{"_id":"61119b578ebc3e7375759de1","slug":"failure-to-pay-rs-110-fees-kerala-bride-could-not-go-to-saudi","type":"story","status":"publish","title_hn":"केरल: महज 110 रुपये का विवाह पंजीकरण शुल्क न चुकाना पड़ा महंगा, सऊदी नहीं जा पाई दुल्हन","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
केरल: महज 110 रुपये का विवाह पंजीकरण शुल्क न चुकाना पड़ा महंगा, सऊदी नहीं जा पाई दुल्हन
Tue, 10 Aug 2021 02:47 AM IST
Jeet Kumar
एजेंसी, कोच्चि।
एजेंसी, कोच्चि।
Published by: Jeet Kumar
Updated Tue, 10 Aug 2021 02:47 AM IST
सार
दंपती ने शुरू में 11 जून को विवाह अधिकारी को विवाह के प्रयोजन में नोटिस दिया था, लेकिन इसके साथ उन्होंने आवश्यक शुल्क नहीं चुकाया था।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
केरल में विशेष विवाह अधिनियम के तहत विवाह के संबंध में नोटिस के साथ 110 रुपए के अपेक्षित शुल्क का समय पर भुगतान नहीं करने की वजह से एक अंतरधार्मिक जोड़े के विवाह के पंजीकरण में देरी हुई और सऊदी में नर्स का काम करने वाली दुल्हन का सऊदी अरब जाने का कार्यक्रम टल गया।
विज्ञापन
जोड़े को केरल हाईकोर्ट से भी इस मामले में कोई राहत नहीं मिली। हाईकोर्ट ने कहा कि विशेष विवाह अधिनियम के तहत विवाह का पंजीकरण या विधि सम्मत कार्रवाई तब तक नहीं होगी, जब तक कि अपेक्षित शुल्क के साथ विवाह के प्रयोजन में नोटिस नहीं दिया जाए।
विज्ञापन
दंपती की ओर से हाईकोर्ट में पेश वकील आर राजेश ने बताया कि कुछ हप्ते बाद ही दंपती को एहसास हुआ कि केरल विशेष विवाह नियम, 1958 के तहत आवश्यक शुल्क का भुगतान नहीं करने के कारण नोटिस प्रकाशित नहीं किया गया।
विज्ञापन
चूंकि उन्होंने पंजीकरण की तारीख नौ जुलाई को राशि का भुगतान किया, इसलिए अब नोटिस प्रकाशित होने के 30 दिनों के बाद ही विवाह पंजीकरण संभव है, यानी दंपती का विवाह पंजीकरण पांच अगस्त से पहले नहीं किया जा सकता था, जबकि उसी दिन दुल्हन को सऊदी अरब जाना था।
विवाह अधिकारी पांच अगस्त से पहले विवाह पंजीकरण से इनकार कर रहे थे इसलिए दंपती ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।