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देश को बुलेट ट्रेन नहीं, तीव्र व सुरक्षित रेलवे सिस्टम की जरूरत: मेट्रो मैन श्रीधरन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Mon, 02 Jul 2018 03:47 AM IST
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देश के मेट्रो मैन से मशहूर इलात्तुवपिल श्रीधरन ने बुलेट ट्रेन को धनाढ्य वर्ग की सवारी बताते हुए कहा कि यह आम आदमी की पहुंच से दूर है। भारत अभी बुलेट ट्रेन से संपन्न उन्नत देशों के मुकाबले 20 साल पीछे है। यहां की जनता को एक आधुनिक, स्वच्छ, सुरक्षित और तीव्र रेल सिस्टम की ज्यादा जरूरत है।
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एक मीडिया हाउस को दिए इंटरव्यू में श्रीधरन ने कहा कि बुलेट ट्रेन की सवारी बहुत महंगी है। देश की कई मेट्रो परियोजनाओं के सलाहकार इंजीनियर ने इस दावे को भी खारिज किया कि भारतीय रेल ने बायो-टॉयलेट, गति और साफ-सफाई में प्रगति की है।
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उन्होंने कहा कि बायो-टॉयलेट के अलावा कोई तकनीकी प्रगति नहीं हुई है। सच तो यह है कि ज्यादातर प्रसिद्ध ट्रेनों की औसत गति कम हुई है। समयबद्धता बदतर हुई है। आधिकारिक रूप से 70 फीसदी ट्रेनें समयबद्ध होने की बात की जाती है, लेकिन वास्तव में 50 फीसदी से ज्यादा ट्रेनें लेट रहती हैं।
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रेल दुर्घटनाओं और मौतों के बारे में श्रीधरन कहते हैं कि दुर्घटनाओं के रिकॉर्ड में सुधार नहीं हुआ है, बल्कि ट्रैक और रेलवे क्रॉसिंग पर ज्यादा लोगों की मौत होने लगी है। हर साल 20 हजार लोगों की मौत रेलवे ट्रैक पर होती है। मैं समझता हूं कि भारतीय रेल उन्नत देशों के मुकाबले 20 साल पीछे है।