{"_id":"59dbe3754f1c1b79548b6878","slug":"how-jem-top-commander-umer-khalid-killed-in-encounter","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"महबूबा के 'बदले की आग' से मारा गया खालिद, कई-कई लड़कियों से थे संबंध","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
महबूबा के 'बदले की आग' से मारा गया खालिद, कई-कई लड़कियों से थे संबंध
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Tue, 10 Oct 2017 09:26 AM IST
विज्ञापन
जैश-ए-मोहम्मद का आतंकी उमर खालिद
- फोटो : FILE PHOTO
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
करीब एक साल पहले जिस तरह से हिजबुल मुजाहिदीन का टॉप कमांडर और पोस्टर बॉय रहा बुरहान वानी अपनी एक छोटी सी गलती के कारण अपनी जान गंवानी पड़ी ठीक वही गलती सोमवार को सेना के हाथों मारा गया जैश-ए-मोहम्मद का चीफ ऑपरेशनल कमांडर उमर खालिद भी कर बैठा।
विज्ञापन
सूत्रों के मुताबिक जिस तरह से बुरहान वानी की नाराज गर्लफ्रेंड ने उसकी जानकारी सुरक्षा बलों को दी थी ठीक उसी तरह खालिद की गर्लफ्रेंड सूचना के आधार पर सेना ने खालिद को ढेर कर दिया।
विज्ञापन
बताया जाता है कि वह अय्याश प्रवृत्ति का था। उसके एक दो नहीं बल्कि घाटी में कई गर्लफ्रेंड थीं। जिसने वह अक्सर मिलने जाया करता था।
सोमवार को भी वह अपनी एक गर्लफ्रेंड से मिलने आया था। सूत्रों का कहना है कि उसी वक्त किसी एक गर्लफ्रेंड ने सुरक्षा बलों को उसकी सूचना दे दी। सुराग लगते ही सुरक्षा बलों ने उसे घेर लिया और घंटों चली मुठभेड़ में उसे मार गिराया।
विज्ञापन
बताया जा रहा है कि उसकी कई गर्लफ्रेंड होने की वजह से सूचना देने वाली लड़की खालिद से खफा थी। जब खालिद ने अपनी बाकी गर्लफ्रेंड्स को छोड़ने से इनकार कर दिया तो यह इससे नाराज हो गई और इसकी जानकारी सुरक्षा बलों को दे दी।
छह वर्षों से था घाटी में सक्रिय
जैश-ए-मोहम्मद का आतंकी उमर खालिद
- फोटो : FILE PHOTO
पुलिस महानिदेशक डॉ. एसपी वैद ने बताया कि खालिद पिछले 5-6 वर्षों से घाटी में सक्रिय था। घाटी में जैश की जड़ें मजबूत करने के लिए वह अहम भूमिका निभा रहा था।
वैद के अनुसार खालिद घुसपैठ करने वाले नए आतंकियों को उत्तरी कश्मीर से दक्षिणी कश्मीर तक पहुंचाने में पूरा सहयोग दिया करता था। घाटी में जैश के द्वारा अंजाम दिए गए सभी हमलों के पीछे वह मास्टरमाइंड था।
वैद के अनुसार खालिद घुसपैठ करने वाले नए आतंकियों को उत्तरी कश्मीर से दक्षिणी कश्मीर तक पहुंचाने में पूरा सहयोग दिया करता था। घाटी में जैश के द्वारा अंजाम दिए गए सभी हमलों के पीछे वह मास्टरमाइंड था।
कई फिदायीन हमलों को दे चुका था अंजाम
जैश-ए-मोहम्मद का आतंकी उमर खालिद
- फोटो : FILE PHOTO
पुलिस के अनुसार खालिद केवल पिस्टल और ग्रेनेड लेकर घूमता था। उसका बड़ा हथियार हमेशा डंप रहता था। वह कई फिदायीन हमलों को भी अंजाम दे चुका था। साथ ही कुपवाड़ा, सोपोर, बारामुला, हंदवाड़ा आदि में कई आतंकी गतिविधियों को अंजाम दे चुका था।
डीजीपी के अनुसार वह उत्तरी कश्मीर में कई सैन्य ठिकानों पर हमले कर चुका है। वह पुलिसकर्मियों पर हमले में भी शामिल रहा है। पिछले दो से तीन वर्षों से ऑपरेशनल कमांडर की जिम्मेदारी संभाल रहा था। इसके साथ ही आतंकी संगठन के लिए युवाओं की भर्ती भी कर रहा था। हाल ही में वह हंदवाड़ा में एक एसपीओ और उसके सात वर्षीय पुत्र पर हमले में भी शामिल था।
डीजीपी के अनुसार वह उत्तरी कश्मीर में कई सैन्य ठिकानों पर हमले कर चुका है। वह पुलिसकर्मियों पर हमले में भी शामिल रहा है। पिछले दो से तीन वर्षों से ऑपरेशनल कमांडर की जिम्मेदारी संभाल रहा था। इसके साथ ही आतंकी संगठन के लिए युवाओं की भर्ती भी कर रहा था। हाल ही में वह हंदवाड़ा में एक एसपीओ और उसके सात वर्षीय पुत्र पर हमले में भी शामिल था।