आईएमसीटी ने बंगाल सचिव को लिखा पत्र, कहा- राज्य को होना पड़ेगा पारदर्शी
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पश्चिम बंगाल में कोरोना वायरस को लेकर जमीनी स्तर की जानकारी प्राप्त करने के लिए सरकार ने एक अतंर-मंत्रालयी केंद्रीय टीम (आईएमसीटी) को राज्य में भेजा हुआ है। जहां सोमवार को टीम का आखिरी दिन था। आईएमसीटी प्रमुख अपूर्वा चंद्रा ने बंगाल के मुख्य सचिव को पत्र लिखा है। जिसमें उन्होंने कहा, 'राज्य को संक्रमित मरीजों के आंकड़ों में पारदर्शी और सुसंगत होना चाहिए। इसके अलावा वायरस के प्रसार को कम नहीं करना चाहिए।'
IMCT writes to West Bengal Chief Secretary on their final day in the state. “State needs to be transparent & consistent in reporting figures & not play down spread of virus”, writes IMCT leader Apurva Chandra pic.twitter.com/u6mtaWRZtt
— ANI (@ANI) May 4, 2020विज्ञापन
सचिव को लिखे पत्र में केंद्रीय दल की प्रमुख ने कहा, 'पश्चिम बंगाल में कोविड-19 से मरने वालों की दर सबसे अधिक 12.8 प्रतिशत है। पश्चिम बंगाल में कोविड-19 मृत्यु दर अधिक होना जांच में कमी और कमजोर निगरानी को रेखांकित करता है।' चंद्रा ने दिल्ली रवाना होने से पहले राज्य के मुख्य सचिव राजीव सिन्हा को अपने अंतिम अवलोकन से अवगत कराया।
उन्होंने कहा, 'मृत्यु दर ज्यादा होना इस बात का स्पष्ट संकेत हैं कि कम टेस्ट, कमजोर सर्विलांस और ट्रैकिंग की जा रही है। मेडिकल बुलेटिनों और केंद्र सरकार के साथ बातचीत में राज्य द्वारा बताए गए कोविड-19 मामलों की संख्या में विसंगति सामने आई है।' चंद्रा के नेतृत्व में टीम शहर में दो हफ्ते बिताने के बाद राष्ट्रीय राजधानी लौट आई है।