मोरबी पुल हादसा: चश्मदीदों ने बताया घटना का पूरा मंजर, जानिए कैसे टूटा अंग्रेजों के जमाने का झूलता पुल
स्थानीय विधायक और राज्य मंत्री ब्रजेश मेरजा ने कहा कि प्रशासन पूरे मामले की निगरानी कर रहा है। कुछ प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा कि जब पुल टूटा तो उन्होंने महिलाओं और बच्चों को इसकी केबल से लटकते भी देखा।
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गुजरात में रविवार शाम हुए मोरबी पुल हादसे में अब तक 60 लोगों के मरने की खबर है। वहीं, कई लोग इस समय अस्पताल में भर्ती कराए जा चुके हैं। मौके पर लगातार राहत और बचाव कार्य किया जा रहा है। जितने बड़े स्तर पर यह हादसा हुआ है उसे देखते हुए कहा जा सकता है कि मरने वालों की संख्या अभी और बढ़ सकती है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के मोरबी में हुए पुल हादसे में जान गंवाने वालों में प्रत्येक के परिजनों को दो लाख रुपये और घायलों के लिए 50 हजार रुपये के मुआवजे की घोषणा की है। दूसरी ओर, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह भी इस हादसे पर अपनी नजर बनाए हुए हैं। इस बीच इस हादसे के चश्मदीदों ने घटनास्थल का आंखों देखा हाल बताया है। प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा कि जब पुल टूटा तो उन्होंने महिलाओं और बच्चों को इसकी केबल से लटकते भी देखा।
पुल के केबल से लटके देखे गए लोग
जिस वक्त यह हादसा हुआ उस समय गुजरात के ही रहने वाले अमित पटेल और सुकराम वहीं मौजूद थे। उन्होंने पूरी घटना को बयां किया। चश्मदीद अमित पटेल और सुकरम ने कहा कि एक पर्यटक के लिए झूलता हुआ पुल अनुकूल जगह है। पुल पर भारी भीड़ के कारण यह घटना हुई होगी। उन्होंने कहा कि चूंकि ये पुल काफी ज्यादा पुराना है। वहीं, इस बीच दीवाली की छुट्टियां चल रही हैं और आज रविवार भी था ऐसे में लोग बड़ी संख्या में मस्ती करने के लिए पुर पर मौजूद थे। पुराना होने के कारण पुल लोगों का बोझ वहन नहीं कर सका और टूट गया। अमित पटेल और सुकरम ने आगे बताया कि जब यह घटना हुई तो लोग एक-दूसरे पर गिर पड़े। अचानक हुए इस हादसे में कई लोग सीधे नदी में जा गिरे तो वहीं कई पुल के केबल को पकड़कर लटकते भी देखे गए।
दमकल विभाग के अधिकारी ने भी दी जानकारी
दमकल विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि लोगों को नदी से निकालने के लिए नावों का इस्तेमाल किया जा रहा है। अधिकारी ने कहा, ‘‘हम नावों की मदद से बचाव कार्य कर रहे हैं। नदी में करीब 40-50 लोग हैं।’’ एक निजी संचालक ने लगभग छह महीने तक पुल की मरम्मत का काम किया था। पुल को 26 अक्टूबर को गुजराती नववर्ष दिवस पर जनता के लिए फिर से खोला गया था।
हादसे के वक्त पुल पर थे 400 लोग
जानकारी के मुताबिक, मोरबी में मच्छु नदी में एक केबल पुल टूट गया। जिस वक्त ये हादसा हुआ, उस समय करीब चार सौ लोग पुल पर थे। पुल के टूटते ही लोग नदी में गिर गए। घटना में कई लोगों की जान गई है। प्रधानमंत्री मोदी ने घटना को लेकर अधिकारियों को तत्काल राहत-बचाव कार्य शुरू करने के लिए निर्देश दिए हैं।