{"_id":"5999c2764f1c1bf5768b4638","slug":"iit-entrance-exam-will-be-held-online-for-next-year","type":"story","status":"publish","title_hn":"अगले साल से ऑनलाइन होंगी IIT की प्रवेश परीक्षा ","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
अगले साल से ऑनलाइन होंगी IIT की प्रवेश परीक्षा
amarujala.com- presented by: अरविंद कुमार
Updated Sun, 20 Aug 2017 11:04 PM IST
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IIT
आईआईटी में प्रवेश लेने के लिए होने वाली प्रवेश परीक्षा को ऑनलाइन करने का फैसला लिया गया है। मद्रास आईआईटी में हुई मीटिंग में संयुक्त एडमिशन बोर्ड ने ये फैसला लिया है। देश के प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग कॉलेजों समेत सभी आईआईटी में प्रवेश लेने के लिए अगले साल 2018 से छात्रों को ऑनलाइन टेस्ट देना होगा।
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मीटिंग में आईआईटी मद्रास के निदेशक और संयुक्त एडमिशन बोर्ड के चेयरमैन भास्कर राममूर्ति ने बताया ऐपेक्स बॉडी ने तय किया है कि जेईईई एडवांस की प्रवेश परीक्षा को अगले साल से ऑनलाइन आयोजित करवाया जाएगा और इसके बारे में आगे की जानकारी जेएबी द्वारा जल्द ही मुहैया करवा दी जाएगी।
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जानकारी के मुताबिक, मानव संसाधन एवं विकास मंत्रालय से खबर मिली है कि परीक्षा को ऑनलाइन करवाने के पीछे का उद्देश्य पार्दशिता लाना और पेपर को लीक होने से रोकना है और साथ ही परीक्षा के नतीजे आने में भी देरी नहीं होगी।
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क्या है आईआईटी संयुक्त प्रवेश परीक्षा
आईआईटी संयुक्त प्रवेश परीक्षा (IIT JEE) की परीक्षा भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थानों में स्नातक स्तर पर प्रवेश के लिये की जाती है। इसमें गणित, भौतिकी एवं रसायन विज्ञान विषयों के प्रश्नपत्र होते हैं। यह परीक्षा बहुत ही कठिन मानी जाती है एवं इसके लिये तैयारी कराने के लिये पूरे भारत में जगह-जगह 'प्रशिक्षण संस्थान' खुल गये हैं।
अप्रैल 2013 से ही आईआईटी प्रवेश परीक्षा दो हिस्सों में आयोजित की जाने लगी है। एक है मेन और दूसरा एडवांस। आईआईटी के लिए आवेदन करने वाले बच्चे पहले मेन के लिए आवेदन देते हैं और इसमें सफल होने वाले आगे जेईई एडवांस परीक्षा में शामिल होते हैं।
जेईई मुख्य परीक्षा में शामिल होने वाले बच्चों में से केवल शीर्ष 150,000 ही एडवांस परीक्षा में बैठने की पात्रता रखते हैं। यह परीक्षा मुख्य परीक्षा के कुछ सप्ताह बाद होती है। जेईई एडवांस के जरिये आईआईटी में दाखिले के लिए किसी छात्र को अपने कक्षा 12 बोर्ड में भी शीर्ष 20 फीसदी में शामिल होना जरूरी है।
वर्ष 2012 तक कक्षा 12 में 60 फीसदी अंक हासिल करने वाला बच्चा आईआईटी में दाखिले का पात्र होता था। देश में कुल 32 बोर्ड हैं और उनका परीक्षा तथा मूल्यांकन का तरीका भी अलग-अलग है।