भारतीय सेना ने सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहे संदेश को बताया फर्जी
भारतीय सेना ने सोमवार को सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही उन खबरों को फर्जी और दुर्भावनापूर्ण बताया है जिसमें कहा जा रहा है कि अप्रैल के मध्य में आपातकाल की घोषणा हो सकती है। इसके अलावा खबरों में कहा जा रहा है कि नागरिकों प्रशासन की मदद के लिए भारतीय सेना, दिग्गजों, राष्ट्रीय कैडेट कोर और राष्ट्रीय सेवा योजना को तैनात किया जाएगा। सेना ने कहा, 'यह स्पष्ट है कि यह खबरें पूरी तरह से फर्जी हैं।'
Fake & malicious messages are circulating on social media about likely declaration of emergency in mid-April & employment of Indian Army, veterans, National Cadet Corps and National Service Scheme to assist the civil admn. It's clarified that this is absolutely fake: Indian Army pic.twitter.com/CTM1SOpVBy
— ANI (@ANI) March 30, 2020विज्ञापन
सेना की तरफ से यह सफाई ऐसे समय पर आई है जब केंद्र सरकार ने साफतौर पर कहा है कि उसकी 21 दिनों के लॉकडाउन को आगे बढ़ाने की कोई योजना नहीं है। पीआईबी ने ट्वीट करके कहा, 'ऐसी अफवाहें और मीडिया रिपोर्ट्स हैं जिसमें दावा किया जा रहा है कि सरकार 21 दिनों का लॉकडाउन खत्म होने के बाद उसकी समयसीमा बढ़ा देगी। कैबिनेट सचिव ने इन खबरों को खारिज किया है और इन्हें आधारहीन बताया है।'
सेना ने शुरू किया 'ऑपरेशन नमस्ते'
देशभर में कोरोना वायरस से लोगों की मौत के बीच भारतीय सेना कोरोना वायरस के खिलाफ जंग लड़ने को तैयार है। इसके लिए भारतीय सेना ने 'ऑपरेशन नमस्ते' की शुरुआत की है। सेना प्रमुख एमएम नरवणे ने एलान करते हुए कहा कि अतीत के सभी अभियानों को हमारी सेना ने सफलतापूर्वक अंजाम दिया है और ऑपरेशन नमस्ते को भी सफलतापूर्वक अंजाम दिया जाएगा।
सेना ने पृथक केंद्र बनाने की प्रक्रिया शुरू की
वहीं भारतीय सेना ने कोविड-19 से निपटने के लिए अपने सैनिकों के लिए हर स्टेशन पर पृथक केंद्र बनाने के वास्ते अतिरिक्त बुनियादी ढांचे की पहचान करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि सेना अपने चिकित्सा कर्मियों को वायरस से कम प्रभावित इलाकों से उन इलाकों में तैनात करने की योजना बना रही है जो संक्रमण से अधिक प्रभावित हैं।