फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Hafiz Saeed mastermind of 26/11 attacks release shows lack of seriousness of pakistan says india

हाफिज की रिहाई पर भारत बोला- पाक फिर बेनकाब, आतंकवाद को दे रहा बढ़ावा

Fri, 24 Nov 2017 04:49 AM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला
टीम डिजिटल/अमर उजाला Updated Fri, 24 Nov 2017 04:49 AM IST
विज्ञापन
Hafiz Saeed mastermind of 26/11 attacks release shows lack of seriousness of pakistan says india

विज्ञापन

भारत ने मुंबई आतंकी हमले के मास्टरमाइंड हाफिज सईद की नजरबंदी से रिहाई पर सख्त एतराज जताया है। भारत ने कहा है कि इससे स्पष्ट हो गया है कि पाकिस्तान आतंकियों को समर्थन देना जारी रखे हुए है और वह प्रतिबंधित आतंकियों को मुख्यधारा में लाने की कोशिश कर रहा है।


पाक की इस नापाक हरकत ने पूरी दुनिया के सामने उसका असली चेहरा उजागर कर दिया है। विदेश मंत्रालय ने बृहस्पतिवार को कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि संयुक्त राष्ट्र और अमेरिका द्वारा आतंकी घोषित किए जा चुके सईद की रिहाई से यह साफ हो गया है कि पाकिस्तान आतंकवाद का जहर फैलाने वाले के खिलाफ कार्रवाई को लेकर कतई गंभीर नहीं है।

विज्ञापन


उसने आतंकियों को पनाह देने और उन्हें सक्रिय समर्थन देने की अपनी नीति में रत्ती भर भी बदलाव नहीं किया है। सईद की रिहाई से यह भी स्पष्ट हो गया है कि पाकिस्तान आतंकियों को मुख्यधारा में शामिल करने की कोशिश कर रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पढ़ें- हाफिज की रिहाई के बाद कसाब के वकील ने खोला मुंह, कहा- 26/11 हमले के पीछे था पाक

मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि सईद की रिहाई से सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि समूचा अंतरराष्ट्रीय समुदाय बेहद खफा हुआ है। उनकी नाराजगी इस बात को लेकर है कि भारत सहित पाकिस्तान के पड़ोसी देशों में आतंकी हमलों के लिए जिम्मेदार सईद अब खुलेआम घूमेगा और अपने नापाक एजेंडे को लागू करेगा।

मालूम हो कि जमात-उद-दावा और लश्कर-ए-ताइबा के प्रमुख सईद पर अमेरिकी सरकार ने एक करोड़ डॉलर (65 करोड़ रुपये) का ईनाम घोषित कर रखा है। 

पाकिस्तान सरकार ने उसे इस साल जनवरी में नजरबंद किया गया था, लेकिन बुधवार को अदालत ने उसे नजरबंदी से रिहा करने का आदेश दिया है। प्रवक्ता ने इस बात से इनकार किया है कि अमेरिका का डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन पाकिस्तान से पैदा होने वाले आतंकवाद के खिलाफ नरम नीति अपना रहा है।

उन्होंने कहा कि इस मामले में भारत और अमेरिका के बीच कोई मतभेद नहीं है। दोनों देश इस वैश्विक बुराई को जड़ से खत्म करने को लेकर प्रतिबद्ध हैं। 


सईद की रिहाई पाकिस्तान सरकार की मिलीभगत का नतीजा है। केंद्र सरकार आगे भी पाकिस्तान पर दबाव बनाएगी और इस मामले में सभी संभव कार्रवाई भी करेगी।
- हंसराज अहीर, गृह राज्यमंत्री

जाधव मामले में नए सिरे से कूटनीतिक जंग

Hafiz Saeed mastermind of 26/11 attacks release shows lack of seriousness of pakistan says india
कुलभूषण जाधव

कुलभूषण जाधव मामले में भारत और पाकिस्तान के बीच नए सिरे से कूटनीतिक जंग शुरू हो गई है। भारत ने शर्त रखी है कि जब जाधव की पत्नी और मां उनसे मिलने पाकिस्तान जाएंगी तो भारतीय दूतावास का एक अधिकारी हमेशा उनके साथ रहेगा। यही नहीं, इस प्रवास के दौरान पाकिस्तानी अधिकारी उनसे कोई पूछताछ नहीं करेंगे और न ही उन्हें प्रताड़ित करेंगे।

इस पर भारत को पाकिस्तान के जवाब का इंतजार है। नौसेना के पूर्व अधिकारी जाधव को पाकिस्तान की सैन्य अदालत ने जासूसी के आरोप में मौत की सजा सुनाई है। इस मामले में अंतरराष्ट्रीय न्यायालय में मात खाने के बाद पाकिस्तान ने जाधव की पत्नी और मां को उनसे मिलने की इजाजत दे दी है।

पाक के गैर नाटो सहयोगी का दर्जा रद्द करे अमेरिका
वाशिंगटन। अमेरिकी रक्षा विशेषज्ञों ने ट्रंप सरकार से पाकिस्तान के गैर नाटो प्रमुख सहयोगी का दर्जा रद्द करने का आग्रह किया है। उनका कहना है कि संयुक्त राष्ट्र द्वारा आतंकी घोषित किए गए सईद की रिहाई के बाद पाकिस्तान यह दावा नहीं कर सकता है कि वह आतंकवाद से लड़ रहा है।

उसकी रिहाई अमेरिका के लिए विचलित करने वाली खबर है क्योंकि मुंबई हमले में उसके भी कई नागरिक मारे गए थे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed