{"_id":"63c45a29c36491354258fba0","slug":"education-minister-pradhan-said-india-has-to-become-a-manufacturing-economy-for-achieving-make-in-india-goal-2023-01-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"धर्मेंद्र प्रधान ने कहा: 'मेक इन इंडिया' का लक्ष्य हासिल करने के लिए भारत को विनिर्माण अर्थव्यवस्था बनना होगा","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
धर्मेंद्र प्रधान ने कहा: 'मेक इन इंडिया' का लक्ष्य हासिल करने के लिए भारत को विनिर्माण अर्थव्यवस्था बनना होगा
Mon, 16 Jan 2023 01:25 AM IST
वीरेंद्र शर्मा
पीटीआई, कोलकाता
पीटीआई, कोलकाता
Published by: वीरेंद्र शर्मा
Updated Mon, 16 Jan 2023 01:25 AM IST
सार
भारत ने न केवल राजनीतिक और कूटनीतिक मोर्चों पर प्रगति की है, बल्कि 140 देशों को कोविड टीके उपलब्ध कराकर अपनी छाप छोड़ी है।
विज्ञापन
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान।
- फोटो : amar ujala
विस्तार
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने रविवार को कहा कि भारत को मेक इन इंडिया लक्ष्य हासिल करने के लिए विनिर्माण अर्थव्यवस्था बनना होगा। भारत तेजी के साथ इस ओर कदम बढ़ा रहा है।
धर्मेंद्र प्रधान के पास कौशल विकास और उद्यमिता पोर्टफोलियो भी है। उन्होंने कहा, जब तक भारत एक विनिर्माण अर्थव्यवस्था नहीं बन जाता, तब तक दूसरे देशों से सामान खरीदना जारी रखेगा। पूर्वोदय एक्ट ईस्ट पॉलिसी का एक साधन विषय पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधान ने कहा कि रोजगार मुहैया कराकर पूर्वी क्षेत्र में आर्थिक सशक्तिकरण हासिल किया जाना है।
उन्होंने कहा कि भारत ने न केवल राजनीतिक और कूटनीतिक मोर्चों पर प्रगति की है, बल्कि 140 देशों को कोविड टीके उपलब्ध कराकर अपनी छाप छोड़ी है। कोलकाता की भूमिका की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि यह शहर शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, स्वतंत्रता संग्राम और साहित्यिक क्षेत्र में तेजी के साथ बदलाव किया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
धर्मेंद्र प्रधान के पास कौशल विकास और उद्यमिता पोर्टफोलियो भी है। उन्होंने कहा, जब तक भारत एक विनिर्माण अर्थव्यवस्था नहीं बन जाता, तब तक दूसरे देशों से सामान खरीदना जारी रखेगा। पूर्वोदय एक्ट ईस्ट पॉलिसी का एक साधन विषय पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधान ने कहा कि रोजगार मुहैया कराकर पूर्वी क्षेत्र में आर्थिक सशक्तिकरण हासिल किया जाना है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि भारत ने न केवल राजनीतिक और कूटनीतिक मोर्चों पर प्रगति की है, बल्कि 140 देशों को कोविड टीके उपलब्ध कराकर अपनी छाप छोड़ी है। कोलकाता की भूमिका की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि यह शहर शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, स्वतंत्रता संग्राम और साहित्यिक क्षेत्र में तेजी के साथ बदलाव किया था।
विज्ञापन