फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Harsh Vardhan says Lockdown, social distancing most effective 'social vaccines' to fight COVID-19

स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन बोले- कोरोना को रोकने के लिए बंद और सामाजिक दूरी सबसे प्रभावी

Sat, 11 Apr 2020 05:58 PM IST
मुकेश कुमार झा पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली Published by: मुकेश कुमार झा Updated Sat, 11 Apr 2020 05:58 PM IST
विज्ञापन
Harsh Vardhan says Lockdown, social distancing most effective 'social vaccines' to fight COVID-19
केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन - फोटो : ANI

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन ने कहा है कि बंद और सामाजिक दूरी कोरोना वायरस संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए वर्तमान में मौजूद सबसे ज्यादा कारगर 'सामाजिक दवा' है लेकिन भारत की जनसंख्या को देखते हुए संक्रमण के मामलों की जांच तेजी से बढ़ाने की जरूरत है।

विज्ञापन


स्वास्थ्य मंत्री ने एक साक्षात्कार में यह बात कही। उन्होंने इस बात पर भी चिंता जताई कि हो सकता है कि भारत में जितने लोगों की जांच की जानी चाहिए उसकी तुलना में कम लोगों की जांच हो रही हो। उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों की जांच पहले की जा रही है जिनमें संक्रमण का खतरा ज्यादा है ।
विज्ञापन


मंत्री ने कहा कि आठ अप्रैल तक भारत में 1,04,764 जाचें हो चुकी हैं और देश में वर्तमान में प्रतिदिन 20 हजार नमूनों की जांच करने की सुविधा है। देश में वेंटिलेटरों की कमी के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि 80 प्रतिशत मामले ऐसे हैं जिनमें संक्रमण कम हैं,15 प्रतिशत मामले गंभीर संक्रमण के हैं, जिनमें ऑक्सीजन की जरूरत है और केवल पांच प्रतिशत मामले नाजुक श्रेणी में आते हैं जिन्हें वेंटिलेटर की जरूरत है।
विज्ञापन
विज्ञापन


स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि संक्रमित लोगों के लिए फिलहाल 17,000 वेंटिलेटर मौजूद हैं और आने वाले हफ्तों में 48,538 वेंटिलेटर खरीदे जाएंगे। उन्होंने कहा कि सब कुछ लोगों पर निर्भर करता है कि वे कितनी कड़ाई से नियमों का पालन करते हैं। उन्होंने आगाह किया कि किसी भी तरह की लापरवाही सारे प्रयासों को निष्फल कर देगी।

हर्षवर्धन में कहा कि कि बंद और सामाजिक दूरी कोरोना वायरस संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए वर्तमान में मौजूद सबसे ज्यादा कारगर 'सामाजिक दवा' है। उन्होंने कहा कि महामारी से पार पाने की लड़ाई में आने वाले कुछ दिन भारत के लिए बेहद नाजुक हैं।


केन्द्रीय मंत्री ने कोविड-19 संक्रमण की जांच बढ़ाने के सरकार के प्रयासों को विस्तार से बताया और कहा कि भारत की जनसंख्या को देखते हुए जांच की बढ़ाए जाने की जरूरत है। फिलहाल 136 सरकारी प्रयोगशालाएं और 59 एनएबीएल संबद्ध (नेशनल एक्रेडेशन बोर्ड फॉर टेस्टिंग एंड कैलिब्रेशन लेबोरेटरीज)निजी प्रयोगशालाएं जांच के काम में लगी हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed