Indian Air Force: हिंद महासागर में भारतीय वायुसेना की हुंकार, राफेल के बाद सुखोई का शक्ति प्रदर्शन
हिंद महासागर में चीन की बढ़ती दबंगई को भारत करारा जवाब दे रहा है। पहले राफेल ने हिंद महासागर क्षेत्र में अपना प्रदर्शन किया था, वहीं अब वायुसेना के सुखोई-30एमकेआई विमानों के एक बेड़े ने हिंद महासागर क्षेत्र में लगातार 8 घंटे तक उड़ान भरकर एक रणनीतिक मिशन को अंजाम दिया। इससे पहले चार राफेल विमानों ने भी इसी तरह का मिशन किया था।
इस मिशन से अवगत सूत्रों ने बताया कि सुखोई-30एमकेआई विमानों ने बृहस्पतिवार को हिंद महासागर के दक्षिण-पश्चिमी क्षेत्र में उड़ान भरी। इसके जरिए सुखोई विमानों ने लंबी दूरी के मिशन को अंजाम देने की अपनी ऑपरेशनल कौशल और क्षमता का प्रदर्शन किया।
उन्होंने कहा कि राफेल लड़ाकू विमानों ने अपने छह घंटे की उड़ान के दौरान हिंद महासागर के पूर्वी क्षेत्र को कवर किया था। वायुसेना ने शुक्रवार को ट्वीट किया कि हिंद महासागर क्षेत्र में एक और यात्रा। इस बार एक अलग धुरी पर सुखोई-30एमकेआई ने करीब 8 घंटे की उड़ान भरी। हिंद महासागर के दो क्षेत्रों को कवर किया।
वायुसेना ने अपने दोनों मिशन ऐसे वक्त में किए हैं जब चीन हिंद महासागर क्षेत्र में अपनी दखलअंदाजी बढ़ा रहा है। भारतीय नौसेना भी हिंद महासागर में किसी भी परिस्थिति से निपटने के लिए अपनी क्षमता बढ़ा रही है। वायुसेना ने बृहस्पतिवार और पिछले महीने के अंत में किए गए ऑपरेशनों के विवरण का खुलासा नहीं किया है। बृहस्पतिवार के अभियान में कितने विमान शामिल थे, इसकी भी जानकारी सामने नहीं आई है।
भारत, फ्रांस और यूएई देशों नौसेनाओं ने एक साथ किया युद्धाभ्यास
भारत, फ्रांस और यूएई देशों की तीनों नौसेनाओं ने पहली बार 7 से 8 जून तक त्रिपक्षीय समुद्री साझेदारी अभ्यास का सफल समापन किया। यह काफी ऐतिहासिक था। इसकी जानकारी भारतीय नौसेना ने ट्वीट करके दी है।
भारतीय नौसेने ने अपने बयान में बताया कि अभ्यास के पहले संस्करण के दौरान, समुद्र में संचालन का एक विस्तृत स्पेक्ट्रम जैसे कि सतही युद्ध में सामरिक फायरिंग और मिसाइल अभ्यास, क्लोज-क्वार्टर युद्धाभ्यास, फ्रेंच राफेल के साथ उन्नत वायु रक्षा अभ्यास और यूएई डैश 8 एमपीए, हेलीकाप्टर क्रॉस लैंडिंग ऑपरेशन शामिल हैं। भाग लेने वाली इकाइयों द्वारा समुद्र में पुनःपूर्ति के लिए अभ्यास किया गया।