गौरवपूर्ण क्षण सामने आया है। दिसंबर 2025 में भारतीय पर्वतारोही नरेंद्र कुमार के नेतृत्व में एक टीम ने मेक्सिको की सबसे ऊंची पर्वत चोटी पिको दे ओरिजाबा को सफलतापूर्वक फतह किया। यह उपलब्धि भारत की साहसिक खेल क्षमता को अंतरराष्ट्रीय मंच पर मजबूती से दर्शाती है।
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नरेंद्र कुमार और उनकी टीम ने खतरनाक जमापा ग्लेशियर मार्ग से चढ़ाई पूरी की। यह रास्ता पिएद्रा ग्रांडे रिफ्यूज से शुरू होता है और आम तौर पर इसे पार करने में सात से आठ घंटे लगते हैं। कठिन परिस्थितियों के बावजूद टीम ने संयम, तकनीक और आपसी तालमेल के साथ शिखर तक पहुंच बनाई।
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जमापा ग्लेशियर का कठिन रास्ता
जमापा ग्लेशियर मार्ग को पर्वतारोहियों के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण माना जाता है। इस रास्ते पर फिसलन भरी चट्टानें, बर्फीले ढलान और ताजा बर्फ से ढके हिस्से आते हैं। चढ़ाई के दौरान क्रैम्पॉन और आइस-ऐक्स जैसे तकनीकी उपकरणों का उपयोग करना जरूरी होता है। टीम ने पूरी सावधानी के साथ इन बाधाओं को पार किया।
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सोशल मीडिया से साझा की खुशी
शिखर पर पहुंचने के बाद नरेंद्र कुमार ने सोशल मीडिया पर इस ऐतिहासिक क्षण को साझा किया। उन्होंने लिखा कि कदम-कदम, सांस-सांस… समिट तक का सफर। यह पंक्तियां पर्वतारोहण के दौरान धैर्य, सहनशक्ति और मानसिक मजबूती के महत्व को दर्शाती हैं।


भविष्य की बड़ी तैयारी
इस उपलब्धि के बाद नरेंद्र कुमार ने आगे की योजनाओं के संकेत भी दिए। उन्होंने कहा कि उनका अगला लक्ष्य सर्दियों में माउंट एवरेस्ट बेस कैंप तक चढ़ाई करना है। यह बयान बताता है कि वह और भी कठिन चुनौतियों के लिए खुद को तैयार कर रहे हैं।

क्यों खास है पिको डी ओरिजाबा
5,636 मीटर ऊंची पिको डी ओरिज़ाबा उत्तरी अमेरिका का सबसे ऊंचा ज्वालामुखी है। पतली हवा, कड़ाके की ठंड और बर्फीली जमीन इसे बेहद कठिन बनाती है। पर्वतारोहण की दुनिया में इसे ‘वोल्कैनिक सेवन समिट्स’ की तैयारी के लिए अहम प्रशिक्षण स्थल माना जाता है।

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