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Gujarat: भड़काऊ भाषण देने के आरोपी मुफ्ती अजहरी को मिली जमानत, अदालत की अनुमति के बिना देश छोड़ने पर रोक
Wed, 07 Feb 2024 11:31 PM IST
गुलाम अहमद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जूनागढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जूनागढ़
Published by: गुलाम अहमद
Updated Wed, 07 Feb 2024 11:31 PM IST
सार
विवादित भाषण का वीडियो सामने आने के बाद मुफ्ती सलमान अजहरी के खिलाफ गुजरात में केस दर्ज किया गया था। इसके बाद गुजरात एटीएस ने मुफ्ती अजहरी को मुंबई से गिरफ्तार कर लिया था।
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मौलाना मुफ्ती सलमान अजहरी
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
गुजरात के जूनागढ़ जिले की एक अदालत ने बुधवार को इस्लामिक उपदेशक मुफ्ती सलमान अजहरी और दो अन्य को जमानत दे दी। मुफ्ती सलमान अजहरी पर भड़काऊ भाषण देने का आरोप है। विवादित भाषण का वीडियो सामने आने के बाद उनके खिलाफ गुजरात में केस दर्ज किया गया था। इसके बाद गुजरात एटीएस ने मुफ्ती अजहरी को मुंबई से गिरफ्तार कर लिया था।
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अजहरी ने 31 जनवरी को जूनागढ़ में आयोजित धार्मिक कार्यक्रम में भीषण दिया था। बाद में सोशल मीडिया पर उनका वीडियो साझा कर दावा किया गया था कि मौलाना अजहरी ने कथित तौर पर भड़काऊ भाषण दिया है। इस मामले में अजहरी और दो स्थानीय लोगों को आरोपी बनाया गया है। गुजरात पुलिस ने बुधवार शाम चार बजे तीन आरोपियों की एक दिन की रिमांड समाप्त होने के बाद उन्हें अदालत में पेश किया। बचाव पक्ष ने भी जमानत याचिका दायर की थी।
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अजहरी के वकील शकील शेख ने बताया कि दोनों पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने उन्हें 15,000 रुपये के मुचलके पर जमानत दे दी। उन्होंने कहा कि अदालत सशर्त जमानत दी है। मौलाना अजहरी कोर्ट की अनुमति के बिना देश नहीं छोड़ सकते हैं। न ही सबूत नष्ट करेंगे और अदालत को अपना आवासीय पता मुहैया कराएंगे।
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मौलाना अजहरी को गुजरात पुलिस के आतंकवाद निरोधी दस्ते (एटीएस) ने रविवार को मुंबई से गिरफ्तार किया था। कथित तौर पर भड़काऊ भाषण का वीडियो सामने आने के बाद मौलाना अजहरी और धार्मिक कार्यक्रम के दो आयोजकों के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी के संबंध में ट्रांजिट रिमांड पर गुजरात लाया गया था। मंगलवार को जूनागढ़ की अदालत ने तीनों आरोपियों को एक दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया था।
पुलिस पर मौलाना अजहरी को अवैध रूप से गिरफ्तार करने का आरोप
इससे पहले, मौलाना मुफ्ती सलमान अजहरी के वकील ने बताया था कि उनके मुवक्किल को अवैध रूप से हिरासत में लिया गया था। वकील ने कहा कि हमें नोटिस दिया जाना चाहिए था, लेकिन हमें कोई नोटिस नहीं मिला। मौलाना को दो दिन की ट्रांजिट रिमांड पर भेज दिया गया है।
मौलाना अजहरी की गिरफ्तारी पर मुंबई में बड़ी संख्या में उनके समर्थकों ने विरोध प्रदर्शन भी किया था। इस दौरान मौलाना ने घाटकोपर पुलिस स्टेशन के बाहर विरोध प्रदर्शन कर रहे अपने समर्थकों से कानून और व्यवस्था बनाए रखने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा था कि 'जोश में होश नहीं खोना चाहिए। स्थिति जो भी हो, मैं आपके सामने हूं। न तो मैं अपराधी हूं और न ही मुझे अपराध करने के लिए यहां लाया गया है।'