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गृह मंत्रालय नहीं लेगा गूगल की स्ट्रीट व्यू सेवा
ब्यूरो/ अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Fri, 10 Jun 2016 12:34 AM IST
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- फोटो : फाइल फोटो
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गृह मंत्रालय ने एक साल के मंथन के बाद गूगल की महत्वाकांक्षी स्ट्रीट व्यू सेवा की अर्जी नामंजूर कर दी है। गूगल की यह सेवा किसी भी शहर के क्षेत्र का रियल टाईम 360 डिग्री पेनोरेमिक तस्वीर उपलब्ध करा सकती है। यह तस्वीर ऐसी होती है जैसे आप खुली आंखों से उस जगह को देख रहे हों। गृह मंत्रालय के मुताबिक सुरक्षा के लिहाज से इस सेवा को हरी झंडी नहीं दी जा सकी है। रक्षा मंत्रालय और खुफिया और सुरक्षा एजेंसियों ने इस प्रस्ताव पर कड़ी आपत्ति जताई थी।
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दूसरी तरफ, गूगल की दलील है कि यह सेवा पर्यटन और आपदा प्रबंधन में काफी कारगर साबित हो सकता है। अप्रैल 2015 में गूगल ने गृह मंत्रालय को इसी आधार पर प्रेजेंटेशन दिया था। जुलाई में गूगल ने सरकार को औपचारिक अर्जी देते हुए कहा कि उसे हाई रिजोल्यूशन कैमरे से खास जगहों की फोटो ले कर उसे स्ट्रीट सेवा पर अपलोड करने की अनुमति दी जाए। फिर सितंबर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कैलिफोर्निया स्थित गूगल मुख्यालय के दौरा किया। दौरे के बाद इस मामले में सकारात्मक घोषणा की उम्मीद की जा रही थी।
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2011 में गूगल ने पर्यटन मंत्रालय के साथ बनाया था पायलट प्रोजेक्ट
गूगल ने 2011 में पर्यटन मंत्रालय के साथ मिलकर पायलेट प्रोजेक्ट बनाया था जिसमें कुतुब मीनार, ताज महल, मैसूर महल, बनारस गंगा घाट और नालंदा विश्वविद्यालय जैसे ऐतिहासिक स्थलों की तस्वीरें स्ट्रीट व्यू पर लगाई थी। अमेरिका में 2007 में स्ट्रीट व्यू सेवा लागू होने के बाद इसका प्रसार अन्य देशों में होने लगा। हालांकि जर्मनी, ग्रीस, पोलैंड, स्विटजरलैंड और ब्रिटेन जैसे यूरोपीय देशों में भी इस सेवा पर सवाल खड़े हुए हैं।
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