फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Haryana Elections 2019: Garhi Sampla-Kiloi Vidhan Sabha seat is prestigious for bjp and congress

हरियाणा चुनाव में 'गढ़ी-सांपला' सीट पर होगा महादंगल, भाजपा ने हुड्डा के लिए बनाया खास चक्रव्यूह

Wed, 02 Oct 2019 06:02 PM IST
Harendra Chaudhary जितेंद्र भारद्वाज, अमर उजाला
जितेंद्र भारद्वाज, अमर उजाला Published by: Harendra Chaudhary Updated Wed, 02 Oct 2019 06:02 PM IST
विज्ञापन
Haryana Elections 2019: Garhi Sampla-Kiloi Vidhan Sabha seat is prestigious for bjp and congress
भूपेंद्र सिंह हुड्डा - फोटो : AmarUjala

हरियाणा विधानसभा चुनाव में 'गढ़ी-सांपला-किलोई' सीट, जिसे प्रदेश का हाई प्रोफाइल विधानसभा क्षेत्र कहा जा रहा है, वहां पर होने वाले चुनानी दंगल को दुनिया देखेगी। भले ही कांग्रेस पार्टी ने अभी तक विधानसभा उम्मीदवारों की सूची जारी नहीं की है, लेकिन पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा ने अपनी परंपरागत सीट यानी किलोई से ही चुनावी रण में उतरने की अप्रत्यक्ष घोषणा कर दी है। उन्होंने आधिकारिक तौर पर पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा है कि वे तीन अक्तूबर सुबह दस बजे सांपला में पहुंचे।

विज्ञापन


उनके बेटे और पूर्व लोकसभा सांसद दीपेंद्र हुड्डा कार्यकर्ताओं को एसएमएस भेजकर सांपला पहुंचने की अपील कर रहे हैं। उन्होंने अपने संदेश में लिखा है कि उस दिन पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा अपना नामांकन दाखिल करेंगे।

विज्ञापन

भाजपा ने सतीश नादंल को दिया टिकट

मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर इस बार पहले ही कह चुके हैं कि 'गढ़ी-सांपला-किलोई' और एलनाबाद सीट के नतीजे दुनिया देखेगी। इन दोनों सीटों के परिणाम चौंकाने वाले होंगे। किलोई से पूर्व सीएम भूपेंद्र सिह हुड्डा चुनाव लड़ रहे हैं, तो वहीं एलनाबाद सीट से इनेलो नेता अभय चौटाला चुनाव मैदान में उतरेंगे। ये दोनों सीटें किसी भी तरह से विपक्ष के खाते में न जाएं, इसके लिए भाजपा ने खास 'चक्रव्यूह' तैयार किया है। भाजपा ने 'गढ़ी-सांपला-किलोई' सीट पर सतीश नादंल को टिकट दिया है।

विज्ञापन
विज्ञापन


वे हाल ही में इनेलो छोड़कर भाजपा में शामिल हुए थे। सतीश नांदल ने इनेलो के चुनाव चिह्न पर वर्ष 2009 में हुड्डा के सामने गढ़ी-सांपला-किलोई से चुनाव लड़ा था, हालांकि वे दूसरे स्थान पर रहे थे। उन्हें 17749 वोट मिले थे।

2009 और 2014 में हुड्डा के खिलाफ लड़ चुके हैं चुनाव

इसके बाद नांदल 2014 में दोबारा हुड्डा के खिलाफ मैदान में उतरे थे, लेकिन इस बार भी उन्हें सफलता नहीं मिल पाई। सतीश नांदल के खाते में 33485 वोट आए थे। खास बात यह है कि इस बार सतीश नांदल भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ रहे हैं। उन्हें गैर-जाट वोट मिलने की पूरी उम्मीद है। चूंकि वे खुद भी जाट हैं, इसलिए इस समुदाय का समर्थन भी उन्हें मिलना तय माना जा रहा है।

किलोई में भाजपा का खास सर्वे

भाजपा दो माह से किलोई हल्के में एक विशेष सर्वे कर रही है। इसमें हर वोटर की जानकारी शामिल है। किस बिरादगी के कितने वोट किस ओर जा सकते हैं, इन सब बातों का गणित लगा लिया गया है। भाजपा के रणनीतिकार इसे हुड्डा के खिलाफ चक्रव्यूह के तौर पर देख रहे हैं। सभी तरह के राजनीतिक गुणा भाग के बाद ही मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने यह बयान दिया था कि किलोई सीट का परिणाम दुनिया देखेगी।

विधानसभा में सोशल इंजीनियरिंग का फॉर्मूला

जाट वोटों के एक तय प्रतिशत के अलावा, ब्राह्मण, वैश्य, एससी और पिछड़े वोटों को भाजपा अपने पाले में मानकर चल रही है। सोशल इंजीनियरिंग का जो फार्मूला लोकसभा चुनाव में तैयार किया गया था, उसका इस्तेमाल विधानसभा चुनाव में भी होगा। पिछली बार हुड्डा ने सीएम रहते हुए चुनाव लड़ा था। इससे पहले के चुनाव के दौरान भी वे सीएम रहे थे। इस बार वे खुद और उनका बेटा दीपेंद्र, दोनों लोकसभा चुनाव हार गए हैं।



पिछले दिनों नगर निगम के चुनाव में सतीश नांदल ने अपने बेटे संचित नांदल को चुनाव में उतारा था, जिन्होंने शानदार प्रदर्शन किया था, भले ही वे जीत से दूर रहे। नांदल यह मानकर चल रहे हैं कि गैर जाट वोट अगर उनके पाले में आ गया तो हुड्डा का हारना तय है। उधर, भाजपा ने अपनी सोशल इंजीनियरिंग के जरिए गैर जाट मतदाताओं पर भी अपनी मजबूत पकड़ बना रखी है।

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed